मैदानी हॉकी
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| ध्वज | तिरंगा |
| राष्ट्रीय चिह्न | अशोक की लाट |
| राष्ट्र-गान | जन गण मन |
| राष्ट्र-गीत | वंदे मातरम् |
| पशु | बाघ |
| जलीय जीव | गंगा डाल्फिन |
| पक्षी | मोर |
| पुष्प | कमल |
| वृक्ष | बरगद |
| फल | आम |
| खेल | मैदानी हॉकी |
| कलेंडर | शक संवत |
फील्ड हॉकी दुनिया भर में पुरुषों व महिलाओं में खेले जाने वाला एक काफी प्रसिद्ध खेल है । यह ११ - ११ खिलाड़िय़ों की दो टीमों के बीच में प्राकृतिक घास या कृत्रिम घास (एस्ट्रोटर्फ) पर खेला जाता है ।
अनुक्रम |
[संपादित करें] इतिहास
मैदानी हॉकी लाठी (स्टिक) व गेंद से खेले जाने वाले प्राचीनतम खेलों में से एक है। ऐतिहासिक तथ्य हमें बताते हैं कि यह काफी प्राचीन सभ्यताओं में भी खेला जाता था। आधुनिक हाकी मध्य १८वीं शताब्दी में उभर कर आई पर यह १९वीं शताब्दी में ही ढंग से स्थापित हो पाई जब ब्लैक हीथ नाम का क्लब दक्षिण-पूर्व लंदन नें बना। पहले यह घास पर खेला जाता था और फिर १९७० से कृत्रिम घास पर खेला जाने लगा जिसने खेल के काफी पहलुओं में बदलाव ला दिया। अब एशियाई देशों का बोलबाला कम हो गया। खेल की गति, खेलने के सामान में बदलाव आने से नये नये नियम, योजनायें बनने लगीं और स्थापित हो गईं।
[संपादित करें] मैदान
इ
[संपादित करें] सामान
[संपादित करें] नियम
[संपादित करें] प्रमुख प्रतियोगिताएँ
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