जर्मनी का इतिहास

मुक्त ज्ञानकोश विकिपीडिया से
यहाँ जाएँ: भ्रमण, खोज

प्राचीन रोमन डैन्यूब नदी के उत्तर में रहने वाले "बर्बर कबीलों" वाले देशों को गेर्मानिया (Germania) कहा करते थे, जिसके नाम पर अंग्रेज़ी शब्द 'Germany' पड़ा। ये कबीले 'पुरानी जर्मन भाषा' की बोलियाँ बोलते थे। धीरे-धीरे इनका ईसाईकरण हुआ और जर्मन देश ईसाई पवित्र रोमन साम्राज्य का केन्द्र बन गया।

दूसरी शताब्दी ईसा पूर्व में पश्चिमी यूरोप में जर्मन जातियों के अभ्युदय का उल्लेख मिलता है। कुछ जातियाँ जैसे अलामन्नी (Alamanni) बरगंडियाई (Burgundians), फ्रांक (Franks) लंबार्ड (Lombards) ओस्ट्रोगोथ (Ostrogoths) और विज़ीगोथ (Visigoths) पूर्व में राइन नदी के मुहाने, पश्चिम में एल्बे नदी और दक्षिण में उत्तरी इटली के भागों के बीच धीरे-धीरे बसीं। उनमें से कुछ ने इटली पर आक्रमण किया और रोम साम्राज्य का विनाश किया, अन्य फ्रांस और ब्रिटेन में बस गई। राइन नदी के दोनों ओर का क्षेत्र कुछ दिन विवाद में रहने के पश्चात्‌ फ्रांकों के रोमन सम्राट् शार्लमेन द्वारा नवीं शताब्दी में अधिकृत किया गया। लेकिन शताब्दी के अंतिम दिनों जर्मन साम्राज्य तीन भागों में बँट गया।

सैस्कन सम्राट् ओटो प्रथम ने 962 ई. में इटली और जर्मनी को एक सूत्र में बाँधा। आगे चलकर अशांतिपूर्ण स्थिति उत्पन्न हुई। फ्रैडरिक द्वितीय ने अपने शासन को सिसली में ही केंद्रित रखा, इस प्रकार जर्मनी लगभग उपेक्षित रहा। 1273 में हप्सबर्ग का रुडाल्फ सम्राट् निर्वाचित हुआ, किंतु उसके लिये भी बड़े साम्राज्य को कायम रखना असाध्य हो गया था।

रोमन साम्राज्य जिस समय लड़खड़ा रहा था, इंग्लैंड, फ्रांस ओर स्पेन शक्तिशाली राज्य बन रहे थे। जर्मनी उस समय समृद्ध था- इसके विरुद्ध उपर्युक्त तीनों राज्यों ने संधि की।

लेकिन जर्मनी की राजनैतिक अस्थिरता के कारण वहाँ 16वीं शताब्दी में मार्टिन लूथर के नेतृत्व में आंदोलन हुआ। अंत में इस आंदोलन ने 30 वर्षीय धर्मयुद्ध (1618-1648) का रूप लिया। इसमें जर्मनी के लगभग 300 टुकड़े हुए। 18वीं शताब्दी में इन छोटी-छोटी स्वतंत्र इकाइयों ने प्रशा में अत्यधिक उन्नति की।

फ्रांसीसी क्रांति ओर नेपोलियन के युद्धों के समय से जर्मनी में राष्ट्रीयता की चेतना का आविर्भाव हुआ। यह चेतना आगे चलकर उदारवादी आंदोलन के रूप में बदली। 1618 से 1671 तक तत्कालीन चाँसलर ओटाबान बिसमार्क ने आस्ट्रिया, डेनमार्क और फ्रांस से युद्ध करके जर्मन राज्य को संगठित किया। फ्रांस की पराजय के बाद जर्मनी ने सैनिक, औद्योगिक और आर्थिक क्षेत्रों में तेजी से प्रगति की। विसमार्क ने इस स्थिति में अन्य यूरोपीय शक्तियों से संबंध स्थापित किया। 1888 ई. में विलियम द्वितीय सम्राट् हुआ। देश की अंतर्राष्ट्रीय स्थिति में पुन: अशांति उत्पन्न हुई, जिसने 20वीं शताब्दी में प्रथम विश्वयुद्ध का रूप लिय। इस युद्ध में जर्मन सेनाएँ पराजित हुई। इस पराजय से उत्पन्न आर्थिक और सामाजिक अव्यवस्थाओं तथा 'मित्र राष्ट्रों' की 'वार्सा-संधि' के अनुसार आर्थिक दबावों की परिस्थिति में एडाल्फ हिटलर तथा नेशनल सोशलिस्ट पार्टी (नाजी दल) ने 1933 में जर्मनी की सत्ता ग्रहण की। प्रथम विश्वयुद्ध के बाद वीमर (Weimer) संविधान के अनुसार गणराज्य घोषित जर्मनी में हिटलर ने अपना अधिनायकत्व स्थापित किया। उसने अपने शासनकाल में जर्मनी को सभी क्षेत्रों में सुदृढ़ किया। उसकी साम्राज्यवादी नीति ने, जिससे उसने यूरोप का बड़ा भाग 1939 तक कुछ संधियों से और कुछ सैनिक तरीकों से जर्मनी में जोड़ लिया, द्वितीय विश्वयुद्ध की परिस्थितियाँ मित्र राष्ट्रों के समक्ष आत्मसमर्पण करना पड़ा। रूस, ब्रिटेन, संयुक्तराज्य अमरीका और फ्रांस ने जर्मनी के चार भाग करके परस्पर बाँट लिए। 1949 में शांति समझौते के अनुसार जर्मनी की फेडरल जर्मन रिपब्लिक (पश्चिमी) और जर्मन डिमाक्रेटिक रिपब्लिक (पूर्वी) दो भाग हुए। पूर्वी भाग, जिसमें पूर्वी प्रशा भी संमिलित है, जो कि 1937 के पूर्व जर्मनों के और अब पोलैंड और रूस के अधिकार में हैं।

1990 में कम्युनिस्ट पूर्वी जर्मनी की मार्क्सवादी सरकार ढह गयी और जर्मनी का वापिस एकीकरण हुआ।

जर्मनी की समयरेखा[संपादित करें]

कांस्ययुग, लौहयुग तथा अंधयुग (Dark Ages) - सेल्ट (Celts) लोगों की प्राचीन संस्कृति फ्रांस सहित यूरोप के कई देशों में फैल चुकी थी।

सन् १८७१ तक जर्मनी का एक राष्ट्र के रूप में अस्तित्व ही नही था। इसके पहले यह छोटे-छोटे राज्यों में बंता हुआ था।

768-814 - Charlemagne rules as King of the Franks and is crowned as Holy Roman Emperor

870 Formation of the duchies of Franconia, Saxony, Bavaria and Lorraine

919 919 - 1024 The Saxon dynasty rule Germany

1024 1024-1255 - The Salian dynasty rules the Germans

1099 First Crusade (The People's Crusade). Jerusalem is re-taken from the Muslims on the urging of Pope Urban II. 1st Crusade led by Count Raymond IV of Toulouse and proclaimed by many wandering preachers, notably Peter the Hermit

1118 The Knights Templar founded to protect Jerusalem and European pilgrims on their journey to the city

1138 1138 -1254 - The Hohenstaufen dynasty

1147 Second Crusade led by Holy Roman Emperor Conrad III and by King Louis VII of France

1190 Third Crusade 3rd Crusade led by Richard the Lionheart of England, Philip II of France, and Holy Roman Emperor Frederick I. Saladin manages to unite the Muslim world and recapture Jerusalem, sparking the fourth Crusade

1200 Fourth Crusade and the French/Flemish advanced on Constantinople but the Christians fail to recapture Jerusalem

1212 The Children's Crusade led by a French peasant boy, Stephen of Cloyes

1270 Other crusades follow including the eighth crusade led by Louis IX of France - but the armies still fail to capture Jerusalem

1273 Rudolf of Hapsburg crowned king of the Germans

1348 The Black Death ravages Europe for the first of many times. An estimated one third of the population is thought to have perished within the first year

1499 Switzerland breaks away from the German empire

1517 Martin Luther initiates the Reformation

1546 1546-1547: Emperor Charles V defeats the Protestant princes and allies

1555 The Peace of Augsburg where the princes determine the religion of their territories

1618 1618 - 1648: The Thirty Years War ending with the Peace of Westphalia

1701 Frederick crowned the first king of Prussia

1740 1740 - 1748: The War of Austrian Succession

1806 The Confederation of the Rhine was established by Napoleon Bonaparte

1806 Prussia declared war on France and was defeated by Napoleon Bonaparte

1813 The Prussians helped defeat Napoleon Bonaparte at Leipzig 1814 1814-1815: Congress of Vienna establishes the German Confederation of 39 independent German states

1815 Napoleon was defeated at Waterloo

1862 बिस्मार्क प्रशा का प्रधानमंत्री बना।

1870 Franco-Prussian War

1871 जनवरी : जर्मनी का पेरिस पर अधिकार

1871 18 January: Wilhelm I was crowned the first Kaiser of the German Empire uniting all of the German states

1914 28 जून - Archduke Franz Ferdinand of Austria-Hungary and his wife were assassinated in Sarajevo, Bosnia-Herzegovina provoking WW1 August: Germany declares war on Russia and France. The United Kingdom declares war on Germany

9 नवम्बर 1918 : जर्मनी को गणतंत्र घोषित किया गया।

११ नवम्बर 1918 : वर्साय की सन्धि के फलस्वरूप प्रथम विश्वयुद्ध समाप्त। राइनलैण्ड को १५ वर्ष के लिये मित्र राष्ट्रों के अधीन कर दिया गया।

1919 19 January: A national assembly meets in Weimar to write a new German Constitution - called the Weimar Republic

1923 The National Socialist German Workers Party (Nazis) attempt an unsuccessful armed rebellion led by Adolf Hitler

1933 एडॉल्फ हिटलर जर्मनी का चाम्सलर बना।

1934 Adolf Hitler declared himself der Fuhrer. The Nazi German government is called the Third Reich

10 अप्रैल 1938 : जर्मनी द्वारा आस्ट्रिया पर आक्रमण

1939 16 March: Germany occupies Czechoslovakia

1939 1 September: Germany invades Poland starting World War II

1940 Germany captures Denmark, Norway, the Netherlands, Belgium, France and Luxembourg. The Allies including Russia, UK and USA retaliate

1945 30 April: एडॉल्फ हिटलर ने आत्महत्या कर ली।

अगस्त : अमेरिका ने हिरोशिमा और नागासाकी पर परमाणु बम गिराये।

7 मई १९४५ : जर्मनी का आत्मसमर्पण

जून १९४५ : जर्मनी को चार भागों में बाँट दिया गया और उन पर सैनिक शासन लगा दिया गया। (यूएसए, यूके, यूएसएसआर, फ्रांस)

मई, 1949 : मित्र राष्ट्रों ने पश्चिमी जर्मनी के संविधान को मान्यता दी। पूर्वी जर्मनी ने साम्यवादी शासन वाला संविधान स्वीकारा।

अक्टूबर १९४५ : जर्मन लोकतांत्रिक रिपब्लिक (पूर्वी जर्मनी) का निर्माण।

5 मई 1955 : पश्चिमी जर्मनी को स्वतंत्रता मिली।

अगस्त 1961 : बर्लिन की दीवार का निर्माण

9 नवम्बर 1989 : बर्लिन की दीवार गिरा दी गई। कम्प्युनिस्ट पूर्वी जर्मनी के लोग पश्चिमी जर्मनी में आने के लिए स्वतंत्र

3 अक्टूबर 1990 : पूर्वी और पश्चिमी जर्मनी का एकीकरण

बाहरी कड़ियाँ[संपादित करें]