भारत की शिक्षा व्यवस्था

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भारत में शिक्षा का अत्यन्त पुराना इतिहास है। नालंदा विश्वविद्यालय विश्व में सबसे पुराना विश्वविद्यालय था।

वर्तमान में यहाँ शिक्षा मुख्यतः सार्वजनिक संस्थानों से प्रदान की जाती है जिसमें नियंत्रण एवं वित्तपोषण तीन स्तरों से आता है - केन्द्र, राज्य एवं स्थानीय निकाय। १४ वर्ष तक के बच्चों को निःशुल्क एवं अनिवार्य शिक्षा का अधिकार प्रदान किया गया है।

अंग्रेजी राज के समय में भारतीय समाज में पश्चिमी ढंग की शिक्षा का भी समावेश हुआ। भारत में शिक्षा का विषय केन्द्र एवं राज्य दोनों के अधीन है।

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