"मोहन जोदड़ो" के अवतरणों में अंतर

Jump to navigation Jump to search
15 बैट्स् जोड़े गए ,  2 वर्ष पहले
[[File:Mohenjodaro bath.jpg|thumb|जल-कुंड]]
 
मुअनजो-दड़ोमोहन जोदड़ो की दैव-मार्ग (डिविनिटि स्ट्रीट) नामक गली में करीब चालीस फुट लम्बा और पच्चीस फुट चौड़ा प्रसिध्द जल कुंड है, इसकी गहराई सात फुट है। कुंड में उत्तर और दक्षिण से सीढ़ियाँ उतरती हैं। कुंड के तीन तरफ़ साधुओं के कक्ष बने हुए हैं। उत्तर में २ पाँत मेंइसमें ८ स्नानघर है।हैं। इस कुंड को काफ़ी समझदारी से बनाया गया है, क्योंकि इसमें किसी का द्वार दूसरे के सामने नहीं खुलता। यहाँ की ईंटें इतनी पक्की हैं, जिसका कोई ज़वाबजवाब ही नहीं। कुंड में बाहर का अशुद्ध पानी ना आए इसके लिए कुंड के तल में और दीवारों पर ईंटों के बीच चूने और चिरोडी के गारे का इस्तेमाल हुआ है। दीवारों में डामर का प्रयोग किया गया है। कुंड में पानी की व्य्वस्थाव्यवस्था के लिये दोहरे घेरे वाला कुआँ बनाया गया है। कुंड से पानी बाहर निकालने के लिए पक्की ईंटोईंटों सेकी नालियाँ भी बनाई गयी हैं, और खास बात यह है कि इसे पक्की ईंटोईंटों से ढका गया है। इससे यह प्रमाणित होता है कि, यहाँ के लोग इतने प्राचीन होने के बावजूद भी हमसे कम नहीं थे। कुल मिलाकर सिंधु घाटी की पहचान वहाँ किकी पक्की-घूमर ईंटों और ढकी हुई नालियाोंनालियों से है, और यहाँ के पानी की निकासी का ऐसा सुव्यवस्थित बंदोबस्त था जो इससे पहले के लिखित इतिहास में नहीं मिलता।
 
==कृषि==
27,871

सम्पादन

दिक्चालन सूची