शंकर गन्धर्व महाविद्यालय

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शंकर गन्धर्व महाविद्यालय, भारत का एक प्रमुख संगीत शिक्षण संस्थान हैं। यह ग्वालियर में स्थित है।

स्थापना[संपादित करें]

शंकर गांधर्व महाविद्यालय की स्थापना गानमहर्षी पं. कृष्णराव शंकर पंडित जी द्वारा वर्ष 1914 में कई गयी। उनके पिता शंकर पंडित जी के देहावसान के बाद महाविद्यालय का नाम उन्हें श्रद्धांजलि के रूप में शंकर गांधर्व महाविद्यालय रखा गया। ग्वालियर स्थित इस महाविद्यालय में अनेकों संगीत प्रेमियों ने संगीत की शिक्षा ग्रहण की एवं राष्ट्रीय अंतरराष्ट्रीय स्तर पर ख्याति प्राप्त की।यह ऐतिहासिक महाविद्यालय आज भी अपनी सेवाएं दे रहा है । व ग्वालियर एवं ग्वालियर घराने की गायकी का धरोहर है।

इतिहास[संपादित करें]

विशेषताएं[संपादित करें]

संगीत की गंगोत्री कहे जाने वाले ग्वालियर का यह संस्थान परंपरागत ग्वालियर घराने की ख्याल गायकी की शैली को विकसित करने का कार्य करता है। ग्वालियर घराने की खास अष्ठांग गायकी को भी प्रचलित कर रहा है ।

        वर्तमान में यह महाविद्यालय प्रचार्य  शंकर पंडित जी द्वारा चलाया जा रहा है। इस महाविद्यालय में शास्त्रीय गायन के अलावा कथक नृत्य, तबला,हारमोनियम, सितार,गिटार,एवं वायलिन का प्रशिक्षण भी दिया जाता है।

इन्हें भी देखें[संपादित करें]

बाहरी कडियां[संपादित करें]