खरबूजा महल

मुक्त ज्ञानकोश विकिपीडिया से
यहाँ जाएँ: भ्रमण, खोज

खरबूजा महल बुरहानपुर में स्थित बिलकिस बेगम के मकबरे को कहा जाता है। बिलकिस बेगम मुगल बादशाह शाहजहां और मुमताज महल के दूसरे पुत्र शाह शुजा की पत्नी थी। [1]

स्थापत्य[संपादित करें]

बुरहानपुर में इतवारा गेट के आगे आजाद नगर के पास बेगम शाह शुजा का छोटा सा किंतु बेहद खूबसूरत मकबरा बना हुआ है। चार दिवारी के अंदर निर्मित यह मकबरा एक चबूतरे पर बना हुआ है। यह चबूतरा कमल की पंखुड़ियों के आकार का बना हुआ है, जिसके ऊपर एक अन्य चबूतरे पर यह मकबरा है। पंखुड़ियों के किनारे पर ही पानी के निकास के लिए नाली बनी हुई है। ये मकबरा ईंट, चूने और पत्थर के उपयोग से बना हुआ है। इसका गुंबज कई भागों में विभक्त है और फांको का आकार लिए हुए हैं, जिसमें वह खरबूजे जैसा नजर आता है। यही वजह है कि इस इमारत को खरबूजा महल कहा जाता है।[2][3]

संदर्भ[संपादित करें]

बाहरी कड़ियां[संपादित करें]

बुरहानपुर: दक्षिण का द्वार, पर्यटन बुरहानपुर जिले के जालस्थल पर