ज्वालामुखी

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तवुर्वुर का एक सक्रिय ज्वालामुखी फटते हुए, राबाउल, पापुआ न्यू गिनिया

ज्वालामुखी पृथ्वी के सतह पर उपस्थित ऐसे मुख होते हैं जिनसे पृथ्वी के भीतर का गर्म लावा, गैस, राख आदि बाहर आते हैं। अक्सर ज्वालामुखी पहाड़ के रूप में होते हैं। ज्वालामुखी अक्सर विस्फोट के साथ फटते हैं।

एक मिश्रित ज्वालामुखी के विभिन्न भाग (ऊर्ध्वाधर पैमाना बढ़ाया गया है):
1. विशाल मैग्मा कोष्ठ
2. आधारशैल
3. नाली (पाइप)
4. आधार
5. सिल
6. भित्ति (डाइक)
7. ज्वालामुखी द्वारा उत्सर्जित राख की परतें
8. पार्श्व
9. ज्वालामुखी द्वारा उत्सर्जित लावा की परतें
10. गला
11. परजीवी शंकु
12. लावा प्रवाह
13. निकास
14. विवर (क्रेटर)
15. राख के बादल

ज्वालामुखी के प्रकार (उद्गार की अवधि के अनुसार)[संपादित करें]

सक्रिय या जाग्रत ज्वालामुखी[संपादित करें]

भूवैज्ञानिकों में सक्रियता को लेकर एकमत नहीं है लेकिन अगर कोई ज्वालामुखी वर्तमान में फट रहा हो, या उसके जल्द ही फटने की आशंका हो, या फिर उसमें गैस रिसने, धुआँ या लावा उगलने, या भूकम्प आने जैसे सक्रियता के चिह्न हों तो उसे सक्रिय माना जाता है।

मृत ज्वालामुखी[संपादित करें]

यह वे ज्वालामुखी होते हैं जिनके बारे में वैज्ञानिकों की अपेक्षा है कि वे फटेंगे नहीं। इनके बारे में यह अनुमान लगाया जाता है कि इनमें अन्दर लावा व माग्मा ख़त्म हो चुका है और अब इनमें उगलने की गरमी व सामग्री बची ही नहीं है। अगर किसी ज्वालामुखी के कभी भी विस्प्फोट होने या किसी भी अन्य प्रकार की सक्रियता की कोई भी घटना होने की स्मृति नहीं न हो तो अक्सर उसे मृत समझा जाता है।

प्रसुप्त या सुप्त ज्वालामुखी[संपादित करें]

वैज्ञानिकों में मृत (extinct) और सुप्त (dormant) ज्वालामुखियों में अंतर बता पाना कठिन है, लेकिन अगर मानवीय स्मृति में कोई ज्वालामुखी कभी भी इतिहास में बहुत पहले फटा हो तो उसे सुप्त ही माना जाता है लेकिन मृत नहीं। बहुत से ऐसे ज्वालामुखी हैं जिन्हें फटने के बाद एक औरे विस्फोट के लिये दबाव बनाने में लाखों साल गुज़र जाते हैं - इन्हें उस दौरान सुप्त माना जाता है। मसलन तोबा ज्वालामुखी, जिसके विस्फोट में आज से लगभग ७०,००० वर्ष पूर्व भारतीय उपमहाद्वीप के सभी मानव मर गये थे और पूरी मनुष्यजाति ही विलुप्ति की कगार पर आ पहुँची थी, हर ३,८०,००० वर्षों में पुनर्विस्फोट के लिये तौयार होता है।

विश्व के प्रमुख ज्वालामुखी[संपादित करें]

इन्हें भी देखें[संपादित करें]