विकिपीडिया:श्रेष्ठ लेख समीक्षा

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श्रेष्ठ लेख बनाने हेतु लेख को श्रेष्ठ लेख मापदंड‎ पर खरा उतरना चाहिए। इसमें लिखने की गुणवत्ता, सही जानकारी, स्थिरता, चित्रों का सही ढंग से उपयोग आदि भी शामिल है। यह लेख इस बारे में बताता है कि किस तरह किसी लेख को श्रेष्ठ लेख के अनुरूप माना जाएगा और कैसे इसकी समीक्षा की जाएगी।

प्रक्रिया[संपादित करें]

श्रेष्ठ लेख की प्रक्रिया को जानबूझकर हल्का रखा गया है। कोई भी पंजीकृत सदस्य किसी लेख को इसके लिए मनोनीत कर सकता है और कोई भी सदस्य जिसे निर्वाचित लेख बनाने का अनुभव हो, वह इसकी समीक्षा कर सकता है। इसमें किसी प्रकार से मतदान, समितियों आदि की कोई आवश्यकता नहीं है। यदि कोई लेख निर्धारित मापदंड पर खरा उतरता है और किसी भी प्रकार की कमी नहीं होती है तो उसे श्रेष्ठ लेख माना जा सकता है।

कोई सदस्य किसी लेख को श्रेष्ठ लेख बनाने हेतु मनोनीत करता है तो कोई भी एक समीक्षक इसकी समीक्षा कर सकता है। एक समीक्षक द्वारा समीक्षा पूरी होने पर प्रबंधक द्वारा लेख के श्रेष्ठ लेख घोषित करने से पूर्व अन्य सदस्य भी अपना सुझाव दे सकते हैं। लेख में यदि कोई बहुत महत्वपूर्ण पहलू छूटा हुआ है तो इसकी ओर ध्यानाकर्षण हेतु कोई भी सदस्य लिख सकता है। समीक्षा के बाद यदि लेख निर्धारित मापदंड पर खरा उतरता है तो कोई भी प्रबन्धक इसे श्रेष्ठ लेख घोषित कर सकता है।

यदि लेख निर्धारित मापदंड पर खरा नहीं उतरता है तो इसके बाद दो विकल्प हैं:

  • यदि लेख का बहुत छोटा हिस्सा या कुछ भाग ही श्रेष्ठ लेख मापदंड पर खरा नहीं उतर रहा है तो इसकी समीक्षा करने वाले सदस्य उस मापदंड के बारे में समीक्षा वाले पन्ने पर लिख सकते हैं। यदि लेख में परेशानी बहुत ही छोटी है तो समीक्षा करने वाला भी उसे सुधार सकता है या यदि समस्या बड़ी हो तो मनोनीत करने वाले सदस्य को उसे ठीक करने बोल सकता है। यदि लेख बिलकुल भी मापदंड के अनुरूप न हो तो दूसरे विकल्प का उपयोग किया जा सकता है।
  • यदि लेख में समस्या बहुत बड़ी हो या लेख को मापदंड पर खरा उतरने के लिए बहुत परिवर्तन की आवश्यकता हो तो नामांकन रद्द किया जा सकता है। एक बार उचित सुधार होने के बाद नामांकन करने वाला सदस्य फिर से उस लेख का नामांकन श्रेष्ठ लेख हेतु कर सकता है।

समीक्षा कैसे करें[संपादित करें]

समीक्षा को दो चरणों में बांटा गया है। पहले चरण में यह देखना होता है कि यह श्रेष्ठ लेख मापदंड के अनुसार ही है या नहीं और दूसरे चरण में इसकी समीक्षा लिखनी होती है।

प्रथम चरण
  1. लेख अच्छी तरह से लिखा होना चाहिए, जिसमें व्याकरण और मात्राओं की गलती नहीं होनी चाहिए। जानकारी को अनुभागों में अच्छे से विभाजित रहना चाहिए, विकिकड़ियों का भी सही उपयोग किया गया होना चाहिए। इसके अलावा इसे विकिपीडिया के लेखन शैली में ही लिखा होना चाहिए। लेख पढ़ने के बाद यह देखें कि लेख के शीर्ष में इस विषय की अच्छी तरह से जानकारी दी गई है या नहीं।
  2. लेख में जानकारी विश्वसनीय स्रोतों के साथ होनी चाहिए। लेख की जानकारी कहीं से नकल की गई या मूल शोध नहीं होना चाहिए। सन्दर्भ में वेब, समाचार, पुस्तक और जर्नल के लिए अलग-अलग साँचों का उपयोग होना चाहिए। गैर हिन्दी स्रोतों के लिए भाषा का नाम और शीर्षक का अनुवाद होना चाहिए।
  3. लेख में विषय से जुड़ा कोई महत्वपूर्ण बात छूटा न हो और न ही अनावश्यक विस्तार किया गया हो।
द्वितीय चरण
  1. यदि लेख पूरी तरह से मापदंड पर खरा भी उतरता हो भी उसे और विस्तार व सुधार हेतु कोई सुझाव अवश्य देना चाहिए, जिससे भविष्य में आने वाले संपादकों को भी इस बात का पता चलेगा। समीक्षा लिखते समय यह कोशिश करनी चाहिए कि लेख की समस्या न बता कर यह बताना चाहिए कि उसमें क्या सुधार करना है।
  2. यदि लेख में कोई समस्या है और श्रेष्ठ लेख बनाने लायक न भी हो तो उसके बारे में जानकारी के साथ समीक्षा लिखनी चाहिए और उस नामांकन को निरस्त करना चाहिए या कुछ समय का वक्त उसे सुधारने के लिए देना चाहिए। यदि लेख में बहुत कम सुधार करना हो तो उस स्थिति में नामांकनकर्ता को ज्यादा से ज्यादा एक महीने का समय दिया जा सकता है और यदि लेख में समस्या अधिक हो तो उस नामांकन को रद्द किया जा सकता है। नामांकन करने वाला सदस्य उन समस्याओं को हल कर पुनः नामांकन कर सकता है।

समीक्षा में गलतियों से बचना[संपादित करें]

  1. निर्धारित मापदंड पर खरा न उतरने वाले लेख को भी श्रेष्ठ लेख चुन लेना।
किसी भी लेख को श्रेष्ठ लेख बनाने से पूर्व उसे निर्धारित मापदंड पर खरा उतरना चाहिए। किसी लेख को केवल इसलिए श्रेष्ठ लेख नहीं चुनना चाहिए कि वह उपयोगी लेख है या किसी और कारण से श्रेष्ठ लेख बनाया जाना चाहिए।
  1. सुधार या सुझाव के स्थान पर केवल समस्या बताना।
लेख निर्धारित मापदंड पर खरा नहीं उतरता या इस तरह के किसी कारण से लेख में कोई सुधार नहीं हो सकता। इसके स्थान पर उस कारण के साथ साथ किस प्रकार सुधार किया जा सकता है, लिखा चाहिए। यदि सुधार हेतु कुछ भी न हो तो लेख नामांकन के लायक नहीं है।

विवादों से निपटना[संपादित करें]

श्रेष्ठ लेख की समीक्षा सकारात्मकता के साथ होनी चाहिए पर कभी कभी विवाद भी उत्पन्न हो जाता है। ऐसे में दूसरे की राय ली जा सकती है या लेख को नामांकन से वापस लेकर दुबारा फिर उसका नामांकन भी किया जा सकता है। यदि किसी पुराने लेख में कोई विवाद उत्पन्न हो जाता है जैसे उसके श्रेष्ठ लेख मापदंड में खरा नहीं उतरने पर उसे श्रेष्ठ लेख से हटाया भी जा सकता है और यदि किसी लेख को श्रेष्ठ लेख से हटा दिया गया है, उसे भी वापस नामांकन के द्वारा श्रेष्ठ लेख बनाया जा सकता है।