चटगाँव (शहर)

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चटगाँव
महानगर
Top view of Nasirabad Zakir Hossain Road (1).jpg
War cemetary8.jpgThe Shah Amanat Bridge.jpg
Lake of Foy's Lake.jpgEthnological Museum of Chittagong..JPG
Karnaphuli River at night (02).jpg
From top: City Skyline including the Agrabad area,
Entrance of Chittagong War Cemetery, Illuminated Shah Amanat Bridge across the Karnaphuli River,
Foy's Lake,
Ethnological Museum, Port of Chittagong
देशबांग्लादेश
विभागचटगाँव विभाग
जिलाचटगाँव जिला
स्थापना1340[1]
शहर का दर्जा मिला1863[2]
शासन
 • महापौरमु. मंज़ूर आलम
क्षेत्रफल[3]
 • महानगर168 किमी2 (65 वर्गमील)
जनसंख्या (2008)[4]
 • महानगर25,79,107
 • घनत्व15351 किमी2 (39,760 वर्गमील)
 • महानगर5
समय मण्डलबांमास (यूटीसी+6)
डाक कूट4000
जीडीपी (2008)$25.5 billion[5]
जीडीपी वृद्धि (2008)6.3%[5]
कॉलिंग कोड31
वेबसाइटचटगांव शहर निगम

चटगाँव या चटगांव (बांग्ला: চট্টগ্রাম चट्टोग्राम), बांग्लादेश का एक प्रमुख बंदरगाह और दूसरा सबसे बड़ा शहर है। चटगांव एक गहरे पानी का प्राकृतिक बंदरगाह है। बंगाल की खाड़ी के पूर्वी तट और कर्णफुली नदी के मुहाने पर स्थित यह शहर, देश के दक्षिणी विभाग में पड़ता है। 2011 में इसकी अनुमानित जनसंख्या 65 लाख से अधिक थी। दक्षिण एशिया में यह वाणिज्य, उद्योग और जहाजरानी (शिपिंग) का एक प्रमुख केंद्र है। यह दुनिया के सबसे तेजी से विकसित होते महानगरों में से भी एक है।

सदियों से चटगाँव के इस प्राचीन प्राकृतिक बंदरगाह ने बंगाल और बंगाल की खाड़ी के प्रमुख व्यापारिक केंद्रों के लिए एक प्रवेश द्वार का कार्य किया है। इस बंदरगाह ने मध्य पूर्व, दक्षिण पूर्व एशिया, यूरोप और चीन के व्यापारियों को आकर्षित किया है। अरब अन्वेषक इब्न-बतूता, वेनिस के व्यापारी निकोलो डे' कोंटी और चीनी एडमिरल झेंग ही समेत कई ऐतिहासिक यात्री इस बंदरगाह से होकर गुजरे हैं। 16 वीं सदी के पुर्तगाली साम्राज्य में इसे पोर्टो ग्रांडे डी बेंगाला के नाम से जाना जाता था। ब्रिटिश ईस्ट इंडिया कंपनी ने बंगाल के अंतिम स्वतंत्र नवाब को हराने के बाद 1760 में बंदरगाह का नियंत्रण प्राप्त किया। 19 वीं सदी में ब्रिटिश राज के तहत, आधुनिक चटगाँव बंदरगाह के विकास के लिए असम-बंगाल रेलवे का निर्माण किया गया। द्वितीय विश्व युद्ध में बर्मा अभियान के दौरान यह मित्र देशों की सेना के लिए एक महत्वपूर्ण आधार बना। 1947 में ब्रिटिश भारत के विभाजन के बाद, चटगाँव पूर्वी पाकिस्तान का हिस्सा बन गया। 1971 में बांग्लादेश मुक्ति युद्ध की शुरुआत में बांग्लादेश की स्वतंत्रता की घोषणा चटगाँव से की गयी।

इन्हें भी देखें[संपादित करें]

सन्दर्भ[संपादित करें]

  1. बांग्लादेश में नगरों की सूची, अभिगमन तिथि: 15 अगस्त 2013
  2. "History of Chittagong City Corporation" [चटगाँव सिटी कोर्पोरेशन का इतिहास]. चटगाँव सिटी कारपोरेशन. अभिगमन तिथि 15 अगस्त 2013.
  3. "Area, Population and Literacy Rate by Paurashava –2001" (PDF). Bangladesh Bureau of Statistics. अभिगमन तिथि 2009-09-18.
  4. "Statistical Pocket Book, 2008" (PDF). Bangladesh Bureau of Statistics. अभिगमन तिथि 2009-08-15.
  5. City Mayors: Richest cities in the world in 2020 by GDP