काशीपुर, उत्तराखण्ड

मुक्त ज्ञानकोश विकिपीडिया से
Jump to navigation Jump to search
यह लेख निर्वाचित लेख बनने के लिए परखने हेतु रखा गया है। अधिक जानकारी के लिए निर्वाचित लेख आवश्यकताएँ देखें।
काशीपुर
—  नगर  —
View of काशीपुर, भारत
समय मंडल: आईएसटी (यूटीसी+५:३०)
देश Flag of India.svg भारत
राज्य उत्तराखण्ड
जनसंख्या
घनत्व
१,२१,६२३ (२०११ के अनुसार )
२२,२७५.२ प्रति वर्ग मीटर
क्षेत्रफल
ऊँचाई (AMSL)
५.४ वर्ग किमी कि.मी²
२१८ मीटर

निर्देशांक: 29°13′N 78°57′E / 29.22°N 78.95°E / 29.22; 78.95

काशीपुर भारत के उत्तराखण्ड राज्य के उधम सिंह नगर जनपद का एक महत्वपूर्ण पौराणिक एवं औद्योगिक शहर है। उधम सिंह नगर जनपद के पश्चिमी भाग में स्थित काशीपुर जनसंख्या के मामले में कुमाऊँ का तीसरा और उत्तराखण्ड का छठा सबसे बड़ा नगर है। भारत की २०११ की जनगणना के अनुसार काशीपुर नगर की जनसंख्या १,२१,६२३, जबकि काशीपुर तहसील की जनसंख्या २,८३,१३६ है। यह नगर भारत की राजधानी, नई दिल्ली से लगभग २४० किलोमीटर, और उत्तराखण्ड की अंतरिम राजधानी, देहरादून से लगभग २०० किलोमीटर की दूरी पर स्थित है।

काशीपुर को पुरातन काल से गोविषाण या उज्जयनी नगरी भी कहा जाता रहा है, और हर्ष के शासनकाल से पहले यह नगर कुणिंद, कुषाण, यादव, और गुप्त समेत कई राजवंशों के अधीन रहा है। इस जगह का नाम काशीपुर, चन्दवंशीय राजा देवी चन्द के एक पदाधिकारी काशीनाथ अधिकारी के नाम पर पड़ा, जिन्होंने इसे १६-१७ वीं शताब्दी में बसाया था। १८ वीं शताब्दी तक यह नगर कुमाऊँ राज्य में रहा, और फिर यह नन्द राम द्वारा स्थापित काशीपुर राज्य की राजधानी बन गया। १८०१ में यह नगर ब्रिटिश शासन के अंतर्गत आया, जिसके बाद इसने १८१४ के आंग्ल-गोरखा युद्ध में कुमाऊँ पर अंग्रेजों के अधिकार में महत्वपूर्ण भूमिका निभाई। काशीपुर को बाद में कुमाऊँ मण्डल के तराई जिले का मुख्यालय बना दिया गया।

ऐतिहासिक रूप से, इस क्षेत्र की अर्थव्यस्था कृषि तथा बहुत छोटे पैमाने पर लघु औद्योगिक गतिविधियों पर आधारित रही है। काशीपुर को कपड़े और धातु के बर्तनों का ऐतिहासिक व्यापार केंद्र भी माना जाता है। भारत की स्वतंत्रता से पूर्व काशीपुर नगर में जापान से मखमल, चीन से रेशम व इंग्लैंड के मैनचेस्टर से सूती कपड़े आते थे, जिनका तिब्बत व पर्वतीय क्षेत्रों में व्यापार होता था। बाद में प्रशासनिक प्रोत्साहन और समर्थन के साथ काशीपुर शहर के आसपास तेजी से औद्योगिक विकास हुआ। वर्तमान में नगर के एस्कॉर्ट्स फार्म क्षेत्र में छोटी और मझोली औद्योगिक इकाइयों के लिए एक एकीकृत औद्योगिक स्थल (इंटीग्रेटेड इंडस्ट्रियल एस्टेट) निर्माणाधीन है।

भौगोलिक रूप से काशीपुर कुमाऊँ के तराई क्षेत्र में स्थित है, जो पश्चिम में जसपुर तक तथा पूर्व में खटीमा तक फैला है। कोशी और रामगंगा नदियों के अपवाह क्षेत्र में स्थित काशीपुर ढेला नदी के तट पर बसा हुआ है। १८७२ में काशीपुर नगरपालिका की स्थापना हुई, और २०११ में इसे उच्चीकृत कर नगर निगम का दर्जा दिया गया। यह नगर अपने वार्षिक चैती मेले के लिए प्रसिद्ध है। महिषासुर मर्दिनी देवी, मोटेश्वर महादेव तथा मां बालासुन्दरी के मन्दिर, उज्जैन किला, द्रोण सागर, गिरिताल, तुमरिया बाँध तथा गुरुद्वारा श्री ननकाना साहिब काशीपुर के प्रसिद्ध पर्यटन स्थल हैं।

नामकरण तथा स्थापना[संपादित करें]

वैदिक काल में काशीपुर नगर का नाम उज्जैनी (उज्जयनी / उज्जयनी नगरी) तथा यहां से बहने वाली ढेला नदी का नाम स्वर्णभद्रा था।[1] हर्ष काल में इसे गोविषाण कहा जाने लगा। गोविषाण शब्द दो शब्दों "गो" (गाय) और "विषाण" (सींग) से बना है, और इसका अर्थ "गाय का सींग" है। प्राचीन समय में गोविषाण को तत्कालीन समय की राजधानी व समृद्ध नगर कहा गया है।[2] वर्तमान काशीपुर नगर की स्थापना काशीनाथ अधिकारी ने की थी, जो चम्पावत के राजा देवी चन्द के अंतर्गत तराई क्षेत्र के लाट (अधिकारी) थे। उनके नाम पर ही इसे काशीपुर कहा जाने लगा।[3][4]

काशीपुर की स्थापना की सही तिथि विवादित है, और कई इतिहासकारों ने इस बिन्दु पर भिन्न-भिन्न विचार व्यक्त किए हैं। बिशप हीबर ने सर्वप्रथम अपनी पुस्तक, ट्रेवल्स इन इंडिया में लिखा कि काशीपुर की स्थापना ५००० साल पहले (लगभग ३१७६ ईसा पूर्व में) काशी नामक देवता ने की थी।[5] सर अलेक्जेंडर कनिंघम ने अपनी पुस्तक, द अन्सिएंट जियोग्राफी ऑफ़ इंडिया में हीबर के विचारों को सिरे से नकारते हुए लिखा "बिशप को अपने मुखबिर से धोखेबाज़ी मिली, क्योंकि यह अच्छी तरह से ज्ञात है कि यह नगर आधुनिक है। इसे चंपावत के राजा देवी-चन्द्र के अनुयायी काशीनाथ द्वारा १७१८ ई में बनाया गया है"।[6] बद्री दत्त पाण्डेय ने अपनी पुस्तक "कुमाऊँ का इतिहास" में कनिंघम के विचारों का विरोध करते हुए दावा किया है कि नगर १६३९ में ही स्थापित हो चुका था।[7]

इतिहास[संपादित करें]

नगर में प्राप्त सिक्कों और अन्य अवशेषों से पता चलता है कि यह क्षेत्र दूसरी शताब्दी के आसपास कुणिंद राजवंश के अधीन था।[8] कान्ति प्रसाद नौटियाल ने अपनी पुस्तक, "आर्केलॉजी ऑफ़ कुमाऊँ" में गोविषाण का उल्लेख करते हुए लिखा है कि "कुमाऊँ क्षेत्र में ढिकुली, जोशीमठ तथा बाड़ाहाट के साथ-साथ गोविषाण भी कुणिंद राज्य के प्रमुख नगरों में से एक रहा होगा।"[9] कुछ वर्ष पश्चात गुप्त राजवंश का शासन स्थापित होने से पहले इस क्षेत्र पर कुषाणों,[9] और यादवों (यौद्धेय) द्वारा आक्रमण का भी उल्लेख है।[10] गुप्त साम्राज्य के पतन के बाद राजा हर्ष (६०६-६४१ ईसवी) ने गोविषाण को अपना सामन्ती राज्य बना लिया।[11] उस समय के कई खंडहर अभी भी शहर के पास विद्यमान हैं। माना जाता है कि काशीपुर कपड़े और धातु के बर्तनों का ऐतिहासिक व्यापार केंद्र था।[12]

प्राचीन नगर गोविषाण के अवशेष

हर्ष काल में चीनी यात्री ह्वेनसांग भी यहाँ आया था।[13] ह्वेनसांग के अनुसार "मादीपुर से ६६ मील की दूरी पर गोविषाण नामक स्थान था जिसकी ऊँची भूमि पर ढाई मील का एक गोलाकार स्थान था। यहां उद्यान, सरोवर एवं मछली कुंड थे। इनके बीच ही दो मठ थे, जिनमें सौ बौद्ध धर्मानुयायी रहते थे। यहाँ ३० से अधिक हिन्दू धर्म के मंदिर थे। नगर के बाहर एक बड़े मठ में २०० फुट ऊँचा अशोक का स्तूप था। इसके अलावा दो छोटे-छोटे स्तूप थे, जिनमें भगवान बुद्ध के नख एवं बाल रखे गए थे। इन मठों में भगवान बुद्ध ने लोगों को धर्म उपदेश दिए थे।"[14] १८६८ में भारत के तत्कालीन पुरातत्व सर्वेक्षक सर अलेक्जेंडर कनिंघम ने इन वस्तुओं की खोज हेतु इस स्थान का दौरा किया किन्तु इन मठों में उन्हें ये वस्तुएँ, खासकर भगवान बुद्ध के नख एवं बाल नहीं मिले। अपनी रिपोर्ट में कनिंघम ने गोविषाण को किसी प्राचीन राज्य की राजधानी बताया, जिसकी सीमाओं का विस्तार वर्तमान उधमसिंहनगर, रामपुर तथा पीलीभीत जनपदों तक था।[15]

काशीपुर में खुदाई में मिली विष्णु त्रिविक्रम की मूर्ती

आठवीं शताब्दी आते आते यह नगर कत्यूरी राजवंश के अधीन आ गया, जिनकी राजधानी कार्तिकेयपुरा में थी।[16] ग्यारहवीं शताब्दी में कत्यूरी राजवंश के विघटन के बाद यह क्षेत्र पहले स्थानीय सरदारों के और फिर दिल्ली सल्तनत के शासनाधीन आ गया। तेरहवीं शताब्दी में कुमाऊँ के शासक गरुड़ ज्ञान चन्द (१३७४-१४१९) ने दिल्ली के सुल्तान से भाभर तथा तराई क्षेत्रों पर अधिकार प्राप्त किया।[17] रुद्र चन्द (१५६८-१५९७) के शासनकाल में काठ तथा गोला के नवाब ने तराई क्षेत्रों पर अधिकार करने का प्रयास किया, परन्तु रुद्र चन्द ने उनके आक्रमण को निष्फल कर दिया। इसके बाद तराई क्षेत्रों को परगना का दर्जा देकर यहां एक अधिकारी की नियुक्ति की गई, और उसके निवास के लिए रुद्र चन्द ने रुद्रपुर नगर की स्थापना करी।[18] रुद्र चन्द के बाद बाज बहादुर चन्द (१६३८-१६७८) ने रुद्रपुर के पश्चिम में बाजपुर नगर की स्थापना कर तराई के मुख्यालय वहां स्थानांतरित करने का एक विफल प्रयास किया। देवी चन्द (१७२०-१७२६) के शासनकाल में तराई के लाट काशीनाथ अधिकारी ने अपने निवास के लिए काशीपुर में महल का निर्माण करवाया, तथा तराई का मुख्यालय रुद्रपुर से यहां स्थानांतरित कर दिया।[19]

काशीपुर में अठारहवीं शताब्दी के उत्तरार्द्ध तक चन्द राजवंश का शासन रहा। १७७७ में काशीपुर के अधिकारी, नंद राम ने स्वयं को स्वतंत्र घोषित कर दिया और काशीपुर राज्य की स्थापना की।[20] इसके २४ वर्ष बाद १८०१ में काशीपुर के तत्कालीन शासक, शिव लाल ने यह राज्य अंग्रेजों को सौंप दिया था, जिसके बाद काशीपुर ब्रिटिश भारत में एक राजस्व मण्डल बन गया।[21] इसी समय में काशीपुर राज्य के राजकवि गुमानी पन्त ने इस नगर की विशेषताओं पर एक कविता भी लिखी थी, जिसमें उन्होंने नगर में बहती ढेला नदी, और मोटेश्वर महादेव मन्दिर का वर्णन किया है।[22] १८१४ में आंग्ल गोरखा युद्ध छिड़ने पर ब्रिटिश सेना ने काशीपुर में पड़ाव डाला था, और कुमाऊँ क्षेत्र के अपने सभी अभियानों के लिए इस नगर का प्रयोग आधार पड़ाव के रूप में किया था। १० जुलाई १८३७ को काशीपुर को मुरादाबाद जनपद में शामिल किया गया और फिर १९४४ में बाजपुर, काशीपुर तथा जसपुर नगरों को काशीपुर नामक एक परगना में पुनर्गठित किया गया।[23] काशीपुर को बाद में संयुक्त प्रान्त आगरा व अवध के तराई जनपद का मुख्यालय बनाया गया।[23]

१८१४ आंग्ल-गोरखा युद्ध के समय काशीपुर में पड़ाव डाले सैनिक।

१८९१ में नैनीताल तहसील को कुमाऊँ जनपद से स्थानांतरित कर तराई के साथ मिला दिया गया, और फिर इसके मुख्यालय को काशीपुर से नैनीताल में लाया गया था। १८९१ में ही कुमाऊँ और तराई जनपदों का नाम उनके मुख्यालयों के नाम पर क्रमशः अल्मोड़ा तथा नैनीताल रख दिया गया, और काशीपुर नैनीताल जनपद में एक तहसील तथा परगना भर रह गया। २० वीं सदी के प्रारम्भ में काशीपुर नगर रेल नेटवर्क से भी जुड़ गया था।[24] रेल निर्माण के बाद नगर के विकास में तेजी आयी, और काशीपुर तथा रामनगर कुमाऊँ के प्रमुख व्यापारिक केंद्र बनकर उभरे।[25] १९४७ में भारत की स्वतंत्रता के बाद काशीपुर और नैनीताल जनपद के अन्य भाग संयुक्त प्रांत का हिस्सा बनें, जिसका नाम बाद में उत्तर प्रदेश राज्य हो गया था।

३० सितंबर १९९५ को नैनीताल जनपद के तराई क्षेत्र की चार तहसीलों (किच्छा, काशीपुर, सितारगंज तथा खटीमा) को मिलाकर उधम सिंह नगर जनपद का गठन किया गया, और इसका मुख्यालय रुद्रपुर को बनाया गया।[26] ९ नवंबर २००० को भारत की संसद द्वारा उत्तर प्रदेश पुनर्गठन अधिनियम, २०००[27] को पारित किया गया, जिसके बाद काशीपुर नवनिर्मित उत्तराखण्ड राज्य का भाग बन गया, जो भारत गणराज्य का २७वां राज्य था।[28] उत्तराखण्ड राज्य के गठन के बाद दीक्षित आयोग की एक रिपोर्ट में नगर को भूगोल तथा जलवायु, जल उपलब्धता, भूमि की उपलब्धता, प्राकृतिक जल निकासी और निवेश इत्यादि मापदंडों के आधार पर राज्य की राजधानी के लिए दूसरा सबसे उपयुक्त स्थान पाया था।[29][30] २७ जनवरी २०१३ को उत्तराखण्ड के तत्कालीन मुख्यमंत्री, विजय बहुगुणा ने रुड़की और रुद्रपुर के साथ-साथ काशीपुर को भी नगर निगम बनाने की घोषणा की,[31] और २८ फरवरी २०१३ को आधिकारिक अधिसूचना जारी होने के बाद काशीपुर नगर पालिका का उच्चीकरण करके इसे नगर निगम का दर्जा दिया गया।[32][33]

भूगोल[संपादित करें]

नई दिल्ली के २४० किमी उत्तर-पूर्व में स्थित काशीपुर उत्तराखण्ड के कुमाऊँ क्षेत्र के दक्षिण पश्चिमी भाग में रामगंगा तथा कोसी(स्थानीय कोशी या कौशिकी नदी) नदियों के अपवाह क्षेत्र के मध्य तराई में स्थित है। नगर के उत्तर में रामनगर का भाभर क्षेत्र पड़ता है, जो इसे शिवालिक पहाड़ियों से अलग करता है, तथा दक्षिण में रुहेलखंड के गांगेय मैदान हैं, जहां दूर तक ऊंची घास के मैदान फैले हैं।[34] ढेला नदी, जो रामगंगा की सहायक नदी है, काशीपुर से होकर बहती है।[35][36] काशीपुर नगर इसी नाम की एक तहसील का मुख्यालय भी है, जिसके पूर्व में बाजपुर तहसील, पश्चिम में जसपुर तहसील, उत्तर में नैनीताल जनपद की रामनगर तहसील, तथा दक्षिण में उत्तर प्रदेश राज्य का मुरादाबाद जिला है।[37]

काशीपुर नगर के ऊपर बादलों का एक दृश्य

काशीपुर नगर का क्षेत्रफल ८.५४६ वर्ग किलोमीटर है।[38] ५ मार्च १८७२ को जब नगर पालिका परिषद काशीपुर की स्थापना हुई थी, तब इसका क्षेत्रफल १.५० वर्ग किलोमीटर था।[39] १९६६ में नगरपालिका की सीमा में विस्तार होने के उपरान्त नगर का क्षेत्रफल २.२५ वर्ग किमी हो गया था, और इसके बाद १३ मार्च १९७६ को नगरपालिका काशीपुर सीमा का विस्तार कर इसका क्षेत्रफल ५.४५६ वर्ग किमी निर्धारित किया गया।[39] ब्रिटिश काल से पहले तराई क्षेत्रों को मानव निवास के लिए अनुपयुक्त माना जाता था क्योंकि निरंतर बरसात यहां कई छिद्रों, तालाबों और दलदलों में जल भर देती थी, जो मच्छरों के लिए उपयुक्त प्रजनन स्थल बनते हुए मलेरिया का कारण बनते थे।[40]

भौगोलिक रूप से काशीपुर कुमाऊँ के तराई क्षेत्र में स्थित है, जो पश्चिम में जसपुर तक तथा पूर्व में रुद्रपुर, किच्छा होते हुए खटीमा तक फैला है।[41] तराई क्षेत्रों की मिट्टियों में चिकनी मिट्टी, छोटे से लेकर मध्यम कणों वाली रेतीली मिट्टी, और कभी-कभार बजरी भी शामिल होती है।[41] हालांकि स्वरूप में रेत पर चिकनी मिट्टी की प्रभुत्व रहता है। ये मिट्टियाँ यहां बहती नदियां अपने साथ भूमि के अंदर से निकालकर लाती हैं, और इस कारण इस क्षेत्र की मिटटी दलदली तथा उपजाऊ है।[41] भारतीय मानक ब्यूरो के अनुसार, यह शहर भूकंपीय क्षेत्र ४ के अंतर्गत आता है।[42][43]

काशीपुर की जलवायु नगर के दक्षिण में स्थित गांगेय मैदानों की तरह ही आर्द्र अर्ध-कटिबन्धीय है; गर्मियों (जून) में औसत दैनिक तापमान ३१.६ डिग्री सेल्सियस (८८.९ डिग्री फारेनहाइट) के आसपास होता है, जबकि सर्दियों (जनवरी) में यह लगभग १४.५ डिग्री सेल्सियस (५८.१ डिग्री फारेनहाइट) तक गिर जाता है।[44] वर्ष भर में औसत तापमान १७.१ डिग्री सेल्सियस तक की भिन्नता प्रदर्शित करता है। सबसे शुष्क और सबसे नम महीनों के बीच वर्षा का अंतर ३६९ मिमी रहता है। ५ मिमी औसत वर्षा के साथ नवंबर सबसे शुष्क माह है, जबकि ३७४ मिमी के औसत के साथ जुलाई में सबसे अधिक वर्षा होती है। नगर में मुख्य रूप से तीन ऋतुएं होती हैं; मार्च से जून तक ग्रीष्म ऋतु, जुलाई से नवंबर तक मानसून; और दिसंबर से फरवरी तक शीत ऋतु[43] कोपेन जलवायु वर्गीकरण के अनुसार इसका कोड "cwa" है।[45]

जनसांख्यिकी[संपादित करें]

२०११ की जनगणना के अनुसार काशीपुर नगर की कुल जनसंख्या १,२१,६२३ है, जिसमें से पुरुषों की संख्या ६३,६२५ तथा महिलाओं की संख्या ५७,९८५ है।[47] २००१ के बाद से इसमें २८,६५६ या ३०% की वृद्धि हुई है।[48][49][50] उत्तराखण्ड राज्य में ४९० लोग प्रति वर्ग मील के मुकाबले काशीपुर में जनसंख्या घनत्व ५७,६९३ लोग प्रति वर्ग मील है। १८८१ में काशीपुर की जनसंख्या लगभग १४,००० थी,[51] जो १९८१ तक ५०,००० को पार कर चुकी थी। इस जनसंख्या वृद्धि का मूल कारण पहाड़ी क्षेत्रों से लोगों का लगातार निचले क्षेत्रों की ओर प्रवास माना जाता है।

० से ६ साल तक की उम्र के बच्चों की संख्या १४,८३५ है, जो नगर की कुल जनसंख्या का १२.२०% है।[52] काशीपुर में लिंगानुपात ९१२ महिआएं प्रति १००० पुरुष है।[52] इसके अतिरिक्त नगर की साक्षरता दर ८२.४५% है, जो की राज्य की साक्षरता दर (७८.८२%) से अधिक है।[52] पुरुषों में साक्षरता दर ८६.८८% जबकि महिलाओं में साक्षरता दर ७७.६३% है।[52] नगर में कुल ६,०९६ झुग्गियां हैं, जिनमें ३३,५५० लोग रहते हैं, और ये नगर की कुल जनसंख्या का २७.५९% हैं।[53]

काशीपुर के धार्मिक आंकड़े (२०११)[53]
धर्म
हिन्दू धर्म
  
62.37%
इस्लाम
  
35.06%
सिख धर्म
  
1.87%
अन्य
  
1.00%

हिन्दू धर्म तथा इस्लाम नगर के मुख्य धर्म हैं। नगर की कुल जनसंख्या में से ६२.३७ प्रतिशत लोग हिन्दू धर्म का जबकि ३५.०६ प्रतिशत लोग इस्लाम का अनुसरण करते हैं। इसके अतिरिक्त नगर में अल्पसंख्या में सिख, ईसाई, बौद्ध तथा जैन धर्मों के अनुयायी भी रहते हैं। काशीपुर में १.८७ प्रतिशत लोग सिख धर्म का, ०.३४ प्रतिशत लोग ईसाई धर्म का, ०.११ प्रतिशत लोग जैन धर्म का तथा ०.०१ प्रतिशत लोग बौद्ध धर्म का अनुसरण करते हैं। इसके अतिरिक्त नगर की कुल जनसंख्या में से ०.२५ प्रतिशत लोग या तो आस्तिक हैं, या किसी भी धर्म से सम्बन्ध नहीं रखते। हिन्दी तथा कुमाऊँनी नगर में बोली जाने वाली मुख्य भाषायें हैं।

काशीपुर तहसील की जनसंख्या २,८३,१३६ है।[54] काशीपुर के अलावा तहसील में ७३ गांव तथा २ अन्य नगर हैं।[55]

प्रशासन तथा राजनीति[संपादित करें]

नगर का प्रशासन काशीपुर नगर निगम के अधीन है।[56] यह काशीपुर नगर पालिका परिषद के उन्नयन द्वारा २०१३ में बनाई गई थी, जिसका गठन १८७२ में हुआ था।[57] काशीपुर नगर पालिका क्षेत्र पहले २० वार्डों में विभाजित था,[58] लेकिन नगर निगम बनने पर २७ अप्रैल २०१८ को नगर में २० नए वार्ड बना दिए गए, जिससे वार्डों की कुल संख्या ४० हो गई।[59]

नगर पालिका परिषद काशीपुर की स्थापना ५ मार्च १८७२ को संयुक्त प्रान्त के शासनादेश संख्या ३३४-ए द्वारा हुई थी। तब यह चतुर्थ श्रेणी की नगरपालिका थी, तथा इसका क्षेत्रफल १.५० वर्ग किलोमीटर था। इसके बाद स्वतंत्र भारत मे २३ मई १९५७ को इसे चतुर्थ से तृतीय श्रेणी, तथा १ दिसंबर १९६६ को तृतीय से द्वितीय श्रेणी की नगरपालिका का दर्जा दिया गया। १३ मार्च १९७६ को नगरपालिका काशीपुर सीमा का विस्तार कर इसका क्षेत्रफल ५.४५६ वर्ग किमी निर्धारित किया गया। अगले ही साल ६ जनवरी १९७७ को नगरपालिका काशीपुर को प्रथम श्रेणी की नगर पालिका का स्तर प्रदान कर दिया गया।[39]

भारत की लोकसभा में इस नगर का प्रतिनिधित्व नैनीताल-उधमसिंह नगर निर्वाचन क्षेत्र से चुने गए प्रतिनिधि द्वारा किया जाता है। सोलहवीं लोक सभा में भाजपा से भगत सिंह कोश्यारी नैनीताल-उधमसिंह नगर से वर्तमान सांसद बने।[60] उन्होंने २०१४ के लोकसभा चुनाव में कांग्रेस के के॰सी॰ सिंह बाबा के विरुद्ध २.८४ लाख मतों से विजय प्राप्त की, जो इस सीट से पिछले सांसद भी थे।[60] कांग्रेस का गढ़ माने जाने वाले नैनीताल-उधम सिंह नगर क्षेत्र में कांग्रेस ने १९५१ से अब तक आठ बार जीत दर्ज की है।[61] इसके अतिरिक्त भाजपा ने दो बार, और अन्य राजनीतिक दलों ने तीन बार यहां पर जीत हासिल की है।[61] उत्तराखण्ड विधानसभा के लिए नगर से एक विधायक काशीपुर विधानसभा क्षेत्र से चुना जाता है। भाजपा के हरभजन सिंह चीमा काशीपुर से वर्तमान विधायक हैं।[62] २००१ में राज्य गठन के बाद लगातार ४ बार वह इस क्षेत्र से विधायक रहे हैं।[63][64][65]

अर्थव्यवस्था[संपादित करें]

काशीपुर के समीप स्थित खेत।
कृषि काशीपुर के आसपास के क्षेत्रों में मुख्य आर्थिक गतिविधि है।

कृषि काशीपुर नगर के आसपास के क्षेत्रों में मुख्य आर्थिक गतिविधि है। उपजाऊ भूमि तथा पानी की उपलब्धता के कारण यह क्षेत्र एक तीव्र फसली क्षेत्र है। चावल और गेहूं के अतिरिक्त गन्ना, आम, अमरूद, जामुन, काशीफल और लीची यहां के प्रमुख उत्पाद हैं।

ऐतिहासिक रूप से, इस क्षेत्र की अर्थव्यस्था कृषि तथा बहुत छोटे पैमाने पर लघु औद्योगिक गतिविधियों पर आधारित रही है। स्वतंत्रता पूर्व काशीपुर नगर में जापान से मखमल, चीन से रेशम व इंग्लैंड के मैनचेस्टर से सूती कपड़े आते थे, जिनका तिब्बत व पर्वतीय क्षेत्रों में व्यापार होता था।[66] इस व्यवसाय से जुड़े लगभग दो सौ लोग यहां फेरियां लगाते थे। यातायात सुविधाऐं उप्लब्ध न होने के कारण खच्चरों के माध्यम से माल भेजा जाता था, जो गंतव्य तक कई दिनों बाद पहुंचता था। व्यापारी जब लौटते थे तो साथ में पर्वतीय घी व सुहागा लेकर आते थे। बाद में प्रशासनिक प्रोत्साहन और समर्थन के साथ काशीपुर शहर के आसपास तेजी से औद्योगिक विकास हुआ।[67] ८० के दशक में राष्ट्रीय लघु उद्योग निगम लिमिटेड (एनएसआईसी) ने महिलाओं को औद्योगिक प्रशिक्षण देने के लिए यहां कॉमन फैसिलिटीज एंड ट्रेनिंग सेण्टर (सीएफटीसी) की स्थापना की।[68] इम्पीरियल गज़ेटियर के अनुसार काशीपुर नगर एक समय में कपड़े और धातु के बर्तनों का महत्वपूर्ण व्यापार केंद्र था।

काशीपुर नगर के एस्कॉर्ट्स फार्म क्षेत्र में उत्तराखण्ड सरकार के उत्तराखण्ड राज्य औद्योगिक विकास निगम (सिडकुल) के अंतर्गत छोटी और मझोली औद्योगिक इकाइयों के लिए औद्योगिक क्षेत्र विकसित करने के लिए एक एकीकृत औद्योगिक स्थल (इंटीग्रेटेड इंडस्ट्रियल एस्टेट) का निर्माण कर रही है। सिडकुल ने पहले भी २००८ में एस्कॉट्र्स फार्म्स पर औद्योगिक क्षेत्र विकसित करने का अपने प्रस्ताव सरकार के सामने रखा था, पर तब सरकार ने इस प्रस्ताव को ठुकरा दिया था।[69] ३११ एकड़ में फैले इस एस्टेट में लगभग २०० एकड़ क्षेत्र को बिक्री के लिए रखा गया है, जहां भविष्य में उद्योग स्थापित होने हैं।[70]

२०११ की जनगणना के अनुसार काशीपुर की कुल आबादी में से ३६,८२४ लोग काम या व्यापार गतिविधि में लगे हुए थे।[49] इनमें से ३२,४०९ पुरुष थे, जबकि ४,४१५ महिलाएं थीं। कुल ३६,८२४ कार्यरत आबादी में, ८९.२४% मुख्य कार्य में लगे थे, जबकि १०.७६% साधारण कार्य में संलग्न थे।[49] इस क्षेत्र में उधम सिंह नगर जिले के लगभग ५० प्रतिशत मध्यम और बड़े उद्योग हैं। १९९८ में काशीपुर नगर में स्थित विद्युत् संबंधी उपकरण बनाने वाले औद्योगिक संयंत्रों से प्रतिवर्ष लगभग २४ करोड़ रुपयों तक की आमदनी होती थी।[71] काशीपुर नगर के २०११ मास्टर प्लान के अनुसार, शहर में लगभग ६०३ औद्योगिक इकाइयां काम कर रही थीं। इनमें १६३ कॉटेज इंडस्ट्रीज, ४१५ लघु उद्योग और २५ मध्यम (या बड़े) उद्योग शामिल हैं। सस्ते और प्रचुर मात्रा में कच्चे माल उपलब्ध होने के कारण, कई पेपर और चीनी मिल भी उपस्थित हैं। २०१४ के एक सर्वे के अनुसार नगर में कुल १२ कागज़ मिलें हैं, जिनमें १,०२२ लोग काम करते हैं।[72] २०१० तक काशीपुर में स्थित इंडिया गलिकल्स लिमिटेड भारत भर में इथेनॉल से एमईजी बनाने वाला इकलौता संयंत्र था।[73]

आवागमन[संपादित करें]

सड़क मार्ग[संपादित करें]

काशीपुर उत्तराखण्ड में एक प्रमुख परिवहन केंद्र है। राष्ट्रीय राजमार्ग ७३४ (पूर्व राष्ट्रीय राजमार्ग ७४) काशीपुर को जसपुर और नगीना होते हुए नजीबाबाद से जोड़ता है[74] जबकि राष्ट्रीय राजमार्ग ३०९ (पूर्व राष्ट्रीय राजमार्ग १२१) काशीपुर को पूर्व में रुद्रपुर से और उत्तर में रामनगर तथा श्रीनगर से जोड़ता है। बसें काशीपुर में आवागमन का प्रमुख साधन हैं। काशीपुर बस स्टेशन से यूटीसी, यूपीएसआरटीसी और केमू (कुमाऊँ मोटर ओनर्स यूनियन) द्वारा विभिन्न मार्गों पर बस सेवाएं संचालित की जाती हैं। काशीपुर बस स्टेशन को पीपीपी मोड पर अंतर्राज्यीय बस अड्डे में विकसित किया जाना प्रस्तावित है, और उत्तराखण्ड परिवहन निगम ने २०१७ में इसका टेंडर सीआरएस इन्फ्रा प्रोजेक्ट लिमिटेड नई दिल्ली को दिया था।[75] इसके अतिरिक्त ऑटो रिक्शा और इलेक्ट्रिक रिक्शा, जिन्हें मिनी मेट्रो भी कहा जाता है, भी शहर के भीतर यात्रा करने के प्रमुख साधन हैं।

रेल मार्ग[संपादित करें]

काशीपुर जंक्शन रेलवे स्टेशन रेल नेटवर्क द्वारा रामनगर, काठगोदाम, मुरादाबाद, बरेली, लखनऊ, कानपुर, वाराणसी, चंडीगढ़, आगरा, जैसलमेर, हरिद्वार और दिल्ली से जुड़ा है। काशीपुर रेलवे स्टेशन भारतीय रेल के उत्तर पूर्वी रेलवे क्षेत्र के इज्जतनगर मण्डल के प्रशासनिक नियंत्रण में है। लालकुआँ - रामनगर/मुरादाबाद रेलवे लाइन का उद्घाटन ११ जनवरी १९०८ को हुआ था।[24] यह रेलवे लाइन बरेली-काठगोदाम लाइन पर स्थित लालकुआँ से शुरू होती थी, और गुलारभोज, बाजपुर तथा सरकारा से होते हुए काशीपुर पहुँचती थी। काशीपुर से यह उत्तर की ओर रामनगर, तथा दक्षिण की ओर मुरादाबाद तक जाती थी।[24] शहर के लिए कई नए रेल लिंक प्रस्तावित हैं, जिनमें काशीपुर-नजीबाबाद रेलवे लाइन[76][77][78] तथा रामनगर-चौखुटिया रेल लिंक[79] प्रमुख हैं।

वायु मार्ग[संपादित करें]

सबसे निकटतम हवाई अड्डा पंतनगर है, जो काशीपुर के ७२ किलोमीटर पूर्व में स्थित है। पंतनगर से दिल्ली और देहरादून के लिए उड़ान सेवाएं उपलब्ध हैं।[80] निकटतम अंतरराष्ट्रीय हवाई अड्डा नई दिल्ली में स्थित इंदिरा गांधी अन्तर्राष्ट्रीय विमानक्षेत्र है, जो कि २१४ किलोमीटर दूर है।

शिक्षा[संपादित करें]

भारतीय प्रबंधन संस्थान, काशीपुर परिसर
भारतीय प्रबंधन संस्थान, काशीपुर परिसर
भारतीय प्रबंधन संस्थान, काशीपुर परिसर
भारतीय प्रबंधन संस्थान, काशीपुर परिसर

काशीपुर के अधिकतर विद्यालय राज्य सरकार या निजी संगठनों द्वारा संचालित हैं। हिन्दी और अंग्रेजी नगर में शिक्षा की प्राथमिक भाषाएं हैं। शेष भारत की तरह ही काशीपुर के विद्यालयों में भी भारतीय शिक्षा प्रणाली का पालन किया जाता है, जिसके अंतर्गत छात्र अपनी माध्यमिक शिक्षा पूरी करने के बाद उच्च माध्यमिक विद्यालयों/इंटर कॉलेजों में भर्ती होकर कला, वाणिज्य या विज्ञान में से किसी एक विषय का अध्ययन करते हैं। नगर के अधिकतर निजी उच्च माध्यमिक विद्यालय सीबीएसई या आईसीएसई से, जबकि सभी राजकीय इंटर कॉलेज उत्तराखण्ड शिक्षा बोर्ड से संबद्ध है।

काशीपुर में कुमाऊं विश्वविद्यालय, नैनीताल से सम्बद्ध चार महाविद्यालय स्थित है:[81][82]

१९७३ में खुला राधेहरि राजकीय स्नात्तकोत्तर महाविद्यालय पूरे तराई क्षेत्र का सबसे पुराना महाविद्यालय है।[83]

इनके अतिरिक्त काशीपुर में भारतीय प्रबंधन संस्थान का एक परिसर भी स्थित है।[84] भारतीय प्रबंधन संस्थान, काशीपुर की नींव २९ अप्रैल २०११ को तत्कालीन मानव संसाधन विकास मंत्री, कपिल सिब्बल ने रखी थी।[85][86]

२०११ की जनगणना के अनुसार काशीपुर में कुल ८८ सरकारी शिक्षण संस्थान हैं, जिनमें ४८ प्राथमिक विद्यालय, ३० माध्यमिक विद्यालय, ९ वरिष्ठ माध्यमिक विद्यालय और १ राजकीय डिग्री कॉलेज हैं।[87] काशीपुर के प्रमुख विद्यालयों में से कुछ निम्न हैं:[88]

  • शेमफोर्ड फ्यूचरिस्टिक स्कूल[89]
  • आर्मी पब्लिक स्कूल[90]
  • गुरुकुल स्कूल[91]
  • कृष्णा पब्लिक कॉलेजिएट[92]
  • दिल्ली पब्लिक स्कूल[93]
  • गुरु नानक सीनियर सेकेंडरी स्कूल[94]
  • केन्द्रीय विद्यालय[90]
  • मारिया असुम्प्टा कॉन्वेंट स्कूल[95]
  • डीएवी पब्लिक स्कूल[90]
  • समर स्टडी हॉल[96]
  • सेंट मैरी स्कूल[97]
  • टेम्पलटन कॉलेज[98]
  • तुलाराम राजाराम सरस्वती विद्या मंदिर इंटर कॉलेज[99]
  • विजन वैली स्कूल[100]
  • उदयराज हिन्दू इंटर कालेज[101]

दर्शनीय स्थल[संपादित करें]

मोटेश्वर महादेव मन्दिर
सूर्योदय के समय द्रोणसागर का दृश्य
इन्हें भी देखें: मोटेश्वर महादेव मन्दिर एवं चैती देवी मन्दिर, काशीपुर

काशीपुर नगर में ऐतिहासिक व धार्मिक महत्त्व के कई महत्वपूर्ण स्थल हैं। एक ओर उज्जैन किला जहाँ नगर के समृद्ध अतीत को दर्शाता है, तो वहीं दूसरी ओर नगर में स्थित महिषासुर मर्दिनी देवी, मोटेश्वर महादेव तथा मां बालासुन्दरी के मन्दिर नगर पर हिन्दू संस्कृति की अभिन्न छाप का चित्रण करते हैं। द्रोण सागर, गिरिताल, तुमरिया बाँध तथा गुरुद्वारा श्री ननकाना साहिब काशीपुर के अन्य प्रसिद्ध पर्यटन स्थल हैं।

गोविषाण के पुराने किले को उज्जैन कहा जाता है। उज्जैन किले की दीवारें ६० फुट ऊँची हैं, और इसमें प्रयोग हुई ईंटें १५x१०x२.५ इंच की हैं। इस किले में उज्जैनी देवी की मूर्ति स्थापित है। इस किले के पास ही मोटेश्वर महादेव का मन्दिर है, जिसे शिव के बारह उप-ज्यार्तिलिंगों में से एक माना जाता है।[102] लोकमान्यतानुसार इस मन्दिर की स्थापना द्वापर युग में भीम ने गुरु द्रोणाचार्य व अपने परिवार के पूजा-अर्चना के लिए कराई थी।[103] तभी से इस ऐतिहासिक मन्दिर में पूजा-अर्चना व जलाभिषेक होता आ रहा है। मन्दिर के समीप ही द्रोण सागर है, जिसे पाण्डवों ने गुरू द्रोणाचार्य को गुरूदक्षिणा के रूप में देने के लिये बनाया था।[104] यह ६०० वर्ग फुट का है, और इसके किनारे कई देवी-देवताओं के मन्दिर हैं। द्रोणसागर को अब भारतीय पुरातत्व विभाग का संरक्षण प्राप्त है।[105]

माता बालासुन्दरी का मन्दिर, जिसे चैती देवी मन्दिर के नाम से भी जाना जाता है, काशीपुर का सबसे प्रसिद्ध मन्दिर है। मंदिर परिसर में मुख्य मंदिर के चारों ओर १५ अन्य पूजनीय स्थल भी हैं।[106] इसी मन्दिर के पास नवरात्रियों में चैती मेला लगता है। इस मन्दिर का शिल्प मस्जिद के समान है, जिससे प्रतीत होता है कि इसे संभवतः मुगल साम्राज्य के समय में बनाया गया होगा। नगर में जागेश्वर महादेव का एक मन्दिर भी है, जो २० फुट ऊँचा है। नगर के उत्तर में तुमरिया बाँध स्थित है। १९६१ में बना यह बाँध १० किलोमीटर लम्बा है।[107]

काशीपुर-रामनगर मार्ग पर नगर से लगभग दो किलोमीटर की दूरी पर गिरिताल नमक एक तालाब स्थित है। काशीपुर क्षेत्र में पर्यटन को बढ़ावा देने के लिए उत्तर प्रदेश सरकार द्वारा इस ताल के एक सिरे पर पर्यटक आवास गृह का निर्माण करवाया गया था, और कुछ वर्ष पहले तक स्थानीय लोग इस ताल में नौका विहार करते देखे जा सकते थे।[108] तालाब के चारों ओर मंदिरों की शृंखला है, जिनमें से एक मां महिषासुर मर्दिनी देवी का मन्दिर भी है। मन्दिर परिसर में भगवान शंकर, लक्ष्मी-नारायण, सत्यनारायण, राधा-कृष्ण, सीता-राम, हनुमान, गायत्री, और सरस्वती की, जबकि मुख्य द्वार पर शनि व ब्रह्मदेव की प्रतिमाऐं स्थापित है। मान्यता है कि पांडव काल में यहां पर ऋषि-मुनियों के मठ हुआ करते थे, जहां वे देवी की आराधना करते थे।[109]

इनके अतिरिक्त भी काशीपुर में कई प्रसिद्ध मन्दिर हैं, जिनमें चैती स्थित खोखराताल देवी मन्दिर, मोहल्ला लोहरियान स्थित मां मनसा देवी मन्दिर, मां गायत्री देवी मन्दिर, पक्काकोट स्थित मां काली देवी मन्दिर, सिंघान स्थित श्री दुर्गा मन्दिर, मुखर्जीनगर स्थित शीतला माता मन्दिर, गिरीताल स्थित मां चामुंडा देवी मन्दिर, पुष्पक विहार स्थित श्री सीताराम एवं मां चामुंडा देवी मन्दिर व सुभाष नगर स्थित काली माता मन्दिर प्रमुख हैं।[110]

इन्हें भी देखें[संपादित करें]

सन्दर्भ[संपादित करें]

  1. "History of Kashipur [काशीपुर का इतिहास]" (अंग्रेजी में). http://www.rhgpgckashipur.org/index.php?mod=content&page=141. अभिगमन तिथि: १३ मई २०१८. 
  2. कुंदन बिष्ट/आरडी खान (२८ सितम्बर २०१७)। गोविषाण टीला दिला सकता है काशीपुर को नई पहचानअमर उजाला
  3. "History [इतिहास]" (अंग्रेजी में). चन्द्रावती तिवारी कन्या महाविद्यालय. http://ctcollegeksp.com/history.html. अभिगमन तिथि: १३ अगस्त २०१८. 
  4. "उधमसिंह नगर में सैर सपाटे के लिए यहां जाएं". उत्तरांचल टुडे. ४ दिसंबर २०१४. http://uttaranchaltoday.com/hn/2014/12/04/tourist-attraction-in-and-around-udhamsingh-nagar-and-rudrapur/. अभिगमन तिथि: १३ अगस्त २०१८. 
  5. हीबर, बिशप (अंग्रेजी में). Travels in India [भारत में यात्राएं] (द्वितीय सं॰). प॰ २४६. 
  6. कन्निंघम, सर अलेक्जेण्डर (१८७१) (अंग्रेजी में). The Ancient Geography of India: I. The Buddhist Period, Including the Campaigns of Alexander, and the Travels of Hwen-Thsang [भारत का प्राचीन भूगोल: बौद्ध काल, अलेक्जेंडर के अभियान, और ह्वेन-थसांग की यात्रा सहित]. लंदन: ट्रब्नर एण्ड कंपनी. प॰ ३५७-३५८. https://books.google.co.in/books?id=yH9Xef_vm1EC&pg=PA357. 
  7. पाण्डेय १९३७, पृ॰ ४१.
  8. हांडा, उमाचन्द (१९८६) (अंग्रेजी में). Numismatic Sources on the Early History of Western Himalaya [पश्चिमी हिमालय के प्रारंभिक इतिहास पर न्यूमिज़्मेटिक स्रोत]. नई दिल्ली: बी॰आर॰ पब्लिशिंग कारपोरेशन. प॰ ७३-७४. 
  9. नौटियाल १९६९, पृ॰ २३.
  10. नौटियाल १९६९, पृ॰ ३७.
  11. नौटियाल १९६९, पृ॰ ४२.
  12. आहूजा, आकाश (१० फरवरी २०१७). "Once the seat of ancient trade, Kashipur now reduced to urban mess [कभी प्राचीन व्यापार का केंद्र रहा काशीपुर अब शहरी झमेला ही रह गया है]" (अंग्रेजी में). टीएनएन (रुद्रपुर: द टाइम्स ऑफ़ इंडिया). https://timesofindia.indiatimes.com/city/dehradun/once-the-seat-of-ancient-trade-kashipur-now-reduced-to-urban-mess/articleshow/57068518.cms. अभिगमन तिथि: २ मई २०१८. 
  13. (अंग्रेजी में) Journal of the Asiatic Society of Bengal [बंगाल की एशियाई सोसाइटी के जर्नल]. एशियाटिक सोसाइटी. प॰ १७४. https://books.google.co.in/books?id=3lgxAQAAMAAJ. 
  14. पाण्डे, महेश। गोविषाण टीला - काशीपुर में स्वर्णिम इतिहास समेटेवेब दुनिया
  15. वाटर्स, थॉमस (१९०४) (अंग्रेजी में). On Yuan Chwangs Travels In India, 629-645 A. D., [युआन च्वांग की भारत की यात्राओं पर, ६२९-६४५ ए॰डी॰]. लंदन: रॉयल एशियाटिक सोसाइटी. प॰ ३३०-३३१. https://archive.org/details/in.ernet.dli.2015.175681. 
  16. नौटियाल १९६९, पृ॰ ४६.
  17. "इम्पीरियल गैज़ेटियर ऑफ़ इंडिया, वॉल्यूम १८, पेज ३२४" (अंग्रेजी में). डिजिटल साउथ एशिया लाइब्रेरी. http://dsal.uchicago.edu/reference/gazetteer/pager.html?objectid=DS405.1.I34_V18_330.gif. अभिगमन तिथि: १३ जुलाई २०१७. 
  18. रावत १९९८, पृ॰ ६.
  19. हांडा, उमाचन्द (२००२) (अंग्रेजी में). History of Uttaranchal [उत्तरांचल का इतिहास]. नई दिल्ली: इंडस पब्लिशिंग. प॰ ८१. आई॰ऍस॰बी॰ऍन॰ 9788173871344. https://books.google.co.in/books?id=7_Ct9gzvkDQC. अभिगमन तिथि: २० जून २०१८. 
  20. पाण्डेय १९३७, पृ॰ ३२०.
  21. पाण्डेय १९३७, पृ॰ ४४५.
  22. "कथावाले सस्ते फिरत धर पोथी बगल में / गुमानी". कविता कोश. http://kavitakosh.org/kk/%E0%A4%95%E0%A4%A5%E0%A4%BE%E0%A4%B5%E0%A4%BE%E0%A4%B2%E0%A5%87_%E0%A4%B8%E0%A4%B8%E0%A5%8D%E0%A4%A4%E0%A5%87_%E0%A4%AB%E0%A4%BF%E0%A4%B0%E0%A4%A4_%E0%A4%A7%E0%A4%B0_%E0%A4%AA%E0%A5%8B%E0%A4%A5%E0%A5%80_%E0%A4%AC%E0%A4%97%E0%A4%B2_%E0%A4%AE%E0%A5%87%E0%A4%82_/_%E0%A4%97%E0%A5%81%E0%A4%AE%E0%A4%BE%E0%A4%A8%E0%A5%80. अभिगमन तिथि: २० जून २०१८. 
  23. रावत १९९८, पृ॰ १३.
  24. सांख्यिकी १९१७, पृ॰ १३.
  25. सांख्यिकी १९१७, पृ॰ २७.
  26. सिंह, आनंद राज (१२ मार्च २०१५). "Mayawati may create new district to tame old foe [मायावती पुराने दुश्मन को तबाह करने के लिए नया जिला बना सकती है]". http://www.newindianexpress.com/nation/article398789.ece. अभिगमन तिथि: १४ मई २०१६. 
  27. "उ०प्र० पुनर्गठन अधिनियम-२००० के प्राविधान-उद्देश्य". ०३ मई २०१२. http://upreorg-coord.up.nic.in/. 
  28. "The Uttar Pradesh Reorganisation Act, 2000 [उत्तर प्रदेश पुनर्गठन अधिनियम, २०००]" (अंग्रेजी में). http://vlex.in/vid/the-uttar-pradesh-reorganisation-act-29635891. अभिगमन तिथि: १५ जुलाई २०१७. 
  29. "धूल फांक रही है दीक्षित आयोग की रिपोर्ट". देहरादून: नवभारत टाइम्स. २७ जनवरी २०१३. https://m.navbharattimes.indiatimes.com/state/uttarakhand/dehradun/dixii-commisions-report-is-been-not-considered-yet-in-uttarakahan/amp_articleshow/18208177.cms. अभिगमन तिथि: ७ अप्रैल २०१८. 
  30. दीवान, उमेश (१३ जुलाई २००९). "Dixit Commission disfavours Garsain as capital [दीक्षित आयोग ने गैरसैण को राजधानी के तौर पर असंतोषजनक बताया]" (अंग्रेजी में). देहरादून: द ट्रिब्यून. http://www.tribuneindia.com/2009/20090714/dun.htm#1. अभिगमन तिथि: ७ अप्रैल २०१८. 
  31. "Uttarakhand to get three new municipal corporations [उत्तराखंड को मिलेंगी तीन नई नगर पालिकाएं]" (अंग्रेजी में). देहरादून: बिज़नेस स्टैन्डर्ड. २८ जनवरी २०१३. http://www.business-standard.com/article/pti-stories/uttarakhand-to-get-three-new-municipal-corporations-113012800362_1.html. अभिगमन तिथि: २ मई २०१८. 
  32. "Three more municipal corporations created in Uttarakhand [उत्तराखंड में तीन और नगर पालिकाएं बनाई गईं]" (अंग्रेजी में). देहरादून: इंडिया टीवी. 1 मार्च २०१३. https://www.indiatvnews.com/news/india/three-more-municipal-corporations-created-in-uttarakhand-20494.html. अभिगमन तिथि: २ मई २०१८. 
  33. "रुड़की, काशीपुर और रुद्रपुर में नगर निगम गठित". देहरादून: नवभारत टाइम्स. २ मार्च २०१३. https://navbharattimes.indiatimes.com/roorkee-kashipur-and-rudrapur-municipal-corporation-formed-in/articleshow/18752359.cms. अभिगमन तिथि: २ मई २०१८. 
  34. अग्रवाल, जे॰सी॰; अग्रवाल, एस॰पी॰ (१९९५) (अंग्रेजी में). Uttarakhand: Past, Present, and Future [उत्तराखण्ड: अतीत, वर्तमान और भविष्य]. नई दिल्ली: कॉन्सेप्ट पब्लिशिंग कम्पनी. प॰ २८८. आई॰ऍस॰बी॰ऍन॰ 9788170225720. https://books.google.co.in/books?id=alRh51xE_v0C. अभिगमन तिथि: २२ अप्रैल २०१८. 
  35. (अंग्रेजी में) Steps to Conserve the Water Quality of River Ganga (Upto Kanpur) [गंगा नदी की जल गुणवत्ता को बचाने के लिए कदम (कानपुर तक)]. लखनऊ: यू॰पी॰ प्रदूषण नियंत्रण बोर्ड. ३१ अगस्त २०१६. प॰ १४. http://uppcb.com/pdf/ngt_290916.pdf. अभिगमन तिथि: ६ जून २०१७. 
  36. (अंग्रेजी में) Water Quality of Rivers at Interstate Borders [अंतरराज्यीय सीमाओं पर नदियों की जल गुणवत्ता]. दिल्ली: केन्‍द्रीय प्रदूषण नियंत्रण बोर्ड; पर्यावरण, वन एवं जलवायु परिवर्तन मंत्रालय; भारत सरकार. प॰ २९. http://cpcb.nic.in/upload/NewItems/NewItem_211_IRBM_Report.pdf. अभिगमन तिथि: ६ जून २०१७. 
  37. "District Udham Singh Nagar, Uttarakhand - Map [ऊधम सिंह नगर जिला, उत्तराखण्ड - मानचित्र]". जिला प्रशासन, ऊधम सिंह नगर. https://cdn.s3waas.gov.in/s32421fcb1263b9530df88f7f002e78ea5/uploads/2018/05/2018051077.jpeg. अभिगमन तिथि: १३ अगस्त २०१८. 
  38. "नगर निगम काशीपुर का बढ़ेगा दायरा". दैनिक जागरण. १३ जुलाई २०१५. https://www.jagran.com/lite/uttarakhand/udhamsingh-nagar-12593969.html. अभिगमन तिथि: १६ अप्रैल २०१८. 
  39. कुमाऊँ के भाबर एंव तराई क्षेत्र में नगरीकरण: उद्भव एवं विकास पृ. १०८,१०९
  40. रंजन, जी॰ (२०१०). "Industrialization in the Terai and its Impact on the Bhoksas [तराई में औद्योगिकीकरण और भोक्सा लोगों पर इसका प्रभाव]" (अंग्रेजी में). Global Warming, Human Factors and Environment: Anthropological Perspectives [ग्लोबल वार्मिंग, मानव कारक और पर्यावरण: मानव विज्ञान दृष्टिकोण]. नई दिल्ली: एक्सेल इंडिया पब्लिशर्स. पृ॰ २८५–२९२. https://www.researchgate.net/profile/Krishan_Sharma/publication/236009517_Global_Warming_Human_Factors_and_Environment_Anthropological_Perspectives/links/573c11e208aea45ee8406d09/Global-Warming-Human-Factors-and-Environment-Anthropological-Perspectives.pdf#page=297. 
  41. बुस्सा, रविकल्याण (अंग्रेजी में). District Udham Singh Nagar at a Glance [जिला उधम सिंह नगर एक नज़र में]. देहरादून: केंद्रीय भूजल बोर्ड, उत्तरांचल क्षेत्र. http://cgwb.gov.in/District_Profile/Uttarakhand/UdhamSinghNagar.pdf. अभिगमन तिथि: ६ जून २०१७. 
  42. (अंग्रेजी में) Hazard profiles of Indian districts [भारतीय जिलों के खतरे की प्रोफाइल]. आपदा प्रबंधन में राष्ट्रीय क्षमता निर्माण परियोजना, यूएनडीपी. https://web.archive.org/web/20060519100611/http://www.undp.org.in/dmweb/hazardprofile.pdf. अभिगमन तिथि: १७ अक्टूबर २०१६. 
  43. "Complete sdmap, Uttarakhand [पूरा एस॰डी॰मैप, उत्तराखंड]" (अंग्रेजी में). p. २७. http://dmmc.uk.gov.in/files/pdf/complete_sdmap.pdf. अभिगमन तिथि: २६ अक्टूबर २०१६. 
  44. "Climate Kashipur: Temperature, Climate graph, Climate table for Kashipur [काशीपुर की जलवायु: काशीपुर के लिए तापमान, जलवायु ग्राफ और जलवायु तालिका]" (अंग्रेजी में). https://en.climate-data.org/location/523326/. अभिगमन तिथि: २१ जून २०१७. 
  45. पील, एम॰सी॰; फिनलेसन, बी॰एल॰; मैक्महोन, टी॰ए॰ (२००७). "Updated world map of the Köppen–Geiger climate classification [कोपेन-गीजर जलवायु वर्गीकरण का अद्यतित विश्व मानचित्र]" (अंग्रेजी में). हाइड्रोल॰ अर्थ सिस्ट॰ साईं॰ ११: १६३३-१६४४. doi:10.5194/hess-11-1633-2007. ISSN 1027-5606. http://www.hydrol-earth-syst-sci.net/11/1633/2007/hess-11-1633-2007.html.  (प्रत्यक्ष: अंतिम संशोधित पेपर)
  46. जनगणना हस्तपुस्तिका २०११, पृ॰ ३६७-३६९.
  47. "Urban Agglomerations/Cities having population 1 lakh and above [शहरी समूह / शहर जिनकी आबादी १ लाख या उससे ऊपर है]" (अंग्रेजी में). अस्थायी जनसंख्या टोटल, भारत की जनगणना २०११. http://www.censusindia.gov.in/2011-prov-results/paper2/data_files/India2/Table_3_PR_UA_Citiees_1Lakh_and_Above.pdf. अभिगमन तिथि: ७ जुलाई २०१२. 
  48. "View Population Details: Kashipur [जनसंख्या विवरण देखें: काशीपुर]" (अंग्रेजी में). रजिस्ट्रार जनरल और जनगणना आयुक्त का कार्यालय, गृह मंत्रालय, भारत सरकार. http://www.censusindia.gov.in/PopulationFinder/View_Village_Population.aspx?pcaid=337&category=M.B.. अभिगमन तिथि: ४ जून २०१७. 
  49. "Kashipur Town Population, Uttarakhand [काशीपुर कस्बा जनसंख्या, उत्तराखंड]" (अंग्रेजी में). http://www.census2011.co.in/data/town/800339-kashipur-uttarakhand.html. अभिगमन तिथि: ४ जून २०१७. 
  50. "Kashipur (Udham Singh Nagar, Uttarakhand, India) [काशीपुर (उधम सिंह नगर, उत्तराखंड, भारत)]" (अंग्रेजी में). http://www.citypopulation.de/php/india-uttarakhand.php?cityid=0541203000. अभिगमन तिथि: २१ अप्रैल २०१८. 
  51. हंटर, डब्लू॰डब्लू॰ (१८८६) (अंग्रेजी में). The Imperial Gazetteer of India Volume VIII [द इंपीरियल गजटियर ऑफ़ इंडिया वॉल्यूम VIII]. लंदन: ट्रबनर & कं॰. प॰ ८२. 
  52. जनगणना हस्तपुस्तिका २०११, पृ॰ ३६९.
  53. "Kashipur City Population Census 2011 | Uttarakhand [काशीपुर शहर जनसंख्या जनगणना २०११ | उत्तराखंड]" (अंग्रेजी में). http://www.census2011.co.in/census/city/25-kashipur.html. अभिगमन तिथि: ४ जून २०१७. 
  54. "Kashipur Tehsil Population, Religion, Caste Udham Singh Nagar district, Uttarakhand [काशीपुर तहसील जनसंख्या, धर्म, जाति उधम सिंह नगर जिला, उत्तराखंड]" (अंग्रेजी में). https://www.censusindia.co.in/subdistrict/kashipur-tehsil-udham-singh-nagar-uttarakhand-346. अभिगमन तिथि: ४ जून २०१७. 
  55. "Villages & Towns in Kashipur Tehsil of Udham Singh Nagar, Uttarakhand [उधम सिंह नगर, उत्तराखंड की काशीपुर तहसील के गांव और नगर]" (अंग्रेजी में). http://www.census2011.co.in/data/subdistrict/346-kashipur-udham-singh-nagar-uttarakhand.html. अभिगमन तिथि: ४ जून २०१७. 
  56. "Municipalities of Uttarakhand [उत्तराखंड की नगर पालिकाऐं]" (अंग्रेजी में). http://udd.uk.gov.in/files/List_of_ULBs_SC451.pdf. अभिगमन तिथि: १६ जून २०१७. 
  57. (अंग्रेजी में) Imperial Gazetter: United Provinces: Kumaun Division [इंपीरियल गैज़ेटियर: संयुक्त प्रांत: कुमाऊं मण्डल]. इलाहबाद: सरकारी प्रेस, संयुक्त प्रांत. १९०५. प॰ १९. 
  58. "Nagar Palika Parisad Kashipur [नगर पालिका परिषद काशीपुर]" (अंग्रेजी में). http://election.uk.gov.in/SEC_Voters_PDF_2013/Udham%20Singh%20Nagar/Nagar%20palika%20parisad%20Kashipur/Nagar%20palika%20parisad%20Kashipur.html. अभिगमन तिथि: १६ जून २०१७. 
  59. "काशीपुर नगर निगम में पार्षदों की १९ सीटें आरक्षित". काशीपुर: दैनिक जागरण. २८ अप्रैल २०१८. https://www.jagran.com/uttarakhand/udhamsingh-nagar-19-seats-reserved-for-councilors-in-kashipur-municipal-corporation-17888299.html. अभिगमन तिथि: १८ मई २०१८. 
  60. उपाध्याय, कविता (१६ मई २०१४). "BJP wins all five seats in Uttarakhand [उत्तराखंड में भाजपा ने सभी पांच सीटें जीती]" (अंग्रेजी में). देहरादून: द हिन्दू. http://www.thehindu.com/elections/loksabha2014/north/bjp-wins-all-five-seats-in-uttarakhand/article6017154.ece. अभिगमन तिथि: ४ जुलाई २०१७. 
  61. दीवान, उमेश (१३ अप्रैल २००९). "Three in fray, but bipolar contest expected: Nainital-Udham Singh Nagar Seat [मैदान में तीन, लेकिन द्विध्रुवीय प्रतियोगिता की उम्मीद: नैनीताल-उधम सिंह नगर सीट]" (अंग्रेजी में). द ट्रिब्यून. http://www.tribuneindia.com/2009/20090413/dun.htm#1. अभिगमन तिथि: ३१ दिसंबर २००९. 
  62. Detailed Results, भारत निर्वाचन आयोग. (Report).
  63. Statistical Report On General Election, 2002 To The Legislative Assembly Of Uttarakhand, भारत निर्वाचन आयोग. (Report).
  64. Statistical Report On General Election, 2007 To The Legislative Assembly Of Uttarakhand, भारत निर्वाचन आयोग. (Report).
  65. Statistical Report On General Election, 2012 To The Legislative Assembly Of Uttarakhand, भारत निर्वाचन आयोग. (Report).
  66. "काशीपुर में थी कभी विदेशी कपड़ों की मंडी". काशीपुर: दैनिक जागरण. २१ मई २०१६. https://www.jagran.com/uttarakhand/udhamsingh-nagar-14042935.html. अभिगमन तिथि: २० अप्रैल २०१८. 
  67. नेगी, एस॰एस॰ (१९९५) (अंग्रेजी में). Uttarakhand : land and people [उत्तराखंड: भूमि और लोग]. नई दिल्ली: एम॰डी॰ पब्लिकेशन्स. प॰ १२. आई॰ऍस॰बी॰ऍन॰ 9788185880730. https://books.google.co.in/books?id=qsNMI1Hi174C. अभिगमन तिथि: २२ अप्रैल २०१८. 
  68. विंजे, मेधा दुभाषी (१९८७) (अंग्रेजी में). Women Entrepreneurs in India: A Socio-economic Study of Delhi, 1975-85 [भारत में महिला उद्यमी: दिल्ली का एक सामाजिक-आर्थिक अध्ययन, १९७५-८५]. मित्तल पब्लिकेशंस. प॰ १४८. https://books.google.co.in/books?id=YpJGK3muDzcC. अभिगमन तिथि: २२ अप्रैल २०१८. 
  69. प्रशांत, शिशिर (१८ फरवरी २०१०). "काशीपुर में बनेगी उद्योगों की काशी". देहरादून: बिज़नेस स्टैण्डर्ड. http://hindi.business-standard.com/storypage.php?autono=31046. अभिगमन तिथि: २० अप्रैल २०१८. 
  70. "IIE Kashipur(Escort Farm) [आई॰आई॰ई॰ काशीपुर (एस्कॉर्ट फार्म)]" (अंग्रेजी में). siidcul.com. https://www.siidcul.com/industrial-estate/iie-kashipur. अभिगमन तिथि: २० अप्रैल २०१८. 
  71. बत्रा, जी॰एस॰; चावला, ए॰एस॰ (२००२) (अंग्रेजी में). Researches in functional management [कार्यात्मक प्रबंधन में शोध]. नई दिल्ली: दीप & दीप पब्लिकेशंस. प॰ १२१. आई॰ऍस॰बी॰ऍन॰ 9788176294133. https://books.google.co.in/books?id=E-FvA4eOyCwC. अभिगमन तिथि: २२ अप्रैल २०१८. 
  72. "Role of paper mills of kumaun in employment generation and rural development [रोजगार जनरेशन और ग्रामीण विकास में कुमाऊँ के पेपर मिलों की भूमिका]" (अंग्रेजी में). शोधगंगा. http://shodhganga.inflibnet.ac.in/bitstream/10603/28715/8/chapter6.pdf. अभिगमन तिथि: २० अप्रैल २०१८. 
  73. वाल, जैन कॉर्नेलिस वान डर (२०१३) (अंग्रेजी में). Catalytic process development for renewable materials [नवीकरणीय सामग्री के लिए उत्प्रेरक प्रक्रिया विकास]. वेन्हेइम: विली-वीसीएच. प॰ २७. आई॰ऍस॰बी॰ऍन॰ 9783527656653. https://books.google.co.in/books?id=RVSJ2FgTMjcC. अभिगमन तिथि: २२ अप्रैल २०१८. 
  74. डबास, हरवीर; उपाध्याय, विनीत (८ जनवरी २०१६). "Centre okays 4-lane NH74 connecting Uttarakhand and UP [उत्तराखंड और यूपी को जोड़ने वाले 4-लेन एनएच 74 को केंद्र ने हरी झंडी दी]" (अंग्रेजी में). टीएनएन. नैनीताल/बिजनौर: द टाइम्स ऑफ़ इंडिया. http://timesofindia.indiatimes.com/city/dehradun/Centre-okays-4-lane-NH74-connecting-Uttarakhand-and-UP/articleshow/50502642.cms. अभिगमन तिथि: १७ जून २०१७. 
  75. "नक्शे के पेच में फंसा रुद्रपुर, काशीपुर आईएसबीटी". रुद्रपुर: अमर उजाला. २७ अप्रैल २०१८. https://www.amarujala.com/uttarakhand/udham-singh-nagar/planning-of-developing-roadways-bus-station-as-isbt-is-is-getting-execution. अभिगमन तिथि: १७ मई २०१८. 
  76. सिंह, कौटिल्य (९ जुलाई २०१४). "Rail route surveys come to nought in U'khand [उत्तराखण्ड में रेल मार्ग सर्वेक्षण शून्य पर आ गए हैं]" (अंग्रेजी में). टीएनएन. देहरादून: द टाइम्स ऑफ़ इंडिया. http://timesofindia.indiatimes.com/city/dehradun/Rail-route-surveys-come-to-nought-in-Ukhand/articleshow/38091148.cms. अभिगमन तिथि: १७ जून २०१७. 
  77. कुमार, योगेश (२७ फरवरी २०१६). "Projects worth Rs 2k crore for state in Rail Budget: Ramesh Pokhriyal [रेल बजट में राज्य के लिए 2 करोड़ रुपये की परियोजनाएं: रमेश पोखरियाल]" (अंग्रेजी में). टीएनएन. देहरादून: द टाइम्स ऑफ़ इंडिया. http://timesofindia.indiatimes.com/city/dehradun/Projects-worth-Rs-2k-crore-for-state-in-Rail-Budget-Ramesh-Pokhriyal/articleshow/51171516.cms. अभिगमन तिथि: १७ जून २०१७. 
  78. "Rawat Demands Expansion of Rail Network in Uttarkhand [रावत ने उत्तराखंड में रेल नेटवर्क के विस्तार की मांग की]" (अंग्रेजी में). outlookindia.com (देहरादून: द आउटलुक). २४ जून २०१४. http://www.outlookindia.com/newswire/story/rawat-demands-expansion-of-rail-network-in-uttarkhand/846267. अभिगमन तिथि: १७ जून २०१७. 
  79. सिंह, कौटिल्य (९ जनवरी २०१५). "Speed up rail extension in state: Cong MP [राज्य में रेल विस्तार की गति बढ़ाएं: कांग्रेस सांसद]" (अंग्रेजी में). टीएनएन. देहरादून: द टाइम्स ऑफ़ इंडिया. http://timesofindia.indiatimes.com/city/dehradun/Speed-up-rail-extension-in-state-Cong-MP/articleshow/45826601.cms. अभिगमन तिथि: १७ जून २०१७. 
  80. "Pantnagar Airport to see regular flights again [पंतनगर हवाई अड्डे से नियमित उड़ानें फिर से दिखेंगी]" (अंग्रेजी में). द पायनियर. ११ सितंबर २०१४. http://www.dailypioneer.com/state-editions/dehradun/pantnagar-airport-to-see-regular-flights-again.html. अभिगमन तिथि: ३० सितंबर २०१४. 
  81. "कुमाऊं विश्वविद्यालय, नैनीताल (उत्तराखण्ड)". कुमाऊँ विश्वविद्यालय. २०१३. http://www.kuexam.ac.in/pdf/New-Affiliated-College.pdf. अभिगमन तिथि: २१ जून २०१७. 
  82. "List of Colleges/Institutes with seats [सीटों के साथ महाविद्यालयों / संस्थानों की सूची]" (अंग्रेजी में). कुमाऊँ विश्वविद्यालय. http://www.kunainital.ac.in/forms/job/LIST%20OF%20B.Ed%20College%20&%20Institute.pdf. अभिगमन तिथि: २१ जून २०१७. 
  83. "राजकीय महाविद्यालय उच्च शिक्षा देने में फेल". दैनिक जागरण. https://www.jagran.com/uttarakhand/udhamsingh-nagar-education-system-of-pg-college-17970117.html. अभिगमन तिथि: १२ अगस्त २०१८. 
    "तराई में राजकीय महाविद्यालय काशीपुर सबसे पुराना है, मगर..."
  84. "Uttarakhand plans IIM at Kashipur Business [उत्तराखंड काशीपुर में आईआईएम की योजना बना रहा है]" (अंग्रेजी में). रीडिफ़.कॉम. २३ दिसंबर २००९. http://business.rediff.com/report/2009/dec/23/uttarakhand-plans-iim-at-kashipur.htm. अभिगमन तिथि: २१ जून २०१७. 
  85. "Sibal lays stone of IIM-Kashipur [सिब्बल ने आईआईएम-काशीपुर की नींव रखी]" (अंग्रेजी में). नैनीताल: द ट्रिब्यून. २९ अप्रैल २०११. http://www.tribuneindia.com/2011/20110430/dplus.htm#1. अभिगमन तिथि: २१ जून २०१७. 
  86. नागर, अभिषेक (२१ अप्रैल २०११). "Foundation stone of IIM Kashipur laid by Kapil Sibal [कपिल सिब्बल द्वारा आईआईएम काशीपुर की नींव रखी गयी]" (अंग्रेजी में). पीटीआई. डेली न्यूज़ एंड एनालिसिस. http://www.dnaindia.com/india/report_foundation-stone-of-iim-kashipur-laid-by-kapil-sibal_1537603. अभिगमन तिथि: २१ जून २०१७. 
  87. जनगणना हस्तपुस्तिका २०११, पृ॰ ३७५.
  88. "Schools in Kashipur, Uttarakhand [काशीपुर, उत्तराखण्ड में स्कूल]" (अंग्रेजी में). http://www.neighbourhoodinfo.co.in/schools/Uttarakhand/Udham-Singh-Nagar/Kashipur. अभिगमन तिथि: १२ अगस्त २०१८. 
  89. "Shemford Futuristic School - Kashipur, Uttarakhand 244713 - contacts, profile and courses [शेमफोर्ड फ्यूचरिस्टिक स्कूल - काशीपुर, उत्तराखण्ड, २४४७१३ - संपर्क, प्रोफाइल तथा पाठ्यक्रम]" (अंग्रेजी में). https://targetstudy.com/school/29537/shemford-school/. अभिगमन तिथि: १२ अगस्त २०१८. 
  90. "13 केंद्रों में 7500 विद्यार्थी देंगे परीक्षा". दैनिक जागरण. ४ मार्च २०१७. https://www.jagran.com/uttarakhand/udhamsingh-nagar-15629947.html. अभिगमन तिथि: १२ अगस्त २०१८. 
  91. "द गुरुकुल स्कूल के वार्षिकोत्सव में हुई कई प्रतियोगिताएं". हिन्दुस्तान. https://www.livehindustan.com/uttarakhand/kashipur/story-many-events-in-the-gurukul-school-s-annual-festival-1661986.html. अभिगमन तिथि: १२ अगस्त २०१८. 
  92. "Krishna Public Collegiate Kashipur School, Kashipur Town, Udham Singh Nagar - Uttaranchal [कृष्णा पब्लिक कॉलेजिएट काशीपुर स्कूल, काशीपुर कस्बा, उधम सिंह नगर - उत्तरांचल]" (अंग्रेजी में). http://www.icbse.com/schools/krishna-public-collegiate-kashipur/05120505170. अभिगमन तिथि: १२ अगस्त २०१८. 
  93. "Delhi Public School - Kashipur, Uttarakhand 244713 - contacts, profile and courses [दिल्ली पब्लिक स्कूल - काशीपुर, उत्तराखण्ड, २४४७१३ - संपर्क, प्रोफाइल तथा पाठ्यक्रम]" (अंग्रेजी में). targetstudy.com. https://targetstudy.com/school/57593/delhi-public-school-dps/. अभिगमन तिथि: १२ अगस्त २०१८. 
  94. "काशीपुर के विद्यार्थियों का उत्कृष्ट प्रदर्शन". दैनिक जागरण. https://www.jagran.com/uttarakhand/udhamsingh-nagar-14082677.html. अभिगमन तिथि: १२ अगस्त २०१८. 
  95. "Maria Assumpta Convent School Udham Singh Nagar Uttaranchal [मारिया असुम्प्टा कॉन्वेंट स्कूल उधम सिंह नगर उत्तरांचल]" (अंग्रेजी में). http://www.icbse.com/schools/maria-assumpta-convent-school/3530075. अभिगमन तिथि: १२ अगस्त २०१८. 
  96. "समर स्टडी हॉल में कार्यशाला". दैनिक जागरण. https://www.jagran.com/news/state-13618908.html. अभिगमन तिथि: १२ अगस्त २०१८. 
  97. "St Mary's School Aliganj Road, Po Kashipur, U S Nagar, Uttaranchal [सेंट मैरी स्कूल अलीगंज रोड, पीओ काशीपुर, यू एस नगर, उत्तरांचल]" (अंग्रेजी में). http://www.thelearningpoint.net/home/school-listings/cbse-12/ST-MARY-S-SCHOOL-ALIGANJ-ROAD-PO-KASHIPUR-U-S-NAGAR-UTTRANCHAL-3530194. अभिगमन तिथि: १२ अगस्त २०१८. 
  98. "Templeton College [टेम्पलटन कॉलेज]" (अंग्रेजी में). https://www.enrolmentdesk.com/ssc-icse-and-cbse-schools/templeton-college-cbse-day-and-boarding-school-kashipur. अभिगमन तिथि: १२ अगस्त २०१८. 
  99. "तुलाराम राजाराम कालेज के छात्रों का परीक्षा में दबदबा". दैनिक जागरण. https://www.jagran.com/uttarakhand/udhamsingh-nagar-16114585.html. अभिगमन तिथि: १२ अगस्त २०१८. 
  100. "विजन वैली में रंगारंग कार्यक्रमों की धूम". हिन्दुस्तान. https://www.livehindustan.com/uttarakhand/kashipur/story-shows-of-colorful-events-in-vision-valley-1662012.html. अभिगमन तिथि: १२ अगस्त २०१८. 
  101. "इंदिरा हृदयेश ने किया राजा उदयराज सिंह की प्रतिमा का अनावरण". न्यूज़ १८. https://hindi.news18.com/news/uttarakhand/pithoragarh/indira-hridayesh-reached-udayraj-hindu-inter-college-864066.html. अभिगमन तिथि: १२ अगस्त २०१८. 
  102. "अद्भुत है मोटेश्वर महादेव मंदिर का ज्यार्तिलिंग". काशीपुर: अमर उजाला. २३ फरवरी २०१८. https://www.amarujala.com/uttarakhand/udham-singh-nagar/mahadev-temple-is-wonderful-moteshwar-jyartiling. अभिगमन तिथि: २० अप्रैल २०१८. 
  103. "पांडवों ने की थी मोटेश्वर महादेव मंदिर की स्थापना". काशीपुर: दैनिक जागरण. १९ फरवरी २०१२. https://www.jagran.com/uttarakhand/udhamsingh-nagar-8913675.html. अभिगमन तिथि: २० अप्रैल २०१८. 
  104. रवीन्द्र सिंह, धामी (१८ नवंबर २०११). "द्रोण को पांडवों ने द्रोणासागर दिया था गुरु दक्षिणा". काशीपुर: दैनिक जागरण. https://www.jagran.com/uttranchal/udhamsingh-nagar-7656978.html. अभिगमन तिथि: १३ अगस्त २०१८. 
  105. "जिले का प्रमुख पर्यटन स्थल बनेगा द्रोण सागर". रुद्रपुर: दैनिक जागरण. ५ मार्च २०१८. https://www.jagran.com/uttarakhand/udhamsingh-nagar-drona-sagar-will-be-the-main-tourist-destination-of-the-district-17613368.html. अभिगमन तिथि: २० अप्रैल २०१८. 
  106. "भगवती बाल सुंदरी मंदिर में हो रही पूजा". काशीपुर: अमर उजाला. ९ अप्रैल २०१७. https://www.amarujala.com/uttarakhand/udham-singh-nagar/worship-in-temple. अभिगमन तिथि: १३ मई २०१८. 
  107. (अंग्रेजी में) Tumariya Reservoir Report [तुमरिया जलाशय रिपोर्ट]. उत्तराखंड सिंचाई विभाग. २०११. http://www.uttarakhandirrigation.com/document/tumaria-dam-23_05_2016.pdf. 
  108. "उजड़ गया रमणीक गिरिताल". काशीपुर: दैनिक जागरण. ५ मई २०१२. https://www.jagran.com/uttarakhand/udhamsingh-nagar-9214655.html. अभिगमन तिथि: १३ मई २०१८. 
  109. "काशीपुर: मां महिषासुर मर्दिनी देवी मंदिर". काशीपुर: दैनिक जागरण. ६ अक्टूबर २०१६. https://www.jagran.com/uttarakhand/udhamsingh-nagar-14824599.html. अभिगमन तिथि: १३ मई २०१८. 
  110. "नवरात्र के लिए देवी मंदिर तैयार". काशीपुर: दैनिक जागरण. २७ मार्च २०१७. https://www.jagran.com/uttarakhand/udhamsingh-nagar-15751479.html. अभिगमन तिथि: १४ मई २०१८. 

ग्रन्थ सूची[संपादित करें]

बाहरी कड़ियाँ[संपादित करें]