रससुंदरी देवी

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रससुंदरी देवी ( बांग्ला: রাসসুন্দরী দেবী ) (1809-1899) एक बंगाली महिला थीं, जिन्हें आधुनिक बंगाली साहित्य में पहली पूर्ण आत्मकथा [1] के लेखक के रूप में जाना जाता है। वह बंगाली साहित्य की प्रारम्भिक महिला लेखकों में से हैं। अमर जीवन ( माई लाइफ ), उनकी आत्मकथा, 1876 में प्रकाशित हुई थी। [2]

जीवनी[संपादित करें]

लेखन[संपादित करें]

संदर्भ[संपादित करें]

  1. Deepa Bandopadhyay. "নারীর লেখা নারীর wr কথা". मूल से 2015-05-19 को पुरालेखित.
  2. Tharu, Susie J.; Lalita, Ke (1991-01-01). Women Writing in India: 600 B.C. to the early twentieth century (अंग्रेज़ी में). Feminist Press at CUNY. पृ॰ 190. आई॰ऍस॰बी॰ऍन॰ 9781558610279.