अर्थिंग प्रणाली

मुक्त ज्ञानकोश विकिपीडिया से
यहाँ जाएँ: भ्रमण, खोज
चित्र:TN-S-earthing.svg
TN अर्थिंग प्रणाली जिसमें ट्रान्सफार्मर या मोटर का कोई एक बिन्दु 'अर्थ' कर दिया जाता है; प्राय: 'स्टार-प्वांइन्ट' को अर्थ किया जाता है

विद्युत आपूर्ति प्रणाली में अर्थिंग प्रणाली सभी चालकों का पृथ्वी के तल के सापेक्ष विभव निश्चित करता है। प्रयोग की गयी अर्थिंग प्रणाली से ही विद्युत आपूर्ति तंत्र की सुरक्षा और विद्युतचुम्बकीय कम्पेटिबिलिटी आदि प्रभावित होती हैं। एक देश से दूसरे देश में अर्थिंग प्रणाली में पर्याप्त भिन्नता पायी जाती है।

रक्षात्मक अर्थ तंत्र (protective earth (PE)) से यह सुनिश्चित होता है कि सभी खुले हुए चालकों के तल धरती के विभव पर ही हैं। इससे यदि किसी उपकरण में विद्युत इन्सुलेशन कट गया हो या खराब हो गया हो और उपकरण के शरीर से वह तार सम्पर्क बना रहा हो तो उस उपकरण को छूने पर विद्युत का झटका लगने की सम्भावना नहीं रहती क्योंकि जैसे ही 'जीवित' तार उपकरण के शरीर को छूता है, शॉर्ट सर्किट की स्थिति बन जार्ती है और बहुत अधिक धारा बहने के कारण फ्यूज तुरन्त उड़ जाता है या सर्किट ब्रेकर/एमसीबी आदि बन्द हो जाते हैं। स्वस्थ स्थिति में रक्षात्मक अर्थ प्रणाली में प्राय: बहुत कम या नहीं के बराबर धारा बहती है, चाहे उपकरण चालू हो या बन्द। जब कोई विद्युतीय उपकरण चलता है तो उस उपकरण में एक अलग विद्युतीय धारा बहती है जिसे हम ई.एम एफ (इलेक्ट्रो मोटिव फोर्स) कहते हैं।और इसमें कभी-कभी बहुत अधिक मात्रा में विद्युत धारा प्रवाहित होती रहती है जिससे हमें आघात लगने की संभावना रहती है,ऐसी अवस्था में भी अर्थिंग काफी कारगर सिद्ध होता है। इसके विपरीत कार्यशील अर्थ प्रणाली (functional earth connection) में जब युक्ति/उपकरण चालू हो तो कुछ धारा भी बह सकती है।