मंदसौर

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मंदसौर
समय मंडल: आईएसटी (यूटीसी+५:३०)
देश Flag of India.svg भारत
राज्य मध्य प्रदेश
ज़िला मंदसौर
महापौर
आधिकारिक जालस्थल: www.mandsaur.nic.in

Erioll world.svgनिर्देशांक: 24°02′N 75°05′E / 24.03°N 75.08°E / 24.03; 75.08 मंदसौर भारत के मध्य प्रदेश प्रान्त में स्थित एक प्रमुख शहर है। मंद्सौर का प्राचिन नाम दशपुर था ! पुरातात्विक और ऐतिहासिक विरासत को संजोए उत्तरी मध्य प्रदेश का मंदसौर एक ऐतिहासिक जिला है। यह 5530 वर्ग किमी. के क्षेत्र में फैला हुआ है। आजादी के पहले यह ग्वालियर रियासत का हिस्सा था। मंदसौरrytyhtt हिन्दू और जैन मंदिरों के लिए खासा लोकप्रिय है। पशुपतिनाथ मंदिर, बाही पारसनाथ जैन मंदिर और गांधी सागर बांध यहां के मुख्य दर्शनीय स्थल हैं। इस जिले में अफीम का बड़े पैमाने पर उत्पादन होता है। मंदसौर राजस्थान के चित्तौड़गढ़, कोटा, भीलवाड़ा, झालावाड़ और मध्य प्रदेश के रतलाम जिलों से घिरा हुआ है।

प्रमुख आकर्षण[संपादित करें]

पशुपतिनाथ मंदिर[संपादित करें]

यह मंदिर मंदसौर जिले का प्रमुख आकर्षण है। भगवान शिव को समर्पित यह मंदिर शिवाना नदी के तट पर स्थित है। चारों दिशाओं में मंदिर के दरवाजे हैं, लेकिन प्रवेश द्वार केवल पश्चिम दिशा में ही खुलता है। मंदिर में 7.5 फीट ऊंचा शिवलिंग स्थापित है। इस द्वार में शिव के रौद्र रूप को दर्शाती एक प्रतिमा स्थापित है। भगवान शिव के दर्शन के लिए दूर-दूर से यहां भक्तों का आना-जाना लगा रहता है।

श्री वही तीर्थ[संपादित करें]

वही स्थित इस तीर्थस्थल की स्थापना राजा संप्रति ने की थी। यहां भगवान वही पार्श्‍वनाथ की काले रंग की प्रतिमा पद्मासन मुद्रा में विराजमान है। मूर्ति के स्थित पास बाघ की आकृति बेहद खूबसूरत प्रतीत होती है। श्री वही पार्श्‍वनाथ श्वेतांबर जैन तीर्थ नामक ट्रस्ट इस मंदिर को संचालित करता है। मंदिर मंदसौर से 16 किमी. की दूरी पर है।

धर्म राजेश्वर[संपादित करें]

धर्म राजेश्वर mandsaurमंद्सौर से १०६ कि.मी. पर सितमऊ तहसील मे स्थीत है !

कुकड़ेश्वर[संपादित करें]

जैन तीर्थस्थल के रूप में विख्यात यह पवित्र गांव मंदसौर से 60 किमी. की दूरी पर है। यहां के मंदिर राज्य के सबसे प्राचीनतम मंदिरों में एक माने जाते हैं। श्री कुकादेशर तीर्थ यहां का 1050 साल पुराना जैन मंदिर है। मध्य प्रदेश का नीमच जिला इस स्थान से करीब 40 किमी. दूर है।

भानपुरा[संपादित करें]

यह स्थान मंदसौर से 127 किमी. दूर है। यहां शासन करने वाले राजा भामन के नाम पर इस स्थान का नाम भानपुरा पड़ा। यहां बना एक संग्रहालय मुख्य दर्शनीय स्थल है। संग्रहालय मे कला की अनेक दुर्लभ वस्तुओं को संग्रह देखा जा सकता है। उमा महेश्वर, कार्तिकेय, विष्णु और नंदी की आकर्षक तस्वीरों को भी यहां देखा जा सकता है।

गांधी सागर बांध[संपादित करें]

चंबल नदी पर बना यह बांध जिला मुख्यालय से 168 किमी. की दूरी पर स्थित है। 7 मार्च 1954 को प्रधानमंत्री पंडित जवाहर लाल नेहरू ने इस बांध की नींव डाली थी। इस बांध और यहां के पावर स्टेशन को बनवाने की कुल लागत 18 करोड़ 40 लाख थी। यह बांध 65 मीटर लंबा और 56 मीटर चौड़ा है। यहां के पावर स्टेशन में 23 मेगावाट के 5 टरबाइन हैं और इनकी कुल क्षमता 115 मेगावाट है।

पारासली[संपादित करें]

मंदसौर जिले का यह गांव मंदसौर से 90 किमी. दूर है। जैन तीर्थ केन्द्र के रूप में विख्यात इस गांव में राज्य के कुछ लोकप्रिय मंदिर देखे जा सकते हैं। श्री पारासली तीर्थ और श्री नागेश्वर तीर्थ यहां के प्रसिद्ध दर्शनीय स्थल हैं। गांधी सागर बांध और गांधी सागर अभ्यारण्य यहां से पहुंचा जा सकता है।

आवागमन[संपादित करें]

वायु मार्ग

इंदौर का देवी देवी अहिल्या बाई होल्कर एयरपोर्ट मंदसौर का नजदीकी एयरपोर्ट है। यह एयरपोर्ट देश के अनेक बड़े शहरों से जुड़ा है। इंदौर मंदसौर से 210 किमी. दूर है। उदयपुर एयरपोर्ट से भी यहां पहुंचा जा सकता है।

रेल मार्ग

मंदसौर रेलवे स्टेशन अजमेर-खंडवा और दिल्ली-मुंबई रेललाइन से जुड़ा है। इस रूट पर चलने वाली सभी ट्रेनें मंदसौर से होकर जाती हैं।

सड़क मार्ग

मंदसौर देश के अनेक हिस्सों से राष्ट्रीय राजमार्ग 31 से जुड़ा है। दिल्ली, मध्य प्रदेश, राजस्थान और उत्तर प्रदेश के अनेक शहरों से यहां के लिए नियमित बसें चलती हैं।

यह भी देखें[संपादित करें]

संदर्भ[संपादित करें]

बाहरी सूत्र[संपादित करें]