व्यक्तित्व मनोविज्ञान

मुक्त ज्ञानकोश विकिपीडिया से
यहाँ जाएँ: भ्रमण, खोज

व्यक्तित्व मनोविज्ञान (Personality psychology) मनोविज्ञान की वह शाखा है जो व्यक्तित्व एवं व्यक्तिगत अन्तरों का अध्ययन करती है।

सामान्यतः व्यक्तित्व का अर्थ व्यक्ति के उपरी हाव-भाव उसके पहनावे से लिया जाता है परन्तु मनोविज्ञान में व्यक्तित्व से आशय व्यक्ति के मनोभावों से लिया जाता है। व्यक्तित्व व्यक्ति के मनोदैहिक संस्थानो का गत्यामक संघटन है जो वातावरण के प्राति व्यक्ति के अपूर्व समायोजन को निर्धारित करता है। अर्थात व्यक्तित्व व्यक्ति के मनोदैहिक सन्स्थानों अथवा मानसिक एवम् शारीरिक सन्सथानों का गत्यामक संघटन है। गत्यामक संघटन इसलिये क्योंकि व्यक्ति का व्यक्तित्व बाल्यावस्था से लेकर जीवन पर्यन्त परिवर्तित होता रहता है और यही व्यक्ति का जीवन पर्यन्त मार्गान्तिकरण करते हैं।

इसके वर्ण्य-विषय निम्नवत हैं -

  • किसी व्यक्ति के व्यक्तित्व का सम्यक चित्रण करना तथा उसके व्यक्तित्व के प्रमुख प्रक्रमों का चित्रण
  • व्यक्तिगत अन्तरों का अध्ययन; अर्थात लोग एक-दूसरे से किस प्रकार भिन्न होते हैं।
  • मानव की प्रकृति का अध्ययन ; अर्थात किस प्रकार सभी लोगों की प्रकृति समान है।

इन्हें भी देखें[संपादित करें]

बाहरी कड़ियाँ[संपादित करें]