"इलियाड" के अवतरणों में अंतर

नेविगेशन पर जाएँ खोज पर जाएँ
2 बैट्स् जोड़े गए ,  7 वर्ष पहले
छो
बॉट: डॉट (.) के स्थान पर पूर्णविराम (।) और लाघव चिह्न प्रयुक्त किये।
छो (बॉट: अनावश्यक अल्पविराम (,) हटाया।)
छो (बॉट: डॉट (.) के स्थान पर पूर्णविराम (।) और लाघव चिह्न प्रयुक्त किये।)
[[चित्र:Akhilleus Patroklos Antikensammlung Berlin F2278.jpg|200px|thumb|right|इलियाड का प्राचीन ज़ूनानी निदर्श चित्र]]
'''ईलियद''' ([[प्राचीन यूनानी भाषा|प्राच. यून.]] Ἰλιάς ''Iliás'') — [[प्राचीन यूनानी]] शास्त्रीय [[महाकाव्य]], जो कवि [[होमर]] की मानी जाती है। ईलियद यूरोप के आदिकवि होमर द्वारा रचित महाकाव्य। इसका नामकरण ईलियन नगर (ट्राय) के युद्ध के वर्णन के कारण हुआ है। समग्र रचना 24 पुस्तकों में विभक्त है और इसमें 15,693 पंक्तियाँ हैं। इलियाड ई.पू. तीसरी तथा दूसरी शताब्दियों में प्राचीन यूनानी वीरों के बहुसंख्यक इतिवृत्तों के आधार पर रची गयी है। इलियड में ट्राय राज्य के साथ ग्रीक लोंगो के युद्ध का वर्णन है. इस महाकाव्य में ट्राय के विजय और ध्वंस की कहानी तथा युनानी वीर एकलिस के वीरत्व की गाथाएं हैं.हैं।
== कथावस्तु ==
 

दिक्चालन सूची