डिरैक डेल्टा फलन

मुक्त ज्ञानकोश विकिपीडिया से
Jump to navigation Jump to search
डिरैक डेल्टा फलन का योजनामूलक निरुपण : तीरयुक्त रेखा

डिरैक डेल्टा फलन (Dirac delta function) या डिरैक का डेल्टा फलन या δ फलन वास्तविक संख्या रेखा पर एक सामान्यीकृत फलन या वितरण है जो शून्य के अलावा सर्वत्र शून्य होता है तथा सम्पूर्ण वास्तविक रेखा पर इसका समाकल होता है। कभी-कभी डेल्टा फलन को मूलबिन्दु पर अन्नत ऊँची किन्तु अनन्त पतली स्पाइक के रूप में भी समझा जाता है जिसका कुल क्षेत्रफल है।

इसका उपयोग आदर्श द्रव्यमान के घनत्व या आदर्श आवेश के घनत्व को निरुपित करने के लिये किया जा सकता है। इसका प्रचलन सैद्धान्तिक भौतिकीविद पॉल डिरैक ने किया। संकेत प्रसंस्करण के क्षेत्र में इसे प्रायः 'इकाई आवेग फलन' (unit impulse function) कहते हैं।

गुण[संपादित करें]

डिरैक डेल्टा फलन को शून्य-केंद्रित नॉर्मल-वितरण की निम्नलिखित सीमा के रूप में भी देखा जा सकता है:
as .



इन्हें भी देखेँ[संपादित करें]