ओइरत लोग

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ल्हाबज़ंग ख़ान एक ख़ोशूत​ ओइरत था जिसने १६९७-१७१७ काल में तिब्बत पर राज किया

ओइरत (मंगोल: Ойрад, अंग्रेज़ी: Oirat) मंगोल लोगों का सबसे पश्चिमतम समुदाय है जो पश्चिमी मंगोलिया के अल्ताई पर्वत क्षेत्र में वास करते हैं। कई क़बीलों के एकीकरण से बनी यह जाति मध्य एशिया के पूर्वी भाग में उत्पन्न हुई थी लेकिन अब इनका सबसे बड़ा गुट रूस के काल्मिकिया गणतंत्र में मिलता है जहाँ इन्हें काल्मिक लोग कहा जाता है। काल्मिकी १७वीं सदी के शुरूआती दौर में ज़ुन्गारिया से रूसी साम्राज्य के दक्षिण-पूर्वी यूरोपी भाग में आ बसे थे।[1]

ऐतिहासिक रूप से ओइरतों के चार प्रमुख क़बीले हैं: ज़ुन्गार, तोरग़ुत​, दोरबेत और ख़ोशूत​। इनके अन्य क़बीलों में ख़ोइद​, बयिद, म्यन्गद, ज़ख़चिन, बातुद​, बरगा और दरख़द शामिल हैं। दुनिया भर में लगभग ५ लाख ओइरात हैं, जिनमें से २ लाख मंगोलिया में, १.७५ लाख रूस में और १.४ लाख चीन में रहते हैं।

इन्हें भी देखें[संपादित करें]

सन्दर्भ[संपादित करें]

  1. Encyclopedia of the Peoples of Asia and Oceania, Barbara A. West, Infobase Publishing, 2010, ISBN 978-1-4381-1913-7, ... Oirat (Oyrat, Oyirad, Western Mongols, Kalmyks) Oirat is a collective term that refers to the Western Mongols generally, a group that invludes the Zunghars, Durbets and other smaller tribes in northern Asia. The Kalmyk are an Oirat groupp that migrated westward and established their own polity in the lower Volga region of European Russia in the early 17th century ...