ग्रांडे इकोले
ग्रांडे इकोले फ्रांस की उच्च शिक्षा प्रणाली के अंतर्गत शीर्ष स्तर के विशिष्ट और स्वायत्त शैक्षणिक संस्थान हैं। ये पारंपरिक फ्रांसीसी सार्वजनिक विश्वविद्यालयों के समानांतर काम करते हैं।[1] जहाँ सार्वजनिक विश्वविद्यालयों में सभी उत्तीर्ण छात्रों को सीधे प्रवेश मिल सकता है, वहीं ग्रांडे इकोले अपने अत्यधिक चयनात्मक और कठोर प्रवेश मानदंडों के लिए विश्व भर में जाने जाते हैं।[2]
मुख्य श्रेणियाँ और विशेषताएँ
[संपादित करें]ये संस्थान मुख्य रूप से इंजीनियरिंग, व्यवसाय प्रबंधन, सार्वजनिक नीति और शुद्ध विज्ञान के क्षेत्रों में गहन व्यावहारिक प्रशिक्षण, उच्च स्तरीय अनुसंधान और नेतृत्व कौशल प्रदान करते हैं।

प्रवेश प्रक्रिया
[संपादित करें]इन विशिष्ट संस्थानों में प्रवेश पाना बेहद कठिन है। इसके लिए छात्रों को हाई स्कूल के बाद दो से तीन साल तक अत्यंत कठिन प्रारंभिक कक्षाओं में पढ़ाई करनी होती है, जिन्हें 'क्लासेस प्रेपारेटॉयर' कहा जाता है।[3] इसके बाद छात्र राष्ट्रीय स्तर की लिखित और मौखिक प्रतियोगी परीक्षाओं में शामिल होते हैं, जिसकी देशव्यापी मेरिट रैंकिंग के आधार पर ही छात्र को उनके पसंदीदा संस्थान में प्रवेश मिलता है।
चित्र दीर्घा
[संपादित करें]- पैनथियोन के सामने स्थित प्रसिद्ध लाइसरी हेनरी-IV का परिसर।
- लाइसी हेनरी-IV की ऐतिहासिक कमान और क्लॉविस सड़क का दृश्य।
- पेरिस के तीसरे अखाड़े में सीएनएएम का मुख्य विवर्तनिक स्थापत्य।
मुख्य संदर्भ तथ्य
[संपादित करें]- स्वायत्त शिक्षा ढांचा: यह प्रणाली पारंपरिक फ्रांसीसी सार्वजनिक विश्वविद्यालयों से पूरी तरह स्वतंत्र है, जो व्यावसायिक नेतृत्व पर अत्यधिक ध्यान केंद्रित करती है।[1]
- न्यूनतम चयन दर: शीर्ष स्तर के ग्रांडे इकोले में वार्षिक चयन दर अक्सर कुल राष्ट्रीय आवेदकों की संख्या का 1% से भी कम होती है।[3]
- प्रेपास की भूमिका: लिखित और मौखिक प्रतियोगी परीक्षाओं में सफलता पाने के लिए 2-3 वर्ष की गहन 'क्लासेस प्रेपारेटॉयर' पूरी करना अनिवार्य माना जाता है।[4]
- अभूतपूर्व राजनीतिक प्रभाव: आधुनिक फ्रांस के 26 राष्ट्रपतियों में से 16 राष्ट्रपतियों (जैसे जाक शिराक, फ्रांसुआ ओलांद और वर्तमान राष्ट्रपति इमैनुएल मैक्रॉन) ने अपनी उच्च शिक्षा इन्हीं संस्थानों से पूरी की है।[2]
- वित्तीय विविधता: अधिकांश इंजीनियरिंग संस्थान सरकारी वित्त पोषित हैं और उनकी फीस बेहद कम होती है, जबकि बिजनेस स्कूल आमतौर पर निजी या अर्ध-निजी होते हैं जिनकी फीस काफी अधिक होती है।[5]
- वैश्विक उच्च शिक्षा पर प्रभाव: 19वीं शताब्दी में इस फ्रांसीसी प्रणाली की सफलता से प्रभावित होकर दुनिया के कई शीर्ष तकनीकी संस्थानों को मूल रूप से 'पॉलीटैक्निक' मॉडल पर ही डिजाइन किया गया था।[6]
इन्हें भी देखें
[संपादित करें]सन्दर्भ
[संपादित करें]- 1 2 "Grande école | French education". Encyclopædia Britannica.
- 1 2 "C'est quoi une grande école ?". Le Monde (2011).
- 1 2 "France's educational elite". Daily Telegraph (2003).
- ↑ Bourdieu, Pierre (1998). The State Nobility: Elite Schools in the Field of Power. Stanford University Press.
- ↑ "Top Grandes Écoles in France: Ranking, costs, and placements". MBA Crystal Ball (2019).
- ↑ Mathias, Peter & Postan, Michael (1978). The Cambridge Economic History of Europe. Cambridge University Press.