डूंगरगढ़
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| — तहसील — | |||||||
| क्षेत्रफल • ऊँचाई (AMSL) |
• २६६ मी (८७३फ़िट) मीटर | ||||||
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विभिन्न कोड
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| आधिकारिक जालस्थल: www.sridungargarh.com | |||||||
28°05′15″N 73°59′59″E / 28.0876383°N 73.9996362°E श्री डूँगरगढ़ राजस्थान के बीकानेर जिले का एक प्रगतिशील क़स्बा हे. प्रकृति द्वारा निर्मित चारो तरफ रेतीले टिल्लो से घिरा अपने आप में एक दर्शनीय स्थल प्रतीत होता है । इसकी बसावट एक प्याले के आकार की है तथा शहर के एक किनारे से दूसरे किनारे के सीधे रास्तों के कारण आर-पार देखा जा सकता है एवं प्रत्येक रास्ता चौराहा बनाता है. बीकानेर - दिल्ली रेलवे मार्ग एवं राष्ट्रीय राजमार्ग -11 पर बीकानेर से 70 किमी पहले से स्थित है।
== इतिहास == श्री डूंगरगढ़ का गठन 1880 (विक्रम संवत 1937) में प्राचीन सारसू और रूपालसर नामक गाँवों को मिलाकर किया गया। इसे बीकानेर के महाराजा डूंगर सिंह ने बसाया। उस समय तेरापंथ समुदाय के इतिहास में भी इसका उल्लेख मिलता है, जब महाराजा ने संतोषचन्द सेठिया को लगभग 1026 बीघा भूमि (1001 बीघा खेती के लिए, 25 बीघा डूंगरगढ़ बसाने के लिए) उपहार स्वरूप दी थी . Gulab Daga
