वार्ता:अंगारी-बुजुर्ग गाँव, जगदीशपुर (भागलपुर)

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       साँचा:जीवन यापन

गांव में रहने वाले अधिकांश लोगों का जीवन यापन कृषि है। कोकड़ा नदी पर पुल तटबंध होने से शिमला मौजा के 150 सौ ऐकड़ भूमि सुचारू रूप से पटबंध होती है। और यहां की किसान कृषि भूमि पर धान, गेहूं ,मकई, चना,सरसों और आलू की मुख्य रूप से खेती होती है। इसके अलावा आम के वगिचे भी देखनो को मिलते है।मालदा,जलदालू,द्शहरी के पेड़ लगे है। समय के साथ तरक्की हुई सड़के अच्छे हुए गांव की दूरभाष और इंटरनेट की सेवाएँ जन यातायात की सुविधा दिन के 24 घंटे उपलवध रहते है। ग्रामिण के सहयोग से पानी की लाइने भी बिछाई गयी है। लेकिन चानँद नदी नजदीकी होने की वजह से पानी का स्तर जमीन के स्तर के काफी पास है। और इस वजह से लोग चापाकल का पानी ही इस्तेमाल करते है। क्योंकि वो ज्यादा ताजा होता है। गांव में दो प्राथमिक मध्य विधालय है। प्राथमिक मध्य विधालय अंगारी और प्राथमिक कुशवाआ टोला विधालय अंगारी,पुजा पाठ भजन कीर्तन हमेशा गांव में होते रहते है। और कई युवा इसमे शरीक होते है।