विष का इतिहास
विष का इतिहास ४५०० ईसापूर्व से भी पहले तक जाता है। मानव इतिहास में विष का प्रयोग भिन्न-भिन्न उद्देश्यों की पूर्ति के लिए किया गया है, जैसे हथियार, प्रतिविष, औषधि आदि।
इतिहास
[संपादित करें]विष का आविषकार प्राचीन काल में ही हो गया था। प्राचीन जनजातियाँ एवं प्राचीन सभ्यताएँ विष का प्रयोग अपने शिकार या शत्रु के शीघ्र मृत्यु को सुनिश्चित करने के लिए करतीं थीं। रोमन साम्राज्य के इतिहास में तो विष का प्रमुख उपयोग शत्रु की हत्या करना बन गया था।
मध्यकालीन यूरोप में हत्या करने के लिए विष का और अधिक उपयोग हुआ। प्रमुख विषों के उपचार की विधियां भी खोजी गईं। लगभग उसी काल में मध्य-पूर्व में अरब लोगों ने आर्सैनिक का एक विशेष रूप विकसित करने में सफलता पायी जो गन्धहीन एवं पारदर्शी था। इससे विष का पता लगाना कठिन हो गया।
बाद के काल में भी विष के हानिकारक प्रभावों की सूचबढ़ती गई। साथ-साथ इन विषों के उपचार के तरीके भी विकसित होते रहे।
आधुनिक युग में विषों के सदुपयोगों की वृद्धि हुई है। वर्तमान समय में विष कीटनाशक, प्रतिसंक्रामक, साफ करने वाले पदार्थ एवं संरक्षक (preservatives) आदि के रूप में प्रयुक्त होते हैं।
बाहरी कड़ियाँ
[संपादित करें]- History of Poisons
- www.poison.org
- Ancient Healing Remedies Reintroduced
- Dark History of Poison
- Arsenic Poisoning History
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