मीनू मुमताज
मीनू मुमताज़ (जन्म नाम: मलिकुन्निसा अली; 26 अप्रैल 1942 – 23 अक्टूबर 2021) एक भारतीय अभिनेत्री थीं। वह भारत के प्रसिद्ध हास्य कलाकार मह्मूद की बहन थीं और मह्मूद अली फिल्म परिवार का हिस्सा थीं। मीनू मुमताज़ ने 1950 और 1960 के दशक की अनेक हिंदी फ़िल्मों में काम किया, जहाँ वे अधिकतर नृत्यांगना और चरित्र अभिनेत्री की भूमिकाओं में नज़र आईं।[1]
प्रारंभिक जीवन
[संपादित करें]मीनू मुमताज़ का जन्म आठ बच्चों (चार भाई और चार बहनें) वाले परिवार में हुआ था। उनके पिता मुमताज़ अली 1940 के दशक में प्रसिद्ध नर्तक और चरित्र अभिनेता थे। उन्होंने अपनी एक नृत्य मंडली “मुमताज़ अली नाइट्स” के नाम से बनाई थी। हालाँकि, अत्यधिक शराब सेवन के कारण मुमताज़ अली का करियर गिरावट में चला गया, जिससे परिवार आर्थिक कठिनाइयों में आ गया। इस कारण उनके बेटे मह्मूद ने बाल कलाकार के रूप में काम करना शुरू किया और उनकी बेटी मीनू मुमताज़ ने अपने पिता के मंचीय कार्यक्रमों में नर्तकी के रूप में काम किया, जो बाद में फिल्मों तक पहुँचा।[2]
करियर
[संपादित करें]मीनू मुमताज़ को नाम “मीनू” प्रसिद्ध अभिनेत्री मीना कुमारी (जो मह्मूद की भाभी थीं) ने दिया था। उन्होंने अपने करियर की शुरुआत मंच नर्तकी के रूप में की और बाद में 1950 और 1960 के दशक की कई फ़िल्मों में नृत्यांगना के रूप में कार्य किया। उनकी पहली फ़िल्म “सखी हतीम” थी।[3]
1959 की फ़िल्म ब्लैक कैट में उन्होंने अभिनेता बलराज साहनी के साथ मुख्य भूमिका निभाई। वह 1956 की फ़िल्म सी.आई.डी. के प्रसिद्ध गीत “बूझ मेरा क्या नाम रे” में दिखाई दीं, और 1958 की फ़िल्म हावड़ा ब्रिज में नर्तकी की भूमिका में भी नज़र आईं।
उन्होंने गुरु दत्त की कई फिल्मों जैसे कागज़ के फूल (1959), चौदहवीं का चाँद (1960) और साहिब बीबी और ग़ुलाम (1962) में भी महत्वपूर्ण भूमिकाएँ निभाईं। इसके अतिरिक्त उन्होंने यहूदी (1958), ताजमहल (1963), घुंघट (1960), घराना (1961), इंसान जाग उठा (1959), घर बसाके देखो (1963), ग़ज़ल (1964), सिंबाद, अलीबाबा, अलाउद्दीन और जहाँआरा (1964) जैसी फिल्मों में भी काम किया।[4]
1958 की फ़िल्म हावड़ामीनू मुमताज़ का निधन 23 अक्टूबर 2021 को 79 वर्ष की आयु में हुआ। उन्होंने अपने जीवन के अंतिम वर्ष कनाडा में बिताए। ब्रिज के दौरान एक विवाद उत्पन्न हुआ जब मीनू मुमताज़ ने अपने सगे भाई मह्मूद के साथ रोमांटिक दृश्य किया। दर्शक यह देखकर चकित रह गए कि असली भाई-बहन पर्दे पर रोमांटिक भूमिकाओं में दिखाई दे रहे हैं।
निजी जीवन
[संपादित करें]मीनू मुमताज़ ने 12 जून 1963 को फिल्म निर्देशक एस. अली अकबर से विवाह किया। इस दंपति के तीन बेटियाँ और एक बेटा था।
सन्दर्भ
[संपादित करें]- ↑ Zaveri, Hanif (2005). Mehmood, a Man of Many Moods (अंग्रेज़ी भाषा में). Popular Prakashan. ISBN 978-81-7991-213-3.
- ↑ "सगे भाई-बहन थे ये बॉलीवुड स्टार, स्क्रिप्ट की मांग पर ऑनस्क्रीन करना पड़ा था रोमांस". Jansatta. 2021-10-24. अभिगमन तिथि: 2025-10-13.
- ↑ "Did you know actress Minoo Mumtaz sparked controversy after she romanced her real-life elder brother Mehmood on screen?". The Times of India. 2025-04-15. आईएसएसएन 0971-8257. अभिगमन तिथि: 2025-10-13.
- ↑ "This actress romanced her own brother on silver screen, was questioned about her upbringing, married a director, she is..." www.india.com (अंग्रेज़ी भाषा में). अभिगमन तिथि: 2025-10-13.