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फोटो जर्नलिज़्म

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फोटो पत्रकारिता (अंग्रेज़ी: Photojournalism) पत्रकारिता की वह विधा है, जिसमें तस्वीरों के माध्यम से समाचारों और घटनाओं को प्रस्तुत किया जाता है। इसमें मुख्यतः स्थिर (स्टिल) तस्वीरों का उपयोग किया जाता है, हालांकि कभी-कभी वीडियो के माध्यम से भी दृश्य रिपोर्टिंग की जाती है।[1]

फोटो पत्रकारिता अन्य प्रकार की फोटोग्राफी — जैसे डॉक्युमेंटरी फोटोग्राफी, सामाजिक या युद्ध फोटोग्राफी — से इस मायने में भिन्न होती है कि इसमें घटनाओं को तथ्यात्मक और निष्पक्ष रूप में प्रस्तुत करने पर जोर दिया जाता है। फोटो पत्रकारों का कार्य घटनाओं को उसी रूप में चित्रित करना होता है जैसी वे वास्तव में होती हैं।

फोटो पत्रकारिता का विकास 19वीं सदी में छपाई और फोटोग्राफी तकनीकों के विकास के साथ हुआ। प्रारंभिक समय में समाचार पत्रों में रेखाचित्रों का उपयोग किया जाता था, लेकिन बाद में फोटोग्राफी के विकास के साथ वास्तविक चित्रों का प्रयोग बढ़ा।

क्राइमियन युद्ध (1853–1856) के दौरान रॉजर फेंटन को पहले युद्ध फोटोग्राफरों में से एक माना जाता है, जिन्होंने युद्ध से संबंधित दृश्य रिकॉर्ड किए। इसके बाद अमेरिकी गृहयुद्ध के समय मैथ्यू ब्रैडी की तस्वीरों ने फोटो पत्रकारिता को व्यापक पहचान दिलाई।

19वीं सदी के उत्तरार्ध और 20वीं सदी में तकनीकी प्रगति के कारण समाचार पत्रों और पत्रिकाओं में तस्वीरों का उपयोग बढ़ा, जिससे फोटो पत्रकारिता एक महत्वपूर्ण माध्यम के रूप में स्थापित हुई।

भारत में

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भारत में फोटो पत्रकारिता का प्रारंभ 19वीं सदी के मध्य में हुआ, जब ब्रिटिश फोटोग्राफर फेलिस बीटो ने 1857 के स्वतंत्रता संग्राम से संबंधित तस्वीरें लीं। 20वीं सदी में स्वतंत्रता आंदोलन के दौरान कैमरे ने ऐतिहासिक घटनाओं को दर्ज किया।

होमी व्यारावाला को भारत की पहली महिला फोटो पत्रकार माना जाता है, जिन्होंने स्वतंत्रता काल और उसके बाद के महत्वपूर्ण क्षणों को अपने कैमरे में कैद किया।[2]

आधुनिक समय में रघु राय जैसे फोटोग्राफरों ने भारतीय फोटो पत्रकारिता को अंतरराष्ट्रीय स्तर पर पहचान दिलाई।

फोटो पत्रकारिता समाचारों को दृश्य रूप में प्रस्तुत करती है, जिससे घटनाओं को समझना अधिक सरल और प्रभावशाली हो जाता है। यह समाज, राजनीति और मानवीय मुद्दों को व्यापक दर्शकों तक पहुँचाने में महत्वपूर्ण भूमिका निभाती है।

यह भी देखें

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सन्दर्भ

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  1. "What Is Photojournalism and Why Is It Important?". NYT Licensing. अभिगमन तिथि: 5 October 2025.
  2. "भारत की पहली महिला फोटो पत्रकार होमी व्यारावाला". दैनिक भास्कर. अभिगमन तिथि: 5 October 2025.