चारभुजा मन्दिर, राजसमंद

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चारभुजा
चारभुजा की राजस्थान के मानचित्र पर अवस्थिति
चारभुजा
चारभुजा
Location within राजस्थान
निर्देशांक: 25°16′00″N 73°41′00″E / 25.2667°N 73.6833°E / 25.2667; 73.6833निर्देशांक: 25°16′00″N 73°41′00″E / 25.2667°N 73.6833°E / 25.2667; 73.6833
नाम
मुख्य नाम: चारभुजा
स्थान
देश: भारत
राज्य: राजस्थान
जिला: राजसमंद
स्थान: गढ़ोर, कुम्भलगढ़
ऊंचाई: [convert: invalid number]
वास्तुकला और संस्कृति
प्रमुख आराध्य: चारभुजा नाथ (विष्णु)
महत्वपूर्ण उत्सव: जलझूलनी एकादशी
इतिहास
निर्माण तिथि:
(वर्तमान संरचना)
१४४४
निर्माता: श्री गंग देव

चारभुजा एक ऐतिहासिक एवं प्राचीन हिन्दू मन्दिर है जो भारतीय राज्य राजस्थान के राजसमंद ज़िले की कुम्भलगढ़ तहसील के गढब़ोर गांव में स्थित है। [1][2][3]

उदयपुर से 112 और कुम्भलगढ़ से 32 कि.मी. की दूरी के लिए मेवाड़ का जाना – माना तीर्थ स्थल हैं, जहां चारभुजा जी की बड़ी ही पौराणिक चमत्कारी प्रतिमा हैं। मेवाड़ के चार प्रमुख स्थल केसरियाजी, कैलाशपुरीजी और नाथद्वारा के साथ गडबोर की गिनती भी हैं।

विवरण[संपादित करें]

इस मन्दिर का निर्माण १४४४ ईसवीं में राजा गंग सिंह ने करवाया था। एक मन्दिर में मिले शिलालेख के अनुसार यहां इस क्षेत्र का नाम "बद्री" था जो कि बद्रीनाथ से मेल खाता है।

बाहरी कड़ियाँ[संपादित करें]

सन्दर्भ[संपादित करें]