आदि-सीनाई लिपि
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| आदिम-सीनाई लिपि | |
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आदिम-सीनाई लिपि का नमूना। ऊपर-बाएँ से नीचे-दाएँ तक की पंक्ति सम्भवतः "मत ल ब'लत ..." है अर्थात् "महिला को ..." | |
| प्रकार | |
काल | ल॰ 19वीं–16वीं शताब्दी ई.पू. |
| भाषाएँ | कनानी |
| संबंधित लिपि(याँ) | |
जनक प्रणालियाँ | मिस्री चित्रलिपि
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बाल प्रणालियाँ | |
आदिम-सीनाई लिपि एक कांस्य युग की लिपि थी जिसकी कुछ लिखाईयाँ मिस्र के सीनाई प्रायद्वीप में पाई गई हैं। यह फ़ोनीशियाई लिपि और प्राचीन दक्षिण अरबी लिपि, दोनों की पूर्वजा मानी जाती है। क्योंकि फ़ोनीशियाई लिपि अधिकतर मानव लिपियों की पूर्वज है (जिसमें देवनागरी समेत भारत की लगभग सभी लिपियाँ शामिल हैं) इसलिए यह आदिम-सीनाई लिपि विश्व की अधिकांश ऐतिहासिक व आधुनिक लिपियों की माता मानी जाती है।[1]
इन्हें भी देखें
[संपादित करें]सन्दर्भ
[संपादित करें]- ↑ Garfinkel, Yosef; Golub, Mitka R.; Misgav, Haggai; Ganor, Saar (May 2015). "The ʾIšbaʿal Inscription from Khirbet Qeiyafa". Bulletin of the American Schools of Oriental Research (373): 217–233. डीओआई:10.5615/bullamerschoorie.373.0217. 10 जून 2015 को मूल से पुरालेखित. अभिगमन तिथि: 18 June 2015.