ताज बीबी बिलक़िस मकानी
| ताज बीबी बिलक़िस मकानी बेगम साहिबा تاج بیبی بلقیس مکانی بیگم صاحبہ |
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|---|---|
| मुग़ल मलिका | |
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| पूरा नाम | राजकुमारी श्री मानवती बाईजी लाल साहिबा |
| समाधी | सोहागपुरा |
| जीवन संगी | जहाँगीर |
| राजवंश | मुग़ल |
| पिता | राजा श्री उदय सिंह जी |
| संतान | शाहजहाँ |
| धर्म | हिन्दू |
ताज बीबी बिलक़िस मकानी बेगम सहिबा (उर्दू:تاج بیبی بلقیس مکانی بیگم صاحبہ) (अन्य नाम: जोधाबाई, राजकुमारी मानवती बाईजी लाल सहिबा, राजकुमारी मनमती, मनभावती बाई) राजपूत कुल की एक महिला हैं, जो मुगल सम्राट जहाँगीर की पत्नी के तौर पर जानी जाती हैं।[1]
जीवनी [संपादित करें]
बिलक़िस मकानी बेगम का जन्म १३ मई, १५७३ को हुआ। वह जोधपुर के राजा श्री उदय सिंह जी साहिब बहादुर (उदय सिंह) और उनकी पत्नी श्री राजवती कचावाही रानी मंरंग देवीजी साहिबा (रानी मंरंग देवी) की पुत्री थीं।[2] २१ जनवरी, १५८६ को फतेहपुर सीकरी में मुगल सम्राट जहांगीर से उनका विवाह करवाया गया। यह विवाह जहांगीर की माँ और राजकुमारी मनभावती (आमेर के राजा भगवान दास की बेटी, जहांगीर की पहली पत्नी) की चाची मरियम-उज़-ज़मनी के द्वारा आयोजित किया गया। ताज बीबी बिलक़िस मकानी जहांगीर की तीसरी पत्नी थी। मकानी बेगम शहज़ादा ख़ुर्रम की मां थीं जो मुगल सम्राट शाहजहां के रूप में मयूर सिंहासन पर आसीन हुआ। १८ अप्रैल, १६१९ को ताज बीबी बिलक़िस मकानी का आगरा में निधन हो गया। उन्हें सोहागपुरा में दफ़नाया गया।[3]
