गामा पहलवान

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गामा पहलवान
कुस्ती खेलको नाम गामा पहलवान
उचाईं 5 फीट 7 इंच (170 से॰मी॰)[1]
तौल 250 पौंड (110 कि॰ग्राम)[1]
जन्म 22 मई 1878
अमृतसर , पंजाब, ब्रिटिश इंडिया
मृत्यु 23 मई 1960(1960-05-23) (उम्र 82)[2]
लाहौर, पंजाब, पाकिस्तान

[3][4][5] गामा पहलवान (उर्दू: گاما پھلوان) का असली नाम ग़ुलाम मुहम्मद बक्श (अंग्रेजी: Ghulam Muhammad Baksh; उर्दू: غلام محمد بٹ) था। दुनिया में अजेय गामा पहलवान का जन्म 22 मई 1878 ई० को अमृतसर, पंजाब में हुआ था, हालांकि इनके जन्म को लेकर विवाद है। इनके बचपन का नाम ग़ुलाम मुहम्मद था। इन्होंने 10 वर्ष की उम्र में ही पहलवानी शुरू कर दी थी। इन्होंने पत्थर के डम्बल से अपनी बॉडी बनाई थी।

उस समय दुनिया में कुश्ती के मामले में अमेरिका के जैविस्को का बहुत नाम था। गामा ने इसे भी परास्त कर दिया था। पूरी दुनिया में गामा को कोई नहीं हरा सका, और उन्हें वर्ल्ड चैंपियन का ख़िताब मिला।

भारत-पाक बटवारे के समय ही ये अपने परिवार के साथ लाहौर चले गए। मई 1960 को लाहौर में ही उनकी मृत्यु हो गई।

प्रारंभिक जीवन[संपादित करें]

गुलाम मौहम्मद बक्श का जन्म 22 मई 1878 को अमृतसर के जब्बोवाल गाँव के एक कश्मीरी परिवार में हुआ । इनके परिवार में स्वयं ही विश्वप्रसिद्ध पहलवान हुए थे । गामा कि दो पत्नियां थीं ,एक पाकिस्तान में और दूसरी बड़ोदा गुजरात में । जब गामा छः साल के थे, तो उनके पिता मौहम्मद अज़ीज़ बक्श का निधन हो गया । उसके बाद उनके नानाजी नन पहलवान ने उनका पालन किया । बाद में उनके निधन के बाद उनके मामाजी इड़ा पहलवान ने उनका पालन किया और उनकी ही देखरेख में गामा ने पहलवानी की शिक्षा प्रारंभ की।

शिक्षा एवं खानपान[संपादित करें]

गामा बैठक लगाते हुए
गामा दंड लगाते हुए

गामा ने पहलवानी की शिक्षा अपने मामा इड़ा पहलवान से प्रारंभ की। आगे चलकर इनके अभ्यास में काफी बदलाव आए। जैसे कि, यूँ तो बाकी पहलवानों कि तरह उनका अभ्यास भी सामान्य ही था,परंतु इस सामान्यता में भी असामान्यता यह थी कि वे बाकी पहलवानों की तरह पच्चीस नहीं बल्कि केवल पांच मैच ही लडते थे परंतु तब भी वे प्रत्येक मैच एक से नहीं बल्कि चालिस प्रतिद्वंदीयों के साथ एक-साथ लड़ते थे और उन्हें पराजित भी करते थे । गामा रोज़ तीस से पैंतालीस मिनट में, सौ किलो कि हस्ली पहन कर पाँच हजार बैठक लगाते थे, और उसी हस्ली को पहन कर उतने ही समय में तीन हजार दंड लगाते थे । वे रोज़

  1. दस लीटर दूध
  2. मौसमी फलों के तीन टोकरे
  3. डेढ़ पौंड बादाम का शर्बत
  4. आधा लीटर घी
  5. दो देसी मटन
  6. छः देसी चिकन
  7. छः पौंड मक्खन
  8. फलों का रस

एवं अन्य पौष्टिक खाद्य पदार्थ अपनी रोज़ कि खुराक के रुप में लिया करते थे ।[कृपया उद्धरण जोड़ें]

सन्दर्भ[संपादित करें]

  1. सन्दर्भ त्रुटि: <ref> का गलत प्रयोग; bio1 नाम के संदर्भ में जानकारी नहीं है।
  2. Nidaay-e-Millat, Urdu Weekly Magazine 21–27 July 2016. Lahore
  3. https://www.pakistantoday.com.pk/2018/01/05/the-great-gama-and-lahore/
  4. Banerjee, Sarnath (10 March 2012). "Gamanamah: The story of a strongman". The Times of India. मूल से 14 October 2013 को पुरालेखित. अभिगमन तिथि 11 July 2017.
  5. Hornbaker, Tim (2017). Legends of Pro Wrestling: 150 Years of Headlocks, Body Slams, and Piledrivers. Skyhorse Publishing. आई॰ऍस॰बी॰ऍन॰ 9781613218754. अभिगमन तिथि 11 July 2017.

बाहरी कड़ियाँ[संपादित करें]