हेमकुंट साहिब

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हेमकुंट साहिब
ਹੇਮਕੁੰਟ ਸਾਹਿਬ
हेमकुंट
तीर्थ स्थल
A stone building is surrounded by partially frozen ponds. Pilgrims can be seen on the paths
गुरुद्वारा हेमकुंट साहिब
देश भारत
राज्यउत्तराखण्ड
जिलाचमोली जिला
ऊँचाई4632.96 मी (15,200.00 फीट)
भाषाएँ
 • आधिकारिकहिन्दी
समय मण्डलIST (यूटीसी+5:30)
PIN249401
वेबसाइटwww.hemkunt.in

हेमकुंट साहिब चमोली जिला, उत्तराखंड, भारत में स्थित सिखों का एक प्रसिद्ध तीर्थ स्थान है। यह हिमालय में 4632 मीटर (15,200 फुट) की ऊँचाई पर एक बर्फ़ीली झील के किनारे सात पहाड़ों के बीच स्थित है। इन सात पहाड़ों पर निशान साहिब झूलते हैं।[1] इस तक ऋषिकेश-बद्रीनाथ साँस-रास्ता पर पड़ते गोबिन्दघाट से केवल पैदल चढ़ाई के द्वारा ही पहुँचा जा सकता है।

यहाँ गुरुद्वारा श्री हेमकुंट साहिब सुशोभित है। इस स्थान का उल्लेख गुरु गोबिंद सिंह द्वारा रचित दसम ग्रंथ में आता है। इस कारण यह उन लोगों के लिए विशेष महत्व रखता है जो दसम ग्रंथ में विश्वास रखते हैं।

निरुक्ति[संपादित करें]

हेमकुंट एक संस्कृत नाम है जो हेम ("बर्फ़") और कुंड ("कटोरा") से आया है। दसम ग्रंथ के मुताबिक़ यह वह जगह है जहाँ पाँडु राजो ने योग्य सुधारा था।

मान्यता[संपादित करें]

हेमकुंट साहिब जाते तीर्थयात्री

यहाँ पहले एक मंदिर था जिसका निर्माण भगवान राम के अनुज लक्ष्मण ने करवाया था। सिखों के दसवें गुरु गोबिन्द सिंह ने यहाँ पूजा अर्चना की थी। बाद में इसे गुरूद्वारा घोषित कर दिया गया। इस दर्शनीय तीर्थ में चारों ओर से बर्फ़ की ऊँची चोटियों का प्रतिबिम्ब विशालकाय झील में अत्यन्त मनोरम एवं रोमांच से परिपूर्ण लगता है। इसी झील में हाथी पर्वत और सप्त ऋषि पर्वत श्रृंखलाओं से पानी आता है। एक छोटी जलधारा इस झील से निकलती है जिसे हिमगंगा कहते हैं। झील के किनारे स्थित लक्ष्मण मंदिर भी अत्यन्त दर्शनीय है। अत्याधिक ऊँचाई पर होने के कारण वर्ष में लगभग ७ महीने यहाँ झील बर्फ में जम जाती है। फूलों की घाटी यहाँ का निकटतम पर्यटन स्थल है।

सन्दर्भ[संपादित करें]

  1. Hemkunt Sahib at Google maps Archived 2012-11-12 at the Wayback Machine Satellite view: lake, Gurudwara building on west shore, zigzag pilgrim path from Ghanaria (2 km west) to west shore. Terrain view: Hemkunt Sahib at 4,200 m, Ghanaria at 3,100 m.