अनसूया

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अनसूया अत्रि-ऋषि की पत्नी थी। उनकी पति-भक्ति अर्थात सतित्व का तेज इतना अधिक था के उसके कारण आकाशमार्ग से जाते देवो को उसके प्रताप का अनुभव होता था। इसी कारण उन्हें 'सती अनसूया' भी कहा जाता हे। एक बार ब्रह्म विष्णु ऑर महेश ने उनके सतित्व की परख करने की सोची, जो की अपने आप में एक रोचक कथा हॅ।


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