सकल विकृतिविज्ञान

मुक्त ज्ञानकोश विकिपीडिया से
Jump to navigation Jump to search
चितित्सक द्वारा इस गुर्दे के सकल निरीक्षण में इसकी बाई ओर बढ़ रहे फुलाव (ट्यूमर) को बिना सूक्ष्मदर्शी के प्रयोग के पहचाना जा सकता है

सकल विकृतिविज्ञान (Gross pathology) शरीर के अंगों, ऊतकों (टिशूओं) और शारीरिक विविरों में रोगों के स्थूलदर्शी (macroscopic, यानि बिना सूक्ष्मदर्शी के दिख सकने वाले) प्रभावों को कहते हैं। इन्हें सकल निरीक्षण में देखकर चिकित्सक रोगों के बारे में अनुमान लगा सकते हैं। उदाहरण के लिए किसी सिस्ट के आकार, रूप और रंग को देखकर चिकित्सक उसके किसी रोग विशेष से सम्बन्धित होने का अंदाज़ा लगा सकते हैं।[1]

इन्हें भी देखें[संपादित करें]

सन्दर्भ[संपादित करें]

  1. Mitchell, Richard Sheppard; Kumar, Vinay; Abbas, Abul K.; Fausto, Nelson. Robbins Basic Pathology. Philadelphia: Saunders. ISBN 1-4160-2973-7. 8th edition.