व्याकरण
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व्याकरण वह विद्या है जिसके द्वारा किसी भाषा का शुद्ध बोलना, शुद्ध पढ़ना और शुद्ध लिखना आता है उसे व्याकरण कहते हैं। किसी भी विकसित भाषा के लिखने, पढ़ने और बोलने के निश्चित नियम होते हैं भाषा की शुद्धता व सुंदरता को बनाए रखने के लिए इन नियमों का पालन करना आवश्यक होता है। ये नियम भी व्याकरण के अंतर्गत आते हैं। व्याकरण भाषा के अध्ययन का महत्त्वपूर्ण हिस्सा है। भाषा के तीन महत्त्वपूर्ण भाग होते हैं:
- वर्ण- इसमें अक्षरों या वर्णों से संबंधित नियमों का ज्ञान होता है।
- शब्द- इसमें शब्द की परिभाषा व उसके भेद आदि का वर्णन होता है।
- वाक्य- इसमें वाक्य और उसके भेदों तत्वों व नियमों का वर्णन होता है।

