रोहतक

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रोहतक
Rohtak, रोह्त्यक
मेडिकल
—  जिला  —
रोहतक शहर का दृश्य (चित्र नहीं है)
समय मंडल: आईएसटी (यूटीसी+५:३०)
देश Flag of India.svg भारत
राज्य हरियाणा
ज़िला रोहतक
उपायुक्त अमित अग्रवाल
सांसद After Counting...
जनसंख्या 000
आधिकारिक भाषा(एँ) हरियाणवी, हिंदी, अंग्रेजी
क्षेत्रफल
ऊँचाई (AMSL)

• 205 मीटर (673 फी॰)

Erioll world.svgनिर्देशांक: 28°53′N 76°36′E / 28.88°N 76.60°E / 28.88; 76.60 रोहतक जिला, भारत के हरियाणा राज्य का एक जिला है। जिले का क्षेत्रफल 2,330 वर्ग मील है। यमुना और सतलज नदियों के मध्यवर्ती उच्चसम भूमि पर, दिल्ली के उत्तर-पश्चिम में यह जिला स्थित है। इसका उत्तरी भाग पश्चिमी यमुना नहर के रोहतक और बुटाना शाखाओं द्वारा सींचा जाता है, किंतु मध्यवर्ती मैदान का अधिकांश भाग अनिश्चित प्राकृतिक वर्षा पर निर्भर है। रोहतक कृषिप्रधान जिला है। यह जिला चारों तरफ से हरियाणा के ही पाँच जिलों से घिरा हुआ है| वे हैं: उत्तर में जींद, पूर्व में सोनीपत, पश्चिम में भिवानी, दक्षिण में झज्जर और उत्तर-पश्चिम में हिसार| भरम है कि रोहतक सीधे भारत की राजधानी दिल्ली से भी जुदा हुआ है| पसंतु सत्य ये है कि रोहतक और दिल्ली के बीच में झज्जर का एक संकरा हिस्सा आ जाता है|


इतिहास[संपादित करें]

कहा जाता है कि पहले रोहतासगढ़ (रोहतास का दुर्ग) कहलाने वाले रोहतक की स्थापना एक पंवार राजपूत राजा रोहतास द्वारा की गई थी। यहाँ 1140 में निर्मित दीनी मस्जिद है। समीप के खोकरा कोट टीले की खुदाई से बौद्ध मूर्तियों के अवशेष मिले हैं।

दक्षिण पंजाब का यह अति प्राचीन नगर है। इसका उल्लेख महाभारत सभापर्व में प्रसंग नकुल की पश्चिम दिशा की दिग्विजय का है जो इस प्रकार है:-

'ततो बहुधनं रम्यं गवाढ्यं धनधान्यवत्,
कार्तिकेयस्य दयितं रोहितकमुपाद्रवत्,
तत्र युद्धं महच्चासीच्छूरैर्मत्तरमूरकैः'

इस प्रदेश को यहाँ बहुत उपजाऊ बताया गया है तथा इसमें मत्तमयूरकों का निवास बताया गया है, जिनके इष्टदेव स्वामी कार्तिकेय थे। इसी प्रसंग में इसके पश्चात ही शेरीषक (वर्तमान सिरसा) का उल्लेख है। उद्योग पर्व में भी रोहितक को कुरुदेश के सन्निकट बताया गया है- दुर्योधन के सहायतार्थ जो सेनाएँ आई थीं, वे रोहतक के पास भी ठहरी थीं-

'तथा रोहिताकारण्यं मरुभूमिश्च केवला,
अहिच्छत्रं कालकूटं गंगाकूलं चं भारत'

रोहतक के पास उस समय वन प्रदेश रहा होगा, जिसे यहाँ रोहिताकारण्य कहा गया है। कर्ण ने भी रोहितक निवासियों को जीता था, 'भद्रान् रोहितकांश्चैव आग्रेयान् मालवानपि,'। प्राचीन नगर की स्थिति वर्तमान खोखराकोट के पास कही जाती है।

भूगोल[संपादित करें]

रोहतक नगर स्थिति : 28°54' उ.अ. तथा 76°38' पू.दे.। यह रोहतक जिले का नगर है, यह नगर 1824 ई. में एक ब्रिटिश जिले का मुख्यालय बना था। दक्षिणवर्ती सैकत पहाड़ियों से नगर के मध्य में स्थित श्वेत मस्जिद एवं पूर्व में स्थित भव्य दुर्ग अत्यंत मनोरम लगता है। दिल्ली से 44 मील उत्तर पश्चिम स्थित रोहतक, उत्तरी रेलवे का एक स्टेशन है। रोहतक शहर और ज़िला, मध्य हरियाणा राज्य, पश्चिमोत्तर भारत में स्थित है। रोहतक दिल्ली और फ़िरोज़पुर को जोड़ने वाले प्रमुख रेलमार्ग पर स्थित है। यह सड़क मार्ग द्वारा दिल्ली, पानीपत, जींद, हिसार, भिवानी, रिवाड़ी, अम्बाला छावनी और चण्‍डीगढ़ से जुड़ा हुआ है।

उद्योग और व्यापार[संपादित करें]

रोहतक अनाज और कपास का प्रमुख बाज़ार है। यहाँ की औद्योगिक गतिविधियों में खाद्य उत्पाद, कपास की ओटाई, चीनी और बिजली के करघे पर बुनाई का काम उल्लेखनीय है।

शिक्षण संस्थान[संपादित करें]

रोहतक में महर्षि दयानन्द विश्वविद्यालय है, जिससे सम्बद्ध अनेक महाविद्यालयों में जी. बी. आयुर्वेदिक कॉलेज, रोहतक मेडिकल कॉलेज, आई. सी. कॉलेज और वैश कॉलेज आफ़ इंजीनियरिंग शामिल हैं।

क्षेत्र[संपादित करें]

  • क्षेत्र की खेती के लिए उपलब्ध नहीं है: 15956 एकड़ जमीन
  • खेती अपशिष्ट: 3775 एकड़ जमीन
  • असिंचित क्षेत्र: 20200 एकड़ जमीन
  • सिंचित क्षेत्र: 123422 एकड़ जमीन

जनसंख्या (2011)[संपादित करें]

  • कुल: 10,34,000
  • शहरी: 5,17,120
  • ग्रामीण: 6,20,520
  • सेक्स Ratio(F:M): 807:1000

बाहरी कड़िया[संपादित करें]