समुंदर के लुटेरे: द कर्स ऑफ़ द ब्लैक पर्ल

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समुंदर के लुटेरे:
द कर्स ऑफ़ द ब्लैक पर्ल
Pirates of the caribbean 1 poster.jpg
पोस्टर
निर्देशक गोर वरबन्स्की
निर्माता जेरी ब्रुखिमर
लेखक टेड इलियट
टेरी रोसिओ
आधारित किरदारों के रचैता:
Stuart Beattie
Jay Wolpert
टेड इलियट
टेरी रोसिओ
अभिनेता जॉनी डेप
ऑरलैंडो ब्लूम
केइरा नाइटली
जॉनाथन प्राइस
संगीतकार क्लॉस बैडेल्ट
छायाकार डॉरियुज़ वोल्सकी
संपादक Stephen E. Rivkin
Craig Wood
स्टूडियो वॉल्ट डिज़्नी पिक्चर्स
जेरी ब्रुखिमर फिल्म्स
वितरक बुने विस्ता पिक्चर्स
प्रदर्शन तिथि(याँ)
  • मई 9, 2003 (2003-05-09)
समय सीमा १४३ मिनट
देश संयुक्त राज्य अमेरिका
भाषा अंग्रेज़ी
तुर्की
यूनानी
लागत $१४० मिलियन
कुल कारोबार $६५४,२६४,०१५[1]

समुंदर के लुटेरे: द कर्स ऑफ़ द ब्लैक पर्ल (अंग्रेज़ी: Pirates of the Caribbean: The Curse of the Black Pearl) २००३ की रोमांचकारी फंतासी फ़िल्म है जो डिज्नी थीम पार्क सवारी पाइरेट्स ऑफ़ द करेबियन पर आधारित है। कहानी विल टर्नर (ऑरलैंडो ब्लूम) नाम के लौहार और एक लुटेरों के कप्तान जैक स्पैरो (जॉनी डेप) के इर्द-गिर्द घूमती है जो अगवा की गई एलिज़ाबेथ स्वान (केइरा नाइटली) को शापित ब्लैक पर्ल जहाज़ के कप्तान हेक्टर बारबोसा (जेओफ्री रश) से बचाने का प्रयत्न करते हैं।

२००१ में जे वोलपर्ट ने पाइरेट्स ऑफ़ द करेबियन सवारी पर आधारित एक कथानक लिखा जिसे २००२ में स्टुअर्ट बेटी ने पुनः सुधारा। इसी दरमियां निर्माता जेरी ब्रुखिमर इस परियोजना में शामिल हो गए। उन्होने टेड इलियट व टेरी रोसिओ को कथानक पर काम पे लगा दिया ताकि उसमें अलौकिक श्राप की कहानी जोड सकें। अक्तुबर २००२ से मार्च २००३ के बीच चित्रिकरण सेंट विन्सेंट और ग्रेनाडीन्स तथा लॉस एंजलिस में स्थित सेट्स पर किया गया।

फिल्म का विश्व प्रीमियर २८ जून २००३ को एनाहाइम, कैलिफोर्नियां के डिज़्नी लैंड रिसॉर्ट में किया गया। समुंदर के लुटेरे: द कर्स ऑफ़ द ब्लैक पर्ल एक अनपेक्षित सफलता के रूप में सामने आई जिसे सकारात्मक समिक्षा मिली व विश्वभर में $६५३ मिलियन का कारोबार हुआ। फिल्म श्रंखला की पहली कड़ी बन गई जिसके बाद २००६ में समुंदर के लुटेरे: मुर्दे का खज़ाना व २००७ में समुंदर के लुटेरे: अन्तिम घडी रिलिज़ हुइ और २०११ में एक नई कहानी की शुरूआत समुंदर के लुटेरे: एक अंजान सफर के साथ की गई। फिल्म को पांच अकादमी पुरस्कार के लिए नामांकन प्राप्त हुआ जिसमें जॉनी डेप के लिए सर्वश्रेश्ठ कलाकार शामिल था।

कथानक[संपादित करें]

एक बार जब गवर्नर वेदरबी स्वान (जॉनाथन प्राइस) अपनी बेटी एलिज़ाबेथ (केइरा नाइटली) और ल्युटनंन्ट जेम्स नौरिंटन (जैक डेवनपोर्ट) के साथ जमाइका में स्थित पोर्ट रॉयल जा रहे होते है तब उन्हे एक डूबे हुए जहाज़ के अवशेष व एक अकेला जीवित बचा लडका विल टर्नर (ऑरलैंडो ब्लूम) मिलते है। एलिज़ाबेथ बेहोश विल के गले में लटका एक प्राचीन पदक निकाल लेती है यह सोचकर कि कहीं लोग उसे लुटेरा न समझ ले। तब उसे एक लुटेरों का जहाज़ दिखता है जो असलियत में ब्लैक पर्ल है।

आंठ साल बाद रॉयल नेवी के कप्तान जेम्स नौरिंटन को पदोन्नती देकर कमोडोर बना दिया जाता है और वह एलिज़ाबेथ के सामने शादी का प्रस्ताव रखता है। इससे पहले कि एलिज़ाबेथ उसका जवाब दे पाती है उसका कस कर बांधी गई ड्रेस में दम घुट जाता है और वह चक्कर खा कर खाड़ी में गिर जाती है। पानी में गिरने पर जैसे ही उसके गले में लटका पदक तल को छूता है एक स्पंद की लहर छूट जाती है।

लुटेरा कप्तान जैक स्पैरो (जॉनी डेप) पोर्ट रॉयल पर जहाज़ खिसकाने के मकसद से आ पहुंचता है। वह डूबती हुई एलिज़ाबेथ को बचा लेता है पर नौरिंटन जैक की असलियत जान लेता है और उसे गिरफ्तार कर लेता है। जैक तुरंत एलिज़ाबेथ को बंधक बना कर भाग निकलता है और लौहार की दुकान में छिपता है जहां उसका सामना विल टर्नर से हो जाता है जो अब मुख्य लौहार का शिष्य बन चुका है। दोनों के बीच तलवारबाज़ी छिड जाती है पर अंततः जैक को बेहोश कर दिया जाता है और फांसी के लिए जेल में डाल दिया जाता है। उस रात पोर्ट रॉयल पर ब्लैक पर्ल पदक की पुकार सुन कर आ पहुंचता है और हमला कर देता है। जंग में एलिज़ाबेथ पकडी जाती है पर "बातचीत" का कानून पुकार कर बच जाती है। वह पदक के बदले पोर्ट रॉयल को बख्शने का सौदा करती है और कप्तान बारबोसा (जेओफ्री रश) को अपना झूठा नाम टर्नर बताती है। बारबोसा मान जाता है पर सौदे में खामी ढूंढ कर एलिज़ाबेथ को बंदी बना लेता है, यह सोच कर कि वह श्राप से मुक्ति पाने की चाबी है।

विल, जो एलिज़ाबेथ से प्यार करता है, जैक स्पैरो से ब्लैक पर्ल तक ले जाने का सौदा करने का सुझाव देता है पर नौरिंटन उसे सिर्फ एक लौहार कहकर सुझाव खारिज़ कर देता है। विल बाद में जैक को एलिज़बेथ को बचाने के लिए मना लेता है जिसके बदले वह उसे आज़ाद करवा देगा। जैक विल का पूरा नाम टर्नर जान कर उसका प्रस्ताव यह सोच कर स्वीकार कर लेता है कि वह उसके ज़रिए पर्ल को हासिल कर लेगा। विल और जैक एचएमएस इंटरसेप्टर जहाज़ खिसका लेते है और टोर्टुगा जा कर जैक के पुराने दोस्त जोशामे गिब्स की मदद से कर्मीदल भर्ती कर लेते है। वह इसला डी म्युर्टा टापू की ओर चल देते है क्योंकि जैक को पता होता है कि लुटेरे श्राप तोडने वहीं जाएंगे।

विल को पता चलता है कि जैक पहले कभी ब्लैक पर्ल का कप्तान था पर एज़टेक के सोने का राज़ पता चलने के बाद उसके साथी बारबोसा ने बगावत करके उसे एक विरान टापू पर छोड़ दिया। लुटेरों के कानून के मुताबिक उसे एक बन्दूक और एक गोली दी गई ताकि भूख से मरने से अच्छा वह खुद को गोली मार ले। पर जैक तीन दिन बाद बच निकला और दस साल बाद भी उसने वह गोली बचा रखी है ताकि उसे बारबोसा के सीने में उतार सकें। लुटेरों ने एज़टेक का सोना लुटा दिया पर बाद में उन्हे उस पर लगे श्राप का पता चला जो रात को उन्हे नर-कंकालों में बदल देता था। श्राप तभी तोडा जा सकता है जब सारे सिक्के इकट्ठे करके हर लुटेरे का खून उस पर चढाया जाए। बुटस्टैप बिल, जैक का अकेला समर्थक, ने एक सिक्का अपने बेटे बिल को भेज दिया, यह सोच कर कि बारबोसा और उसका कर्मीदल श्राप के लायक है। बारबोसा ने तब बिल को तोप से बांधकर समुंदर में फेंक दिया पर बाद में उसे पता चला कि उसका खून भी चाहिए होगा; और अब उसे इसी काम के लिय आखरी बचे टर्नर की तलाश है।

इसला डी म्युर्टा पर बारबोसा यह सोच कर कि एलि़ज़ाबेथ बुटस्टैप बिल की बेटी है, आखरी सिक्के को उसके खून से रंग कर संदूक में गिरा देता है पर श्राप फिर भी नहीं टूटता। टापू पर पहुंचकर विल को लगता है कि जैक उसे धोका देगा और वह जैक को बेहोश कर देता है। एलिज़ाबेथ को बचा कर वह इंटरसेप्टर पर ले जाता है और जैक को पीछे छोड़ देता है। जैक बारबोसा से पर्ल के बदले बिल टर्नर की आखरी संतान बताने का सौदा करता है। यह सुनकर बारबोसा जैक को याद दिलाता है कि उसके इसी रवैये के कारण उसे पर्ल से हाथ धोना पड़ा था। बारबोसा का बेडा इंटरसेप्टर को डुबा देता है और उसके कर्मिदल को बंदी बना लेता है। विल खुलासा करता है कि वह बुटस्टैप बिल का बेटा है और एलिज़ाबेथ व कर्मिदल को रिहा करने की मांग करता है अन्यथा वह खुद को गोली मार लेगा और बारबोसा का श्राप तोडने का सपना कभी पूरा नहीं हो सकेगा। बारबोसा मान जाता है पर सौदे में पुनः खामी ढूंढ कर एलिज़ाबेथ और जैक को एक विरान टापू पर छोड़ देता है जहां उसने जैक को आखरी बार छोडा था। विल को इसला डी म्युर्टा ले जाया जाता है जहां बारबोसा उसे मारकर श्राप तोडने का इरादा बना लेता है। विरान टापू पर एलिज़ाबेथ को पता चलता है कि जैक वहां से कैसे बच निकला था; वह टापू शराब के तस्करों का शराब छिपाने का अड्डा था और जैक उनसे सौदा करके बच निकला था।

एलिज़ाबेथा जमा की हुई शराब जला देती है ताकि आग देख कर नौरिंटन का जहाज़ उन्हे ढूंढ सके। वह नौरिंटन के शादी के प्रस्ताव को स्वीकार कर लेती है इस शर्त पर कि वह विल की जान बचा ले। इसला डी म्युर्टा पहुंचकर नौरिंटन जंग की तैयारी करता है और जैक बारबोसा को संधी करने के लिए मनाता है। वह उसे श्राप तब तक न तोडने की सलाह देता है जब तक व नौरिंटन का डौंटलेस जहाज़ ना हथिया लें। जैक का प्लान विफल हो जाता है जब बारबोसा अपने कर्मिदल को जलमग्न होकर डौंटलेस पर चढाई करने का हुक्म देता है। एलिज़ाबेथ पर्ल पर जाकर जैक के कर्मिदल को छुडा लिती है इस उम्मिद में कि वे सब उसकी सहायता करेंगे पर वह पर्ल लेकर निकल जाते है और एलिज़ाबेथ अकेले ही विल की मदद करने निकल पडती है। वह विल को बचा लेती है और दूसरी ओर जैक बारबोसा से लड रहा होता है।

नौरिंटन अपने जहाज़ पर हमला होते देख अपने दल को वापस लौटने का हुक्म देता है। जहाज़ पर पहुंचकर वह शापित लुटेरों से लड पडते है। दूसरी ओर बारबोसा जैसे ही एलिज़ाबेथ को मारने के लिए आगे बढता है जैक उसे गोली मार देता है। बारबोसा को लगता है कि जैक ने गोली बरबाद कर दी पर तभी विल अपने खून से सना आखरी सिक्का संदूक में गिरा कर श्राप तोड देता है। श्राप टूटने के कारण बारबोसा मारा जाता है और डौंटलेस पर वापस सामान्य हुए लुटेरे आत्मसमर्पण कर देते है।

पोर्ट रॉयल पर जैक को सज़ाए मौत दी जा रही होती है पर विल आकर उसे बचा लेता है और जल्द ही दोनो घेर लिए जाते है। यह देखकर नौरिंटन विल को उसकी औकात याद दिलाता है जिसके उत्तर में विल और एलिज़ाबेथ उसे बतातें है कि यह उसके और जैक के बीच है। जैक पीछे की ओर खाडी में गिर जाता है और तैर कर नए मरम्मत किए गए ब्लैक पर्ल पर बच निकलता है। विल को माफी मिल जाती है और एलिज़ाबेथ से शादी करने की इजाज़त भी। जैक के बारे में पुछने पर नौरिंटन उसे एक दिन की बढत देने की बात करता है ताकि वह वापस उसे पकडने निकल सकें। जैक के जहाज़ देने के वादे के बावजूद एनामारिया उसे पर्ल की कमान सौंप देती है। जैक अपने कंपास को देख अ पाइरेट्स लाइफ फॉर मी गुन-गुनाना शुरू कर देता है और फिल्म समाप्त हो जाती है।

अंत में शीर्षकों के बाद बारबोसा का बन्दर जिसका नाम भी जैक है, संदूक में से एक सिक्का निकाल लेता है और कंकाल बन कर कैमरा पर झपट पड़ता है।

पात्र[संपादित करें]

एक सनकी लुटेरा जो शराब के नशे में बडबडाने के लिए जाना जाता है और लहराते हुए हाथों से इशारे करता है। उसने मनगढंत कहानियों से सम्मान हासिल कर लिया है। उसका सारा ध्यान ब्लैक पर्ल को दोबारा हासिल करने में है जिसका दस साल पहले वह कप्तान था। उह किरदार खास तौर से ह्युग जैकमैन के लिए लिखा गया था इसी कारण इसका नाम "जैक स्पैरो" पडा, पर ह्युग जैकमैन ऑस्ट्रेलिया के बाहर ज्यादा प्रसिद्द नहीं था इसिलिय डिज़्नी ने डेप को काम पर लाया।[2] डेप को कथानक काफी मनोरंगक लगा क्योंकि लुटेरे खज़ाने लूटने की नहीं बल्कि वापस लौटाने की कोशिश कर रहे थे ताकि उनका श्राप उतर सके और हमेशा की बगावत पहले ही हो चुकी है।[3] शुरूआत में जैक स्पैरो ब्रुखिमर के शब्दों में "एक जवान बर्ट लैनकास्टर की तरह एक गुस्ताख लुटेरा" था। पहली जाँच में ही डेप ने अभिनय का उत्तम प्रदर्शन करते हुए सबको चकित कर दिया।[4] अठारहवी सदी के लुटेरों का अन्वेषण करणे के बाद डेप ने उनकी तुलना नए युग के रॉकस्टारस से की और अपना अभिनय केथ रिचर्डस पर आधारित करने का निर्णय लिया।[5] हालांकि वरबन्स्की व ब्रुखिमर को डेप पर पूरा भरोसा था पर डिज़्नी के अधिकारी असमंजस में थे और जैक से यह जानना चाहते थे कि उसका पात्र पियक्कड है या समलैंगिक (गे) है और यहां तक कहा कि "वह फिल्म बरबाद कर रहा है"।[4]
ब्लैक पर्ल का कप्तान जो पहले जैक स्पैरो का दायां हाथ था पर दस साल पहले उसने बगावत कर दी थी। उसे और उसके कर्मिदल पर एज़टेक के सोने का श्राप है जिसके कारण वह अमर नर-कंकालों मे बदल जाते है। वरबन्स्की ने रश को इसीलिए फिल्म पे लाया क्योंकि उन्हे पता था कि वह किरदार में पेचीदगी ना डालते हुए एक साधारण शैतानियत भर देंगे ताकि कहानी में यह जंच सकें।[3]
पोर्ट रॉयल में एक लौहार का शिष्य जो एलिज़ाबेथ से प्यार करता है। विल इस बात से परेशान है कि उसके पिता "बुटस्टैप" बिल एक लुटेरे थे पर साथ ही एक अच्छे इंसान भी। जेओफ्री रश के सुझाव पर ब्लूम ने कथानक पढा जब वे दोनो नेड केली पर साथ काम कर रहे थे।[6]
गवर्नर वेदरबी स्वान की बेटी जिसे बचपन से लुटेरे रोमांचकारी लगते थे। ब्लैक पर्ल के पोर्ट रॉयल पर हमले के दैरान वह अपना झुठा नाम टर्नर बताती है जिसके कारण उसे "बुटस्टैप" बिल की बेटी समझ लिया जाता है। एलिज़ाबेथ भी विल को चाहती है। कहानी के साथ-साथ एलिज़ाबेथ भी एक बढिया लुटेरे में बदल जाती है। नाइटली वरबन्स्की के लिए एक चमत्कार साबित हुई क्योंकि उन्होने फुटबॉल शुटबॉल हाए रब्बा में उसका अभिनय नहीं देखा था पर उसके ऑडिशन से काफी प्रभावित हुए।[3]
रॉयल नेवी में एक अफसर जो एलिज़ाबेथ को चाहता है और लुटेरों से सख्त नफरत करता है। फिल्म की शुरूआत में वह जैक स्पैरो को "दुनिया का सबसे बदनाम लुटेरा" कहता है।
  • केविन मैकनेली - जोशामे गिब्स।
जैक स्पैरो का दोस्त व दायां हाथ जो अक्सर जैक की कहानियां सुनाते रहता है। वह कभी रॉयल नेवी में नाविक था।
एक महिला लुटेरी जो विल और का साथ देती है ताकि वह जैक से अपने चुराए गए जहाज़ का जवाब मांग सके। जैक उसकी मदद के बदले इंटरसेप्टर देने का वादा करता है।
  • जॉनाथन प्राइस - गवर्नर वेदरबी स्वान।
जमाइका में स्थित पोर्ट रॉयल के गवर्नर व एलिज़ाबेथ के पिता। टॉम विलकिंसन को यह पात्र देने की बात चल रही थी[7] पर अंततः यह किरदार प्राइस को मिला जिन्हे डेप अपना आदर्श मानता है।[3]
  • ली ऍरनबर्ग - पिंटल।
ब्लैक पर्ल का एक लुटेरा। वह और रेगेटी मिलकर लुटेरों की कहानी को व्यंगात्मक बनाते है।
  • मकेंज़ी क्रूक - रेगेटी।
ब्लैक पर्ल का एक लुटेरा और पिंटल का जिगरी दोस्त जिसकी नकली लकडी की आँख कभी अपनी जगह नहीं टिकती।

विकास[संपादित करें]

निर्माण[संपादित करें]

1990 की शुरूआत में कथानककार टेड इलियट व टेरी रोसिओ ने लुटेरों के ऊपर एक अलौकिक संज्ञा को लेकर कहानी लिखी जाए।[8] 2001 में डिज़्नी ने जे वोलपर्ट को अपनी सवारी पर आधारित एक कथानक लिखने को कहा जो उसके एक्जीक्यूटिव ब्रिघम टयलर, माइकल हायनिस और जोश हारमन की कहानी से प्रेरित हो। इस कहानी में विल टर्नर जेल में एक सिपाही था जो जैक स्पैरो को एलिज़ाबेथ को बचाने के लिए छुडाता है, जिसे कप्तान ब्लैक हार्ट ने पैसों के लिए बन्दी बना रखा है। स्टुडियो इस बात को लेकर असमंजस में था कि फिल्म को सिनेमा में रिलिज़ करे या सिधा डीविडी पर। स्टुडीयो की स्पैरो के लिए पहली पसंद मैथियू मैक'कौनाघे थे। अगर वह सिधा डीविडी पर रिलिज़ करने का फैसला करते तो क्रिस्टोफर वाल्कन या कैरी एल्वस उनकी पहली पसंद होते।[9] मार्च 2002 में स्टुअर्ट बेटी को उनके लुटेरों के ग्यान के कारण कथानक पर काम करने के लिए लाया गया।[7]

जब डिक कुक ने निर्माता जेरी ब्रुखिमर को परियोजना पर काम करने के लिए मना लिया[9] तो उन्होने कथानक को "साधारंण लुटेरों की कहानी" कह कर खारिज़ कर दिया।[5] मार्च में 2002 में उन्होने इलियट व रोसिओ को काम पर लाया और उन्होने कथानक में अलौकिक श्राप की कहानी जोड दी।[10] उसी महिने गोर वरबन्स्की ने निर्देशक की लगाम हाथ में ले लि।[7] उन्हे यह बात पसंद आई कि आधुनिक तकनिक का प्रयोग करके हॉलिवुड के स्वर्ण युग के पहले खो चुके फिल्म प्रकार को वापस लाया जा रहा है।[3]

हालांकि कुक हमेशा से ही डिज़्नी की सवारी पर आधारित फिल्म बनाने के मजबूत प्रस्तावक थे पर द कंट्री बेयर्स की बॉक्स ऑफिस पर असफलता ने माइकल एसनर को यह निर्माण बंद करने के लिए मजबुर कर दिया। फिर भी वरबन्स्की ने अपने अवधारणा कलाकारों इसपर काम करते रहने को कहा और जब एसनर जांच आए तो उनके कार्य को देखकर चकित हो गए। एसनर इस सोच में पड गए कि, "क्या इतना खर्चा करना ज़रुरी है?" जिस पर ब्रुखिमर ने द लॉर्ड ऑफ द रिंग्स और मेट्रिक्स की ओर इशारा करते हुए कहा कि "आपके प्रतिद्वंदी $150 खर्च कर रहें है।"[11]

चित्रिकरण व डिज़ाइन[संपादित करें]

सन्दर्भ[संपादित करें]

  1. "Pirates of the Caribbean: The Curse of the Black Pearl (2003)". Box Office Mojo. अभिगमन तिथि 2007-05-21.
  2. McKay, Holly (2010-12-01). "Jack Sparrow Was Named After Hugh Jackman, Not Intended for Johnny Depp". Fox News. Retrieved on December 2, 2010.
  3. Gore Verbinski, Johnny Depp. (2003) (DVD). Audio Commentary. 
  4. Ian Nathan (2006-07-01). "Pirates of the Caribbean 2". Empire. पृ॰ 68. |access-date= दिए जाने पर |url= भी दिया होना चाहिए (मदद)
  5. Stax (2003-06-25). "Depp & Bruckheimer Talk Pirates". IGN. अभिगमन तिथि 2007-05-13.
  6. Caroline Westbrook (2003-08-08). "Pirates films tests its stars". BBC. अभिगमन तिथि 2007-05-13.
  7. Greg Dean Schmitz. "Pirates of the Caribbean: The Curse of the Black Pearl Greg's Preview". Yahoo!. मूल से 2005-07-13 को पुरालेखित. अभिगमन तिथि 2008-08-09.
  8. Gerard Raiti (2003-07-11). "ILM and Disney Make Pirate Perfection". VFXWorld. अभिगमन तिथि 2007-05-14.
  9. Jim Hill (2007-05-25). "Depp Perception : Why For did Johnny really want to work for Walt Disney Studios?". Jim Hill Media. अभिगमन तिथि 2008-12-31.
  10. Ted Elliott, Terry Rossio, Stuart Beattie, Jay Wolpert. (2003) (DVD). Audio Commentary. 
  11. Jim Hill (2007-05-17). "Why For: did Michael Eisner try and shut down production of "The Curse of the Black Pearl" back in 2002?". Jim Hill Media. अभिगमन तिथि 2008-12-31.

बाहरी कड़ियाँ[संपादित करें]

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