थाइरेट्रॉन

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थाइरेट्रॉन (thyratron) एक विशेष प्रकार की गैसयुक्त एलेक्ट्रॉन नलिका है जो उच्च शक्ति की नियंत्रित स्विच की तरह उपयोग की जाती है। इस प्रकार इसके उपयोग से नियंत्रित दिष्टकारी (कंट्रोल्ड रेक्टिफायर) बनाया जाता है। यद्यपि ट्रायोड, टेट्रोड एवं पेंटोड डिजाइन वाले थाइरेट्रॉन पहले बनाये जा चुके हैं किन्तु ट्रायोड वाली संरचना सबसे अधिक प्रचलित है। चूँकि इनमें गैस (हाइड्रोजन) भरी होती है, ये अपने समकक्ष के निर्वात ट्यूबों की तुलना में बहुत अधिक विद्युत धारा ले सकते हैं क्योंकि धनात्मक आयन भी अच्छी-खासी धारा का निर्माण करते हैं। थाइरेट्रॉनों में हाइड्रोजन, पारे की वाष्प, जेनॉन, नियॉन आदि भरी जाती हैं।

थाइरेट्रॉन विशेषत: स्विच की तरह प्रयुक्त होता है। इसके द्वार संकेतों को रैखिक रूप में आवर्धित करना कठिन है जोकि ट्रायोड आदि निर्वात-नलिकाओं के द्वरा किया जाता है। ठोस-अवस्था की युक्तियों में सिलिकॉन नियंत्रित दिष्टकारी ((एससीआर]]) है जो थाइरेट्रॉन के समतुल्य है किन्तु यह थाइरेट्रॉन जितना तेज आन-आफ नहीं किया जा सकता।

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