द जर्मन आइडियोलॉजी (पुस्तक)
प्रथम संस्करण का मुखपृष्ठ | |
| लेखक | कार्ल मार्क्स और फ्रेडरिक एंगेल्स |
|---|---|
| मूल शीर्षक | Die Deutsche Ideologie |
| भाषा | जर्मन |
| विषय | ऐतिहासिक भौतिकवाद, दर्शन, इतिहास |
| प्रकाशित | 1932 |
| प्रकाशक | मार्क्स-एंगेल्स इंस्टीट्यूट |
| प्रकाशन स्थान | बर्लिन, जर्मनी |
| यह कृति सन् 1845–1846 के दौरान लिखी गई थी लेकिन लेखक की मृत्यु के बाद प्रकाशित हुई थी। | |
द जर्मन आइडियोलॉजी कार्ल मार्क्स तथा फ्रेडरिक एंगेल्स द्वारा लिखित पुस्तक है। जर्मन भाषा में इसे दि दाईत्शे इदियोलोगी नाम से लिखा गया है। इसे सन् 1845–1846ई॰ में लिखा गया था। कोई प्रकाशक न मिल पाने के कारण यह कृति मार्क्स के जीवनकाल में यह प्रकाशित नहीं हो पाई। पहली बार सन् 1932 में मॉस्को के मार्क्स-एंगेल्स इंस्टीट्यूट में द जर्मन आइडियोलॉजी की पांडुलिपि को पुस्तक रूप दिया गया था। आगे चलकर यह कृति द कम्युनिस्ट मेनिफेस्टो और दास कैपिटल जैसी रचनाओं का आधार बनी।
विवरण
[संपादित करें]इस पुस्तक को दो अनुभागों तथा तीन-तीन उप-अनुभागों में बाँटा गया है। इसके पहले अनुभाग में लुडविग फ़्यूअरबाख के भौतिकवादी विचारों का विश्लेषण किया गया है। दूसरे अनुभाग में कार्ल ग्रुन तथा डॉक्टर जॉर्ज कुलमैन का हवाला देते हुए सच्चे समाजवाद की आलोचना की गई है।
विशेषता
[संपादित करें]'द जर्मन आइडियोलॉजी' कार्ल मार्क्स और फ्रेडरिक एंगेल्स दोनों के ही गहन बौद्धिक विकास के दौर में लिखी गई थी। यह कृति में उनका "आत्म-स्पष्टीकरण" और नए विश्व-दृष्टिकोण का समन्वय देखने को मिलता है।[1] सन् 1846 में लिखी गई यह पहली ऐसी कृति थी जिसे स्पष्ट रूप से "मार्क्सवादी" कहा जा सकता है।[2]
अन्य
[संपादित करें]पांडुलिपि वृहत् होने के कारण इसे दो बड़े खंडों में बाँटा गया था। इसमें 700 से अधिक पृष्ठ थे। इसमें अधिकतर हिस्सा समकालीन लोगों के ख़िलाफ़ विस्तार से की गई आलोचना का था। सन् 1920 के दशक से विद्वानों ने मार्क्स और एंगेल्स के पांडुलिपि-संग्रहों को 'द जर्मन आइडियोलॉजी' नामक पुस्तक के रूप में आधिकारिक दर्जा दिया। इसके पहले अध्याय 'आई. फ़्यूअरबाख' विशेष महत्व दिया गया।
इन्हें भी देखें
[संपादित करें]संदर्भ
[संपादित करें]- ↑ मार्क्स, कार्ल; एंगेल्स, फ्रेडरिक (2016). The German Ideology: Part 1 [द जर्मन आइडियोलॉजी: खंड 1] (अंग्रेज़ी भाषा में). न्यूयॉर्क: इंटरनेशनल पब्लिशर्स. p. 21. ISBN 978-0-7178-0752-9.
- ↑ मार्क्स, कार्ल; एंगेल्स, फ्रेडरिक (2016). The German Ideology: Part 1 [द जर्मन आइडियोलॉजी: खंड 1] (अंग्रेज़ी भाषा में). न्यूयॉर्क: इंटरनेशनल पब्लिशर्स. p. 4. ISBN 978-0-7178-0752-9.