मिश्रबंधु-विनोद

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मिश्रबंधु-विनोद मिश्रबन्धुओं द्वारा लिखित हिन्दी का साहित्यिक तथा प्रारम्भिक इतिहास-ग्रन्थ है। यह साहित्यिक इतिहास तीन लेखकों गणेशबिहारी मिश्र, शुकदेवबिहारी मिश्र तथा श्यामबिहारी मिश्र आदि का मिला-जुला प्रयास है।

परिचय[संपादित करें]

मिश्रबंधु-विनोद[1] के मुख्यत: चार भाग हैं। इनमें से प्रथम तीन भागों का प्रकाशन सन् १९१३ में हुआ था। इसका चौथा भाग सन् १९३४ में प्रकाशित हुआ था।

विशेषताएँ[संपादित करें]

इन्हें भी देखें[संपादित करें]

मिश्रबंधु

संदर्भ[संपादित करें]

  1. मिश्रबंधु (१९१३). मिश्रबंधु-विनोद. लखनऊ: गंगा-पुस्तकमाला-कार्यालय.