डिबोरेन
डाइबोरेन(6) अथवा प्रचलित नाम डाइबोरेन (diborane) एक अकार्बनिक यौगिक है जिसका रासायनिक सूत्र B2H6 है। यह बहुत ही विषाक्त, रंगहीन और स्वतःज्वलनशील गैस है जिसकी गंध घृणित मीठी होती है। इसका सरल रासायनिक सूत्र के अनुसार बोरेन बोरॉन का मूलभूत यौगिक है। यह अपनी इलेक्ट्रॉनिक संरचना के कारण अधिक महत्त्व रखता है। इसके विभिन्न व्युत्पन्न उपयोगी अभिकर्मक हैं।
संरचना और आबन्ध
[संपादित करें]डाइबोरेन की संरचना D2h सममिति (समतल संरचना जिसमें प्रतिलोपन केंद्र और ऊर्ध्व तल होता है) रखता है। B–Hसेतु आबन्ध और B–Hसिरा आबन्ध की लम्बाई क्रमशः 1.33 और 1.19 Å होती है। आबन्ध लम्बाई में यह अन्तर उनकी प्रबलता को दर्शाता है, B–Hसेतु आबन्ध तुलनात्मक रूप से दुर्बल होता है। B–Hसिरा की तुलना में B–Hसेतु आबन्ध की दुर्बलता अवरक्त वर्णक्रम में इनके कंपन से देखा जाता है जिसकी आवृत्ति क्रमशः लगभग ≈2500 और 2100 cm−1 (प्रति सेंटीमीटर) होती है।[1]
सन्दर्भ
[संपादित करें]- ↑ Cooper, C. B., III; Shriver, D. F.; Onaka, S. (1978). "Ch. 17. Vibrational spectroscopy of hydride-bridged transition metal compounds". Transition Metal Hydrides. Advances in Chemistry. Vol. 167. pp. 232–247. डीओआई:10.1021/ba-1978-0167.ch017. ISBN 9780841203907.
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